@ScienceJourney2 राम की भक्ति और आस्था की वकालत सबसे पहले 14वीं सदी में वैष्णव संप्रदाय की "रामानंदी शाखा" ने शुरू की, और 16वीं सदी में तुलसीदास ने उसे जन-आंदोलन बना दिया।*
इसके बाद 17वीं सदी में "रामानंदी वैरागी", "निम्बार्क" और बाद में "स्वामीनारायण" संप्रदाय ने भी राम भक्ति को आगे बढ़ाया।
“इथेनॉल का माइलेज 30 फ़ीसदी कम होता है”
तेल कंपनी BPCL के बड़े अधिकारी अनुराग सरावगी का ये बयान ANI हैंडल से डिलीट करा दिया गया है!
किस लॉबी ने डिलीट कराया @nitin_gadkari जी?
(Video posted by @AjitSinghRathi)
पंजाब के बाद अब महाराष्ट्र में भी SC ST ACT में मुकदमा दर्ज हुआ है इन मनुवादियों पर जिन्होंने CJI गवई और बाबासाहेब अंबेडकर को अपमानित किया है ।
अब यह लोग जिंदगी भर जय भीम और जय संविधान बोलेंगे, SC ST OBC और बाबासाहेब को अपमान करने से पहले लाखों बार सोचेंगे ।
जय भीम के नारे के साथ बाबूजी "माननीय बासुकी पासवान" की आखिरी यात्रा। बाबा साहब की मानस संतान , जिन्होने लगभग पूरी जिंदगी समाज के लिये कुर्बान कर दी। विनम्र श्रद्धांजली।
एक तो इतनी बढ़िया सलाह दी Cji बी आर गवई साहब जी ने , न मानने के बजाय यहां
र* डी रोना रो रहे हैं
जब सब कर्ता धर्ता, पत्ता हिलाने वाला वही हैं तो फिर उसी से जाकर प्रार्थना करो ना कि पत्ता बहुत हिला लिया अब ये मूर्ति बना दो।
#We_Stand_With_BR_Gavai
एक अकेला अंबेडकरव���दी पूरे मनुवाद को हिला देता है।
मनुवादी लोग CJI BR gavai साहब के खिलाफ ट्रेंड करवा रहे हैं हमारे लोग शांत है जबकि पहले हमारे लोग मनुवादियों के ट्रेंड का मुंहतोड़ जवाब देते थे।
सभी बहुजन साथी लिख सकते है क्या?
#ProudOfOurCJI
#We_Stand_With_BR_Gavai
युवाओं आज रोटी नही खाया है क्या. मटन मछली या चिकन नही खाया है.
इतना सन्नाटा क्यों है. जब बात समाज की आती है तब सोशल मीडिया पर बहुजन युवाओं की दहाड़ सुनाई देनी चाहिए.
दाल भा�� और चटनी खाकर कुछ लोग सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस बीआर गवाई को अपमानित कर रहे हैं. क्यों कि वो दलित समाज से आते हैं.
आलोचना करनी है तो शब्दों का चयन ठीक से करें. लेकिन असंवैधानिक शब्दों का इस्तेमाल कर उनके खिलाफ अभद्र टिप्पणी की जा रही है.
चीफ जस्टिस बीआर गवाई के सम्मान में इस हैशटैग को टॉप ट्रेंड कीजिए #We_Stand_With_BR_Gavai
विनम्र अपील 🙏
आज हम अगर CJI BR gavai के साथ खड़े नहीं हुए तो कोई भी मनुवादी ताकतों के खिलाफ नहीं बोल पाएगा उन्हें डराया जा रहा है। ।
उनका ट्रेंड 2nd पर है हमारा top 30 में भी नहीं है दुखद है थोड़ा सा और जोर लगाओगे तो टॉप 30 में आ जाएगा।
#We_Stand_With_BR_Gavai लिखो 🙏
नेपालके लोग समझ गये लेकिन भारतके मानसिक गुलाम नही समझे.देशमे ब्राह्मण वर्च��्व है
सुप्रीम कोर्ट,विद्यापीठो मे,UPSC के इ��टरव्हिएव चयन प्रक्रिया मे,बँको मे,बॉलीवुड,राजनीती मे इ.हर क्षेत्र मे ब्राह्मणोका वर्चस्व है
शिक्षा आपमे जागृती लाती है.इसलिए स्कूल बंद कर धर्म कॊ बढाया जा रहा है
दलित लोग तो मालामाल हो चुके। सब फ्लाईट में चलता है। कोई भेदभाव भी नहीं होता। दलितों की सारी समस्याओं का अंत हो चुका है इसलिये अब बहन जी को ब्राहमणों की चिंता सता रही है।
इस देश में कुल 5 लाख 74 हजा��� मंदिर है जिसमे 12 लाख 800 मीट्रिक टन सोना जमा है. सरकार उसे जब्त कर व्यापार घाटे से उत्पन्न भुगतान असंतुलन की स्थिति सुधार सकती है और इसी के साथ-साथ बाकी पूंजी से ढांचागत विकास, स्कूल, अस्पताल का निर्माण भी करवा सकती है.और अगर तब भी पूंजी बच जाय तो उसे गरीबों में बाँट देना चाह��ए.
हमारी कोशिश यही होना चाहिए की देश भर में फैले अकर्मण्य, बलात्कारी साधू-संतों, मठाधीशों, शंकराचार्यों को कानपुर में बंद पड़े चमड़ा उद्योग, जूट मील, सहारनपुर के चीनी मिल, रेल, रोड बनाने और खेत-खलिहानों में जल्द से जल्द मेहनत मजदूरी के काम में इन सबको लगाया जाय.