ऋग्वेदीय पूर्वाम्नाय श्रीगोवर्द्धनमठ पुरीपीठाधीश्वर श्रीमज्जगद्गुरु शङ्कराचार्य स्वामी श्रीनिश्चलानन्द सरस्वती जी महाराज का वृन्दावन प्रवास
दिनांक: 11 अक्टूबर से 27 अक्टूबर 2026 पर्यन्त
स्थानः श्री ह���िहर आश्रम, बुर्जा रोड, चैतन्य विहार, फेज़-2 (नया रंगजी मंदिर के पास), वृन्दावन
Modi RSS के शडयंत्र और कपटी खेल को समझने हेतू प्रतिदिन गौमाता स्पर्श कृपा दर्शन आवश्यक है
तब आपको को समझ आयेगा ये सारे खुनी खेल plan क��से करते हैं
सरकारी अनाज अनुदान लेकर ये बात नहीं समझ आएगी
शंकराचार्य श्रीनिश्चिलांनंद सरस्वतीजी साक्षात भगवान शिव के स्वरूप और सनातन धर्म के मार्गदर्शक हैं।
वैदिक ज्ञान, शास्त्र और गौ रक्षा के ध्वजवाहक भी हैं।
पूज्य ��हाराज... उनकी वाणी में शास्त्र ही होगा। और जीवन में शास्त्र होगा। उनकी महिमा का गान करने की सामर्थ्य हमारी क्या, वो तो साक्षात भगवान शंकर ही हैं।
वर्तमान समय में एक ऐसी दिव्य विभूति, जो स्वयं चलते-फिरते शंकर भगवान हैं, वह शंकराचार्य... परम पूज्य शंकराचार्य भगवान अपने बागेश्वर धाम पर विराजमान हैं।
नासा... जब उलझता है किसी मुद्दे पर, तो पुरी शंकराचार्य जी से सलाह लेता है।
पूरी दुनिया में इन��े बड़ा... वैदिक गणित का विशेषज्ञ नहीं है दुनिया में। बहुत बड़े ज्ञानी हैं।
हमारे सनातन धर्म के प्रधानमंत्री, हमारे परम पूज्य श्री शंकराचार्य, पुरी वाले शंकराचार्य जी महाराज...
जिन्होंने गौ माता की गौ हत्या बंद करने के लिए, शंकराचार्य पद पर रहते हुए भी अपने सिंहासन और छत्र को त्याग दिया है।
वैदिक ध्वजका अनावरण करते हुए श्रीमज्जगद्गुरु शङ्कराचार्यजीने कहा,"यह धर्मकी ध्वजा है।सबके कल्याणके लिए यह ध्वजा है।वैदिक विधासे ध्वजपर सूर्य अङ्कित होना चाहिए, उसमे बीचमे हमने स्वास्तिकको डालवा दिया है।
स्वस्तिक चिन्हित सूर्य अङ्कित केसरिया ध्वज लहराएंगे,हम हिन्दुराष्ट्र बनाएंगे।
अनन्त श्रीविभूषित श्रीगोवर्द्धनमठ पुरीपीठाधीश्वर - श्रीमज्जगद्गुरू शङ्कराचार्य स्वामी निश्चलानन्द सरस्वती जी महाराज का
84वाँ प्राकट्य महोत्सव 12 जुलाई 2026 (रविवार) सुबह 11:00 बजे से
स्थल -दिल्ली यूनिवर्सिटी स्टेडियम, नार्थ कैंपस, नज़दीक दिल्ली विश्वविद्यालय मेट्रो (दिल्ली)