मेहनत “सीढ़ियों“ की तरह होती हैं और भाग्य “लिफ्ट“ की तरह, किसी समय लिफ्ट तो बंद भी हो सकती हैं, पर सीढ़ियाँ हमेशा ऊंचाई की तरफ ले जाती है। [ सुप्रभात ] [ आपका अपना गौरव ]
🚩🚩जय श्री राम 🚩🚩
इतिहास में पढाया गया कि अंग्रेजो के आने से पहले भारतीय सुई बनाना भी नही जानते थे , और इस बात को मजबूत करने के लिए भारतीय स्थापत्य कला का इतिहास कभी पढ़ाया ही नही गया ।
क्या अंग्रेज आधुनिक मशीनें लेकर भी ऐसे स्तम्भ बना सकते हैं?