जंतर-मंतर पर CJP के प्रदर्शन के दौरान दलित युवती निशु के पिता पर कथित हमले का मामला सामने आया था, जिसमें उन्हें गंभीर चोटें आई थीं।
अब स्वतंत्र भारद्वाज नाम के एक व्यक्ति का पॉडकास्ट में इस घटना का जिक्र करते हुए कथित बयान सामने आया है। वीडियो में वह दावा करता नजर आ रहा है कि निशु के पिता के साथ मारपीट की गई और इसके बावजूद उसे गिरफ्तार नहीं किया गया।
इस मामले को लेकर पीड़िता निशु ने वीडियो जारी कर कांग्रेस नेता राहुल गांधी और आजाद समाज पार्टी के प्रमुख चंद्रशेखर आजाद से मदद और न्याय की गुहार लगाई है। निशु ने मामले में निष्पक्ष जांच और आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
सिराथू से विधायक पल्लवी पटेल अतीक़ अहमद के सबसे छोटे बेटे अबान अहमद की मौत के बाद उनके बेटे उमर और प��िवार के अन्य लोगों से मिलीं।
खास बात ये है कि पल्लवी ने मरहूम अतीक़ अहमद के लिए गोदी मीडिया और up सरकार वाली भाषा नही इस्तेमाल की।
उन्होंने माफ़िया या गुंडा नही बल्कि "मरहूम पूर्व सांसद" लफ्ज़ का इस्तेमाल किया। 👊
यूपी के लखनऊ में शिक्षकों की कमी को लेकर छात्रों ने सड़क जाम कर दिया!
यूपी सरकार के मंत्री असीम अरुण उसी जाम में कंस गए!
फिर क्या,
मंत्री जी गाड़ी से उतर गए और छात्रों को स्कूल के अंदर ले जाकर उनकी समस्याएं सुनीं और समाधान का भरोसा दिया!
CJP वाले तो दारू पार्टी में मस्त हैं, राहुल गांधी और उनकी पार्टी के लोग पीड़ित बच्चों से मिल रहे हैं।
साहिल पर पुलिस ने पैलेट गन चलाई थी जिससे उसका पूरा शरीर ज़ख्म से भर गया था। राहुल उसी साहिल का ग़म बांट रहे हैं
इंदौर की छात्रा अक्षिता तिवारी सच तो कह रही है। वह अमित शाह का इस्तीफा मांग रही।
दरअसल सरकार को यह नहीं सोचना चाहिए कि युवाओं की मांग यही खत्म हो जाएगी। अब यह सिलसिला शुरू हुआ है न जाने कहां खत्म होगा।
छात्रा का कहना है कि बच्चों पर लाठीचार्ज तो गृहमंत्री के इशारे पर हुआ है, तो अमित शाह का इस्तीफा क���यों नहीं हुआ ?
मोदी जी @narendramodi यह आपके लिए है, आपके लिए भी शाह साहब @AmitShah। एक बार सारे अहंकार भूलकर इसको बंद कमरे में कम से कम दो बार सुनियेगा संभव हो तो उसके बाद अपने सभी मंत्रियों, सांसदों, विधायकों और अनुयायियों को भी सुनाईयेगा।
इस देश की आत्मा बहुत मर्माहत है मालिकान। आप दोनों को अंदाजा नहीं है युवाओं की पीड़ा का, होना चाहिए। जब आप इन युवाओं को देख सुनकर निर्णय करेंगे नीतियां बनाएंगे तो कुछ गलत होने की संभावना ही नहीं है।
छोड़ दीजिए नफरत की राजनीति, नागरिक किसी भी जाति धर्म वर्ग का हो उसका सम्मान सुनिश्चित करिए। सुनियेगा जरूर।
बहु��� प्यारा वीडियो है : जरूर देखें और शेयर करे।
एक मुस्लिम शख्स खाड़ी देश में रोजी रोटी के लिए अपना परिवार वतन और मिट्टी छोड़ कर जा रहा है।परिवार वतन और मिट्टी छोड़ने पर कितना दुख होता है उसे समझने के लिए यह वीडियो जरूर देखें। #जयहिन्द
आसिफा की आखिरी मुस्कान उनकी दुखद मौत से दो दिन पहले ��ैमरे में कैद हुई थी
आसिफा के पिता ने कहा, "हमने आसिफ़ा को हर जगह ढूंढा, लेकिन हम उसे मंदिर के अंदर नहीं ढूंढ पाए।" क्योंकि हम मंदिर को सबसे सुरक्षित जगह मानते हैं।
बहुसंख्यक समुदाय के छह लोगों ने उसके साथ बलात्कार किया।