प्रियंका गांधी ने कहा कि नए शिक्षा मंत्री ने गर्भवती महिला के बलात्कारियों की रिहाई को सही ठहराया था। भाजपाई चिल्लाने लगे कि एथेंटिकेट करो।
प्रियंका गांधी जैसे ही खबर पढ़कर सुनाने लगीं, ओम बिरला ने कहा कि इसे छोड़ दीजिए। 🤣
जैसे वे बाहर निकलीं, पत्रकारों ने उन्हें प्रल्हाद जोशी के शर्मनाक बयान का वीडियो भी दिखा दिया।
संसद में माननीय सांसद निशिकांत दुबे जी की धूर्तता और स्पीकर साहब की निष्पक्षता का नमूना देखिए -
प्रियंका गांधी ने कहा कि नए शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी ने बिल्किस बानो के रेपिस्टों की रिहाई पर सहमति जताई थी।
इस पर सत्ता पक्ष कहने लगा कि ऑथेंटिकेट किए बिना नहीं बोल सकते...इसे कार्यवाही से निकालिए।
इस पर केसी वेणु गोपाल खड़े हुए और कहा कि इसी सदन में निशिकांत दुबे ने इंदिरा गांधी और नेहरू पर उल्टा-सीधा बोला उसे कार्यवाही से नहीं निकाला गया।
अब निशिकांत दुबे खड़े हुए और कहा कि मैं फिर कहूंगा कि "नेहरू अय्याश थे अय्याश थे और मैं ऑथेंटिकेट करने के लिए तैयार हूं"
देश के पहले प्रधानमंत्री के बारे इतना भद्दा कहा जा रहा था और स्पीकर साहब खामोशी से सुन रहे थे।
प्रियंका गांधी ने फिर कहा कि मैं जो प्रह्लाद जोशी के बारे में कह रही हूं उसका सबूत देने को तैयार हूं ऑथेंटिकेट करने के लिए तैयार हूं....लेकिन स्पीकर ने उन्हें नहीं बोलने दिया।
संसद में पूर्व IPS अधिकारी और वर्तमान सांसद ने कहा-मैंने इस देश को एक नागरिक के रूप में भी देखा है। मनमोहन सिंह जी के कार्यकाल में मैं सुरक्षा सचिव रहा,CRPF में सेवा दी,पुलिस में DGP भी रहा।मेरे अनुभव में पहले की सरकार अधिकारियों से जवाबदेही,सुनिए 👇 @HC_meenaMP जी
@RahulGandhi
जिस परिस्थिति में सिंहासन डोल रहा था और सरकार को ये बात समझ में आई कि अब शिक्षा मंत्री तक नहीं, देश का युवा सरकार से जवाबदेही मांग रहा है। जंतर मंतर पर नारे चले -
'शिक्षा मंत्री तो झांकी है, प्रधानमंत्री बाकी है!'
यह बिल BJP सरकार की हार का और देश के छात्रों व युवाओं की जीत का सबूत है।
आज लोकसभा में...
अपनी साख बचाइए, नीयत ठीक करिए, अकड़ का इलाज कीजिए और अपने वादों पर अमल कीजिए, क्योंकि हमने इस सरकार में बड़ी-बड़ी चोरियां देखी हैं।
• चुनावों में वोट चोरी
• राम मंदिर में चंदा चोरी
• किसानों की जमीन की चोरी
• उद्योगपतियों द्वारा देश की संपत्तियों की चोरी
लेकिन सबसे बड़ी चोरी तब हुई, जब देश के युवाओं का भविष्य और उनके सपने चुराए गए। भविष्य और सपनों की चोरी किसी भी चोरी से बड़ी होती है।
: लोकसभा में कांग्रेस महासचिव एवं सांसद श्रीमती @priyankagandhi जी
सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर बने राम मंदिर का क्रेडिट लेने में नरेंद्र मोदी आगे रहे, प्राण प्रतिष्ठा में भी सारा फोकस खुद पर रखवाया..
लेकिन जब चढ़ावा चोरी का महापाप हुआ तो छोटे कर्मचारियों को आगे कर, खुद पीछे हो गए।
भगवान राम के मंदिर में हुई चोरी से हिंदुओं का मन आक्रोशित है। ये सीधे तौर पर हमारी आस्था पर डकैती है।
: AICC मीडिया और पब्लिसिटी विभाग के चेयरमैन @Pawankhera जी
📍जम्मू-कश्मीर
नरेंद्र मोदी ने बताया कि वो 30 साल पहले न्यूजीलैंड गए थे, तब उनको गिफ्ट में मफलर, एक कैप और एक दस्ताना मिला था. उस वक्त उन्हें कोई जानता नहीं था.
