आज #बाबा_केदारनाथ जी का दर्शन किया,#2013 में आये विनाशकारी प्रलय के बाद जिस तरह से वहां व्यवस्थाएं सुदृढ़ और सुचारू रूप से चल रही हैं आश्चर्य हुआ,दर्शनार्थी,मंदिर के मुख्य पुजारी तिवारी जी मा० प्रधानमंत्री @narendramodi द्वारा कराए गए विकाश कार्यों से खुश है।
सही बात कहें आप माननीय!
पहले डकैती करते थें!
पश्चात "सिनेमा का टिकट" बेचें सब!
अब मंदिर का पैसा चुरा ले रहें हैं!
सब एक ही गिरोह के सदस्य हैं!
@narendramodi जी जांच कराइये!
पहले के डाकू जय भवानी का नारा लगाकर गाँव का गाँव लूट लेते थे! अबके डाकू जय श्री राम का नारा लगाकर प्रभु श्री राम का मंदिर लूट रहें हैं!
तबके डाकू जेल जाते थे उम्र कैद और फांसी की सजा पाते थे अबके डाकू इस्तीफा देकर छुट्टी पा रहें है !
जय श्री राम !
comparison ही गलत है।घर देकर सरकार का नियंत्रण खत्म हो जाता है,उसके बाद वह घर उस परिवार का हो जाता है | लेकिन राम मंदिर के निर्माण के बाद भी उसकी व्यवस्था और प्रबंधन से जुड़े संस्थागत निर्णय सरकार द्वारा बनाए गए ट्रस्ट और व्यवस्था के तहत होते हैं|
घर में किसी ने चोरी कर दी और सरकारी व्यवस्था में बार-बार भ्रष्टाचार- एक जैसी बातें नहीं हैं।
modi ji के नेतृत्व की definition मतलब सिर्फ़ उपलब्धियों पर फोटो लगाना ।
यही फर्क है सफलता का श्रेय और विफलता की जिम्मेदारी में , जो आपने तुलना में नजरअंदाज कर दिया।
आपने नितिन जी के बारे में जानकारी दी, इसके लिए शुक्रिया।
प्रधानमंत्री जी, पूरा देश जानना चाहता है की श्री राम मंदिर में हुई चोरी, ज़मीन घोटाले और निर्माण में कमीशन खोरी करने वालों को क्यो बचाया जा रहा है। उन्हें सख़्त सज़ा कब मिलेगी?
दो दशक पहले तो आपकी ही "मनमोहिनी" सरकार थी!
जिसे रिमोट द्वारा राजमाता संचालित करती थीं!
जांच करा लेतें!
आप सबके सारे आरोप निराधार हैं!
भूल गये @narendramodi को कितना टॉर्चर किए थे तुम लोग!
इतना अधिक "सच" भी मत बोलिये कि जनता और 20 वर्ष पवेलियन में बैठा दे!
आपके धर्म पर हमला!!
बालकबुद्धि या उनकी "सो कॉल्ड कोर" टीम का कोई सदस्य "देवी जी आप" समेत अभी तक दर्शन करने पहुंचे क्या!
उतना ही फेंकिए जितना पब्लिक लपेट सके
फेंकते हैं आप लोग स्वयं और @narendramodi को फेंकू बुलाते हो!
हिपोक्रेसी की भी एक सीमा होती है!
@kharge
राम मंदिर ट्रस्ट ने चंपत राय और अनिल मिश्रा का इस्तीफ़ा मंज़ूर कर लिया है
लेकिन सारी घोषणा ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविन्द गिरी कर रहे हैं जो ख़ुद सवालों के घेरे में हैं
यही नहीं RSS के उत्तर प्रदेश प्रभारी कृष्णमोहन को राम मंदिर ट्रस्ट का महासचिव नियुक्त कर दिया गया है
जिन RSS वालों के रहते चोरी हुई उन्हें तो निकाल बाहर करना चाहिए था - उल्टे यहाँ तो और वर्चस्व बढ़ाया जा रहा है
असल में तो इस पूरे ट्रस्ट की विश्वसनीयता ख़त्म हो चुकी है - इसे भंग कर देना चाहिए
इस ट्रस्ट को बनाने वाले, इसको RTI से बाहर करने वाले, इसकी जवाबदेही खत्म करने वाले - और राम मंदिर में शिलान्यास से लेकर प्राण प्रतिष्ठा करने वाले नरेंद्र मोदी की चुप्पी - कतई बर्दाश्त नहीं की जा सकती
ट्रस्ट को भंग करके उसमें मर्यादित, धर्म परायण और सम्मानित लोगों को रखा जाये
RSS के चढ़ावा चोरों की टोली का प्रभु राम के मंदिर में कोई काम नहीं है
देश की सबसे अधिक चिंता आप सभी को है माननीय संजय जी!
राष्ट्रहित में और वांगचुक और दीपक जी के अनशन को मजबूती दीजिए @AamAadmiParty का काकरोच पार्टी में विलय कर दीजिए!
आंदोलन को बल मिलेगा!
जंतर मंतर पर देश का युवा पेपर लीक के ख़िलाफ़ जंग लड़ रहा है. इस संघर्ष को पूरी हिम्मत से लड़ने वाली जाबांज़ लड़की दानिश की तबीयत बिगड़ी, शुगर 46 के नीचे चला गया, उसे अस्पताल में भर्ती करना पड़ा. ऐसा लगता है कि सरकार की संवेदना मर चुकी है. सभी को @Wangchuk66, @abhijeet_dipke और दानिश का हौसला बनना होगा, घरों से निकलना एक मात्र रास्ता है. लड़ना ज़रूरी है, आप सभी अपने घरों से निकलिए, इंक़लाब की आवाज़ बुलंद करिए.
