#भोजशाला मंदिर मामले को लेकर माननीय सुप्रीम कोर्ट में अब अगली सुनवाई आगामी 29 अक्टूबर 2026 को .....
आज हुई संक्षिप्त सुनवाई में अगली तारीख नियत की गई और सभी पक्षों को अपना अपना रिप्लाई और rejoinder फाइल करने का समय दिया गया।
कुलदीप तिवारी
वादी - भोजशाला मंदिर प्रकरण
अध्यक्ष - जन उद्घोष सेवा संस्थान
@SureshChavhanke@chitraaum@SushantBSinha@AmanChopra_@VidyaNathJha
#Bhojshala #dhar #vagdevi
ब्राह्मण को कभी #जाति से नहीं बांधा गया, वह जाति नहीं बल्कि #संस्कार है ...
जो पीढ़ी दर पीढ़ी आगे बढ़ता ही जा रहा है।
जाति होती तो कब का #खत्म हो चुकी होती,
यहाँ शक, हूण और मंगोल जैसी #बर्बर जातियों का आज कहीं कोई नामलेवा नहीं बचा है।
ऐसे में #अहिंसा को #परमधर्म मानने वाले ब्राहमणों का यह समय भी बीत जायेगा। हालांकि #कष्टदायक है और रहेगा।
लेकिन हमारा #कवच हमारे संस्कार ही हैं हम हमेशा वही उद्घोष करेंगे कि... सर्वे भवंतु सुखिन: सर्वे संतु निरामया ...।
खबर 👇
भोजशाला में स्थापित की जाने वाली माता वाग्देवी की मूल प्रतिमा लंदन के ब्रिटिश म्यूजियम से भारत लाने की प्रक्रिया तेज हो चुकी है।
भोजशाला प्रकरण को न्यायालय तक पहुंचाने के सूत्रधार और मामले के मुख्य याचिकाकर्ता, जन उद्घोष सेवा संस्थान के संस्थापक श्री कुलदीप तिवारी जी ने बताया कि केंद्र सरकार के संस्कृति सचिव विवेक अग्रवाल जी द्वारा यह संकेत दिया गया है कि मूर्ति का आवश्यक लीगल वेरिफिकेशन करा लिया गया है जिसमें इस बात की पुनः पुष्टि की जा चुकी है कि ब्रिटिश म्यूजियम में रखी मूर्ति माता वाग्देवी की ही है और सुरक्षित रखी है।
जिसे भारत लाने की प्रक्रिया तेज हो चुकी है।
माता #वाग्देवी की प्रतिमा जल्दी ही आएगी भारत,
केंद्र सरकार ने दिए सकारात्मक संकेत, लंदन में रखी माता की मूर्ति का कराया लीगल वेरिफिकेशन ......
कुलदीप तिवारी
वादी - भोजशाला मंदिर प्रकरण
#bhojshala#dhar#vagdevi
24 घंटे में पेश करने के नियम से अवैध हिरासत वैध नहीं हो जाती, 24घंटे क्यों रखना पड़ा स्पष्टीकरण देना होगा,
8 सप्ताह में ब्याज सहित 5 लाख मुआवजा देने का आदेश ...#हाईकोर्ट
#भोजशाला मामले में आज सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई में हुए निर्णय के अनुसार, #धार खसरा नम्बर 596 का स्थान कल शुक्रवार को नमाज पढ़ने के लिए अस्थायी रूप से दिया जा सकता है।
#वाग्देवी