मोदी ने इससे पहले ये भी बताया है कि वो 35 साल तक भीख मांगकर खाए हैं. उससे पहले 17 साल की उम्र तक चाय बेची है.
सोचिए... कांग्रेस की सरकार में भीख मांगकर खाने वाले भी इतने अमीर थे कि न्यूजीलैंड घूम रहे थे.
है ना कमाल की बात
ऑस्ट्रेलिया के ये पत्रकार महोदय बता रहे हैं कि वो मोदी जी के बस इतने ही करीब जा सकते हैं क्योंकि…
मोदी जी ‘Unscripted News Conference’ से बचते हैं और उन्हें ‘ Stage Managed Appearance’ ही पसंद हैं !
‘अँधभक्तों’ को बधाई हो
‘विश्वगुरु’ का डंका पूरे जोर-शोर से बज रहा है 🤣
कृपया अपने बयान की विश्वसनीयता सिद्ध करने के लिए, आप अपने द्वारा खाली कराई गई ‘तथाकथित 64000 एकड़’ ज़मीन के क्षेत्रफल और भू-लेखा विवरण की ज़िलेवार सूची भी ज़ारी करें।
अयोध्या के मंदिर में हुई चोरी के बाद, आपने झूठ-मूठ की SIT बनाकर और उससे मनमानी रिपोर्ट लिखवाकर जो लीपा-पोती की है उससे आपके कथन-वचन से समाज का विश्वास पूरी तरह उठ गया है। आपके द्वारा बताए गये, कुंभ मेले के मृतकों के आँकड़े जिस प्रकार झूठे साबित हुए थे, वो आज भी जनता के मानस में अंकित हैं।
जन-प्रश्न : जब बोले गये और लिखे गये आँकड़े में ही अंतर होगा, तो जनता भरोसा किस पर करे?
"चोर की दाढ़ी में तिनका" वाली कहावत हमीरपुर में सच साबित हो गई!
'चंदा चोरी' का बैनर लगते ही भाजपा सरकार की पूरी मशीनरी सक्रिय हो गई। ज़िला अध्यक्ष को थाने बुलाना और नोटिस देना बताता है कि सवालों से सरकार कितनी परेशान है।
यूपी में भ्रष्टाचार पर सवाल उठाओ, तो पुलिस-प्रशासन तुरंत हरकत में आ जाता है। सच दबाने के लिए सरकारी तंत्र का ऐसा दुरुपयोग बेहद शर्मनाक है।
पिछले सप्ताह हुई UGC-NET परीक्षा को लेकर सामने आए गंभीर आरोप बेहद चौंकाने वाले हैं।
NEET पेपर लीक के कुछ ही हफ्तों बाद अब खबरें आ रही हैं कि -
- UGC-NET परीक्षा से ठीक पहले 100 पन्नों की एक PDF प्रसारित हुई।
- यह PDF उस question paper setting की है, जो सिर्फ़ NTA के पास उपलब्ध होती है।
- PDF के लगभग 90 सवाल Sociology के असली प्रश्नपत्र से मेल खाते हैं।
- वही प्रश्नपत्र ₹2.25 लाख में बिहार, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, दिल्ली और राजस्थान में बेचा जा रहा था।
- इसी नेटवर्क ने CSIR-NET, HTET और ADA जैसी आगामी परीक्षाओं के प्रश्नपत्र उपलब्ध कराने का भी दावा किया।
NEET और NET में बार-बार सामने आए घोटालों के बाद भी मोदी सरकार आंखें मूंदकर सो रही है, क्योंकि लाखों छात्रों की रात-रात जागकर की गई सालों की मेहनत उनके लिए कोई मायने नहीं रखती।
सारा देश जानता है कि प्रधानमंत्री और शिक्षा मंत्री से किसी भी तरह की जवाबदेही या कार्रवाई की उम्मीद बेकार है - न जांच होगी, न छात्रों को न्याय मिलेगा।
बदलाव का एकमात्र औज़ार हमारी सम्मिलित आवाज़ है - देश भर के छात्रों की गूंज, जो भारत में शिक्षा revolution लाकर रहेगी।
