तुम्हें याद है ? में किस तरह तुम्हारी राहें देखा करती थी ,
जब तक ना तुम्हें देखती ना में मुस्कुराती थी ..,तुम्हारे सामने आने पर सबकुछ भुलाके में तुम में ही खो जाती थी । तुम्हारी एक झलक से ही में दुनिया भर की ख़ुशियाँ पा लेती थी । तुम दूर क्या गए में अब में नहीं रही ।