धर्म का सम्मान और किसी राजनीतिक दल का समर्थन - दोनों अलग बातें हैं।
BJP को यह अधिकार नहीं कि वह स्वयं को धर्म का एकमात्र प्रतिनिधि घोषित कर दे।
श्रीराम, श्रीकृष्ण, श्री हनुमान किसी एक राजनीतिक दल की संपत्ति नहीं हैं।
- करोड़ों भारतीयों की आस्था हैं। भगवान पर किसी पार्टी का कॉपीराइट नहीं हो सकता।
आस्था किसी पार्टी की सदस्यता नहीं होती - भगवान सबके हैं |
@Abhinav_Pan अभिनव भैया इन भजनों का इस प्रकार से गलत प्रयोग ना करिए साहब!
चोरवा सब पहले ही आहत किए हैं अब आप घी ना डालिए!
राजनेताओं को ही ये करने दीजिए उन्हें उसी पर रोटी सेंकना है!
चुनाव निकट आ रहा है!
कार्ड तो खेलोगे ही तुम!
तुम ही उसे माफिया बनाए!
अब चर्चा कर अपने लोगों की मति और मत दोनों पाने का प्रयास करोगे ही!
@myogiadityanath
@AmitShah इस लिये अभी तक नहीं गयें हैं ताकि जो रामद्रोही,राम मंदिर के द्रोही अंतिम समय में मंदिर जाएंगे अमित शाह उनके पीछे कोड़ा ले कर जाएंगे!
इसी डर से तो नानी का कहा टाल कर आप पहले ही उपस्थिति दर्ज करा लियें @ArvindKejriwal जी!
राम मंदिर की समर्पण राशि में चोरी की जांच और चोरों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने की मांग करना सबका अधिकार है। जिन्होंने राम मंदिर के लिए कोई लड़ाई नहीं लड़ी, जिन्होंने राम मंदिर का विरोध किया उन्हें भी। लेकिन इस मुद्दे की आड़ लेकर अरविंद केजरीवाल अगर अमित शाह की हिंदू आस्था पर सवाल उठाएं तो ये बहुत हास्यास्पद है। खुद अरविंद केजरीवाल राजनैतिक दिखावे के लिए मंदिर गए हैं। आज वो अमित शाह को हिंदुत्व सिखा रहे हैं। अमित शाह देश के गृह मंत्री हैं, राम मंदिर मुक्ति अभियान की लड़ाई में वो भी शामिल थे और आज वो भारत में हिंदुओं की सुरक्षित रखने के लिए इस्लामी आतंकियों के नेटवर्क को ध्वस्त करने में लगे हैं, नक्सलियों को समाप्त कर चुके हैं और अब मुस्लिम घुसपैठियों से भारत को आजाद करने की मुहीम में लगे हैं।
आपको और अधिक "तपस्या" करने की आवश्यकता है माननीय खेड़ा साहब!
क्योंकि अगली बार UPA की सरकार बनने पर आपके PM बनने की अपार संभावना है!
"बालकबुद्धि" का क्या भरोसा!
@kharge@NitinNabin@RSSorg
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ भेड़ की खाल ओढ़े हुए भेड़िया है।
दत्तात्रेय होसबाले का यह बयान राम मंदिर के करोड़ों के चढ़ावे और दान की लूट का सच सामने लाने के लिए नहीं है। बल्कि यह सच्चाई पर पर्दा डालकर संघ की छवि को बचाने का कुत्सित प्रयास है।
इस वीडियो का वास्तविक मकसद उत्तर प्रदेश सरकार की उस एसआईटी को वैध ठहराने की कोशिश है, जिसका गठन एफआईआर दर्ज होने से पहले ही कर दिया गया था। एसआईटी ने इस संवेदनशील मामले की जांच रिपोर्ट सार्वजनिक किए बगैर इस गोपनीयता से काम किया है कि लगता है कि बहुत कुछ छिपाया गया हो, और मालूम होता है कि इसमें बड़े मगरमच्छों को बचाकर कुछ छोटी मछलियों की बलि कर दिया जाना तय है।
राम मंदिर के चंदे की इस लूट ने करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था और विश्वास को गहरी चोट पहुंचाई है। आज संघ के इस दिखावे ने उस जले पर नमक छिड़कने का काम भी कर दिया है।
सच यह है कि यदि संघ वास्तव में श्रद्धालुओं के दान और मंदिर के कोष की रक्षा के प्रति ईमानदार होता, तो जिस मंदिर की व्यवस्था और संचालन स्वयं उसके लोग ही देखते हैं, वहां इतना बड़ी लूट कभी नहीं होती।
यही संघ का असली चेहरा है - मुंह में राम, बगल में छुरी। राम का नाम उसके लिए महज़ दिखावा है, उसका असली काम इसी तरह की लूट खसोट ही है।
किचन में कुछ आसान सावधानियां बरतकर बिजली से होने वाली दुर्घटनाओं को रोका जा सकता है। बिजली के उपकरणों का सुरक्षित इस्तेमाल करें और अपने किचन को सभी के लिए सुरक्षित बनाएं।
@PuVVNLHQ@UPPCLLKO@EMofficeUP@ChairmanUppcl@MdPuvvnl
मानसून के दौरान बिजली व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए हमारे बिजलीकर्मी हर परिस्थिति में फील्ड में कार्यरत रहते हैं। ऐसे में उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना उतना ही आवश्यक है, जितना उपभोक्ताओं तक सुचारु बिजली पहुंचाना। सुरक्षित बिजलीकर्मी ही सुरक्षित, भरोसेमंद और निर्बाध बिजली सेवा की सबसे मजबूत नींव हैं।
@PuVVNLHQ@UPPCLLKO@EMofficeUP@ChairmanUppcl@MdPuvvnl