दिल्ली 2020 📍
ये वीडियो किसी फ़िल्म का सीन नहीं है बल्कि 2020 दिल्ली दंगे का वीडियो है।
वीडियो में साफ़ देखा जा सकता है की दिल्ली दंगे का मास्टरमाइंड कौन कौन था।
साफ़ लफ़्ज़ों में कहें तो रागनी तिवारी और कपिल मिश्रा द्वारा दिल्ली दंगा भड़काया गया।
रागिनी तिवारी द्वारा खुलेआम हिंसा करने की अपील की जा रही थी।
लेकिन दंगे का आरोपी किसे बनाया गया? उमर खालिद शरजील इमाम और खालिद सैफी को।
जिनका इन दंगों से दूर दूर तक कोई वास्ता नहीं था,वहीं दूसरे तरफ़ वीडियो में दिखने वाले सभी मुख्य चेहरे बाहर आराम से घूम रहे हैं।
See how a Sanghi teacher Dr. Sanjay Verma of Delhi University, who is currently OSD, Delhi school of Journalism has been confronted by the students for misbehaving with girl students.
दिल्ली की Gen-Z महिलाएं उन चीज़ों की मांग के लिए सड़कों पर उतर रही हैं जिनकी मांग कभी नहीं करनी पड़नी चाहिए थी-सुरक्षा, सम्मान और जवाबदेही।
उनका संदेश साफ़ है: महिलाएं बिना किसी डर के सड़कों पर चलने, बिना डरे अपनी बात कहने और सम्मान के साथ जीने की हकदार हैं।
यह सिर्फ़ एक विरोध-प्रदर्शन नहीं है।
पाकिस्तान बॉर्डर से ड्रग्स की तस्करी रोकने में फ़ेल अमित शाह पंजाब को बदनाम करने आए थे।पंजाब से 10 गुना ज़्यादा ड्रग्स सेंसिटिव जिले भाजपा के राज्यों में हैं।
2007 से 2017 की सरकार में यही अमित शाह की अकालियों के साथ वाली सरकार ने ड्रग्स को पंजाब के घर घर तक फैलाया था।
ज्ञानेश कुमार के ख़िलाफ़ लोकतांत्रिक तरीके से प्रदर्शन कर रहे सहारनपुर महानगर अध्यक्ष मनीष त्यागी जी के साथ सत्ता के इशारे पर पुलिस ने जो बर्बरता की है, उनके कपड़े तक फाड़े और जबरन हिरासत में लिया.. यह साफ दिखाता है कि तानाशाह सरकार जनक्रांति से कितनी ख़ौफ़ज़दा है।
भाजपा सरकार चाहे जितने जुल्म ढा ले, कांग्रेस की आवाज़ उतनी ही बुलंद होगी। राहुल गांधी जी के बब्बर शेर न तुम्हारी लाठियों से डरने वाले हैं, न ही इन हथकंडों से झुकने वाले हैं।