किसी उर्दू नामधारी के साथ
ट्रेक्टर का पुर्जा, सुतली पटाखा,
A4 शीट मिल जाए तो इन लोगों के
द्वारा उसे आतंकी कहा जाता है।
वहीं कोई 'गोरा' हाथ में बंदूक लेकर
मस्जिद में घुसकर नमाज़ियों पर अंधाधुंध
गोलियाँ चलाता है, 49 लोगों को मौत
के घाट उतार देता है तो उसे 'हमलावर'
कहते/लिखते हैं 😐
"मुसलमान आतंकी होते है"
यह लाइन सुनकर जितना दुख हमे
होता है उतना ही "ईसाई आतंकी" सुनकर
उन ईसाई लोगों का भी दिल दुखेगा
जो मस्जिद मे आतंकी घटना के बाद
विक्टम के साथ खड़े हुए हैं।
इसलिए आतंकवाद को धर्म से जोङना
छोङ दीजिए, क्योकि कोई भी धर्म
किसी भी प्रकार से आतंक का समर्थन
नही करता।
49 नमाजियों की न्यूजीलैंड के मस्जिद में हुई निर्मम हत्या के बाद हमारे देश भारत में बहुत से
नाजायज बाप की औलादों ने जश्न मनाया था
अब मातम मना लो दोगलो
न्यूजीलैंड के 350 ईसाईयो ने उसी मस्जिद मे क़बूला इस्लाम !
#इस्लाम_जिंदा_होता_है_हर__कर्बला_के_बाद
बेशक
#इस्लाम__जिंदाबाद 👌
विपक्ष ही तो निकम्मा है।
वरना प्याज के महंगा होने से भी
सरकारें गिर गई थी।
और आज अर्थव्यवस्था ध्वस्त है,
किसान बेहाल, जवान सुरक्षित नहीं,
दलित मुसलमान सुरक्षित नहीं,
बैंक के पैसे सुरक्षित नहीं,
महिलाएं सुरक्षित नहीं,
और विपक्ष बस औपचारिकता निभा
रहा है, और इन्हें सत्ता चाहिए 😐
मैं देश नहीं बिकने दूँगा- मोदी जी
युद्धोन्माद में पाँच हवाई अड्डे एक झटके में अड़ानी साहब को बेच दिए। लाल क़िला बेच दिया। रेलवे स्टेशन बेच दिए। और क्या रह गया?
जो रह गया है वो भी बेच देंगे। आख़िर ख़ून में व्यापार जो है।
दौर-ए-इलेक्शन मे कहां कोई इंसान नजर आता है,
कोई हिन्दू कोई दलित तो कोई मुसलमान नजर आता है।
बीत जाता है जब इलाकों में इलेक्शन का दौर,
तब हर शख्स रोटी के लिये परेशान नजर आता है।