"हर बार एक नया बहाना, हर बार एक नया मोड़,
ट्रांसफर पोर्टल खोलिए सरकार, अब तो ये हठधर्मिता छोड़!" 🔥⚡
शिक्षकों के सब्र का इम्तिहान लेना बंद करें। पोर्टल का लिंक तुरंत एक्टिव करें! 💻🚀
#ShikshakEkta#BiharTeacherTransferPortal@Samrat4BJP @EducationDeptBihar
श्री गंगानगर राजस्थान
एक 13 साल की बच्ची ट्यूशन से अपने घर जा रही थी
एक रिक्शा वाले से उसने कहा कि आप मुझे घर छोड़ दीजिए रिक्शावाला उसे बहलाकर गेस्ट हाउस पर ले गया
और वहां उसे न सिर्फ 10000 में बेच दिया बल्कि खुद उसका बलात्कार भी किया
उसके बाद उसे बच्ची का गेस्ट हाउस संचालक ने बलात्कार किया फिर गेस्ट हाउस वाले ने तीन दिन 12 लोगो से उसे बच्ची का बलात्कार करवाया
फिर उस गेस्ट हाउस संचालक ने उस बच्ची को दूसरे गेस्ट हाउस वाले को 50 हजार में बेच दिया और वहां 20 से ज्यादा लोगों ने उसे बच्चे का बलात्कार किया
इस तरह उसे बच्ची के साथ जो मात्र 13 साल की मासूम बच्ची थी 32 दरिंदों ने बलात्कार किया
यह सभी दरिंदे बाल बच्चेदार हैं उनकी पत्नी है उनकी ही बेटियां है
अब अगर उनकी बेटी के साथ अगर इस तरह का सामूहिक दुष्कर्म हो तो इन्हें कैसा लगेगा ??
पूरे के पूरे बत्तीस लोग तेरह साल के बच्ची के साथ रेप करते हैं उसे आप क्या कहेंगे उसके लिए तो शब्द ही कम पड़ जाएंगे।
इनके लिए महा दरिंदा शब्द भी छोटा है
जिसका जैसे मन हुआ उस मासूम को नोचते रहे।
बच्ची जब दर्द से चीखती तो उसे शराब पिला देते जिससे बच्ची की आवाज कमरे से बाहर नहीं जाए।
सोचिए जरा वो लड़की 5 दिनों में कितनी बार हाथ जोड़ी होगी
मुझे छोड़ दो कि गुहार लगाई होगी।
पर सुनने वाला कोई नहीं था सब वहां भूखे जानवर थे
जो एक एक कर के उसे नोच रहे थे।
राजस्थान की यह खबर रूह कंपा देने वाली है! एक 13 साल की बच्ची का अपहरण करके 5 दिनों तक 32 दरिंदों ने उसकी आबरू को तार-तार कर दिया।! उसको जख्मी कर दिया ...आखिर कब तक? किस मिट्टी के बने हैं ये लोग? क्या इनकी हवस की कोई हद नहीं, क्या इनका कोई ज़मीर नहीं? किया ये इसी हवस के लिए जन्मे गए हैं!
उधर उस बच्ची के घर वाले अपनी बच्ची को लगातार ढूंढ रहे थे पुलिस ढूंढ रही थी एक दिन किसी तरह मौका पाकर वह बच्ची सड़क पर आ गई और फिर एक पुलिसकर्मी को उसने जब पूरी बात बताई तब जाकर यह दरिंदगी की दास्तान दुनिया के सामने आई
बच्ची हो या बूढ़ी...आज कोई महफूज़ नही कोई भी नहीं.. इन सुअरों को बताओ.यह मर्दानगी नहीं, मर्द जात पर कलंक है.... अरे मर्द तो हिम्मत वाले होते हैं .... हिफाज़त करने वाले होते हैं... मुहब्बत करने वाले ... ख्याल रखने वाले ...ऐसे लोग तो इंसान की शक्ल में भेड़िये हैं ..! जब तक ऐसे भेड़ियों को बीच चौराहे पर रूह कंपा देने वाली सज़ा नहीं मिलती, बेटियां यूं ही शिकार होती रहेंगी!डूब मरने का मुकाम है हमारे निज़ाम और हमारी खामोशी के लिए! शर्म आती है ऐसे समाज पर ....
"ओ री चिरइया, नन्हीं सी चिड़िया,.."