सनातन के ठेकेदार बने घूम रहे प्रोपेगंडा पुरुष को इतना ज्ञान तक नहीं है कि भगवान राम द्वापर युग में नहीं त्रेता युग में अवतरित हुए थे।
ग़लती इनकी नहीं है, हो सकता है व्हाट्सएप यूनिवर्सिटी ने द्वापर ही बताया हो। @AnupamPKher
जिस विचारधारा का देश के स्वाधीनता संग्राम से कोई सरोकार नहीं रहा, जिसने आजादी की लड़ाई में हथियार तो क्या एक तिनका तक नहीं उठाया, वो आज सत्ता के अहंकार में आकर इतिहास की किताबों को तोड़ मरोड़ रही है। एनसीईआरटी (NCERT) की कक्षा 8 की किताबों में किए गए हालिया बदलाव इसी संकीर्ण मानसिकता का हिस्सा हैं।
यह सरकार आज हर मोर्चे पर फेल हो चुकी है। अपनी कमियों और नाकामियों को सुधारने के बजाय, ये हमारे महान पूर्वजों और स्वतंत्रता सेनानियों पर छींटाकशी कर एक गलत नैरेटिव गढ़ने की कोशिश कर रही है। देश के युवा इस राजनैतिक प्रोपेगैंडा और गौरवशाली इतिहास के साथ हो रहे इस खिलवाड़ को अच्छी तरह समझ रहे हैं।
"विपक्ष पर FIR हो रही है और विपक्ष की FIR नहीं लिखी जा रही। मंदिर परिसर में जिन लोगों को कम मिला था उन सबके सीडीआर निकाले जाए, 99.9% सब भाजपाई निकलेंगे।"
- माननीय राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अखिलेश यादव जी, लखनऊ
क्या ऑटो कंपनियों से E 20 पेट्रोल पर झूठे बयान दिलवाए गए हैं ?
ऑटो कंपनियों ने क्या सरकार के दबाव में पुरानी गाड़ियों के लिए E 20 पेट्रोल के इस्तेमाल को सही ठहराया है ?
अगर 2023 के पहले की गाड़ियों के लिए E 20 पेट्रोल सही है तो 2023 के बाद की गाड़ियों को E 20 compatible क्यों बनाया गया ?
@ArvindKejriwal ने आज 29 ऑटो कंपनियों को चिट्ठी लिखकर लिखित जवाब मांगा है . केजरीवाल ने कहा सरकार के दबाव में प्रेस कॉन्फ्रेंस करने वाली कंपनियां लिखकर दे दें कि पुरानी गाड़ियों में E 20 पेट्रोल के इस्तेमाल से उन्हें कोई नुकसान नहीं होगा. अगर हुआ तो ऑटो कंपनियां भरपाई करेंगी.
केजरीवाल की राजनीति से आप सहमत हों या असहमत , ये मानना पड़ेगा मुद्दा उन्होंने सही उठाया है.
जवाब अब कंपनियों को देना है .
पूरा वीडियो मेरे यूट्यूब चैनल पर
महाराष्ट्र में नेशनल हाईवे पर फ्रांस की टेक्नोलॉजी इस्तेमाल की गई है.
इस टेक्नोलॉजी में रास्ते के बीच में अचानक सुरंग बन जाती है, ताकि लोग आसानी से नेशनल हाईवे पार कर सकें.
इस टेक्नोलॉजी पर मोदी सरकार ने करोड़ों रुपए खर्च किए हैं, पूरी ईमानदारी से काम किया है.
आप भी देखें 👇
कांग्रेस वालो 70 सालों तक पता नहीं तुमने क्या किया बस iit ,iim ISRO, school, college, univercity बनाते रह गए😉😉
और यहां मात्र 12 साल में बीजेपी ने गली गली गांव गांव में स्विमिंग पूल बना दिए।🤣🤣🤣https://t.co/l88RPtCm2e
“भाड़े के टट्टे”
“जिनको कुत्ता नहीं पूछता”
“छोड़ूँगा नहीं”
यह महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री की सदन में भाषा है
धराशायी होते इंफ्रास्ट्रक्चर पर सवाल पूछने वालों को गरिया रहे हैं
यह लोकतंत्र है देवेंद्र जी, और जिसको आप कोस रहे हैं वह जनता है
सत्ता का यह नशा उतरेगा ज़रूर