बस ऐसे गाने बजाने या सुनने से कुछ नहीं होता...अपने ज़मीर को ज़िंदा करो!
TRE 4 से पहले STET/CTET 2024 हो
#TRE4 से पहले ctet 2025
#TRE4 से पहले BTET 2025 हो
#TRE4 मे session 23 to 25 वाले को शामिल करो
#TRE4 से पहले फिर STET 2025 हो
#TRE4 मे CTET 2026 शामिल हो
#TRE4 मे 2024 to 2026 वाले को शामिल करो
#TRE4 से पहले STET26 लो
पूरा दुनिया TRE 4 पर टिका है
ट्रांसफर पोस्टिंग में गड़बड़ी हुई है और इसमें शिक्षा मंत्री के PA की मिलीभगत है। उन पर सीधा आरोप है कि वो पैसे लेकर ट्रांसफर करवाते हैं। जांच कीजिए मंत्री जी...आप कौन PA पैसे लेकर ट्रांसफर करवाता है??
बिहार का IAS चार्टर प्लेन कांड: कुमार प्रबोध ने खोली अफसरों की फाइल, लग्जरी चार्टर प्लेन में IAS की सैर का बड़ा खुलासा-जानिए सिस्टम को हिला देने वाली पूरी कहानी।
बिहार में अधिकारियों की अलग ही मौज चल रही है।
आरक्षण वाले डॉक्टर की सच्चाई
राम विलास पासवान जब एम्स में भर्ती थे उन्होंने कहा था मेरे पास आरक्षण वाले डॉक्टर की ड्यूटी मत लगाना
सरकार ही आरक्षण देकर बोलती हे ब्राह्मण बदनाम है
-40 की औकात देखो 😂😂
"मां के हेल्थ इंश्योरेंस के लिए 50 हजार भरता हूं.
जरूरत आई तो Star Health ने पैसे देने से मना कर दिया!"
"बोल रहे- हमसे पूछकर ली थी पॉलिसी?"
क्या देश में Health insurance के नाम पर भी घोटाला चल रहा है?
ये लखनऊ का वीडियो है. मां के इलाज के लिए एक आदमी, Star Health के दफ्तर में बैठा है.
पहले प्रीमियर भरो, फिर बीमारी हो तो धरना दो. ये कौन सा सिस्टम है?
और स्टाफ का attitude देखिए, क्या ये लोग सिर्फ पॉलिसी बेचने के लिए रखे गए हैं या फिर ग्राहकों की मदद करना भी इनके काम में शामिल है?
बिहार के शिक्षक इन दिनों एक अभूतपूर्व स्थिति का सामना कर रहे हैं। विगत डेढ़ वर्ष में वे 4–5 बार स्थानांतरण हेतु आवेदन दे चुके हैं, किंतु आज तक प्रक्रिया पूर्ण नहीं हो सकी है। इस लगातार विलंब ने शिक्षकों को मानसिक तनाव और प्रशासनिक अस्थिरता की स्थिति में ला खड़ा किया है।
स्थिति की गंभीरता इस तथ्य से स्पष्ट होती है कि 6 जिलों के विकल्प देने के बावजूद 7410 शिक्षकों को एक भी जिले में स्थान आवंटित नहीं हो पाया है। इतना ही नहीं, उनके स्थानांतरण को लेकर अब भी अनिश्चितता बनी हुई है।
#BiharTeachersTransfer
@BRVAS_Official@brvas_wc@Anish97098@psthakur96
#BiharTeacherTransferJustice
बिना कोई सूचना के अचानक ट्रांसफर बंद कर देना कहा का न्याय है, 16 से अधिक शिक्षक आज अंतर जिला ट्रांसफर की उम्मीद में जी रहे है,उनके उम्मीदों को रौंध देना क्या उचित है,जब आवेदन लिया गया है तो उसको पूरा करना चाहिए ऐसे ही बीच मझधार में नहीं छोड़ना चाहिए
अन्याय हो गया उनके साथ डेढ़ साल से आवेदन देकर इस इंतजार में है कि विभाग उनकर भी कर देगी लंबे इंतजार के बाद शिक्षा मंत्री जी का बयान आय की हम सबको संतुष्ट नहीं कर सकते है। हम भी मानते है सबका नहीं हो पाता लेकिन क्या सही ढंग से सबको एक मौका भी ना मिले कहा का न्याय है?