कोटेदारों से अधिकारियों द्वारा वितरण प्रमाण पत्र के नाम पर व्यापक धन उगाही हो रही प्रत्येक पूर्ति निरीक्षक गैर कानूनी रूप से अपना असिस्टेंट रखें हैं कृपया सरकार को संज्ञान लेकर कार्यवाही करनी चाहिए @Ashishtus32@myogiadityanath@SatishSharmaBBK@UPGovt@FCSUPDept
कोटेदारों से रजिस्टर के नाम पर 5000 से ₹8000 की अवैध धन उगाही की जा रही है !जब सारी वितरण की सारी व्यवस्थाएं ऑनलाइन कर दी गई हैं तब भी प्रमाण पत्र के नाम पर 50₹ से ₹70 प्रति कुंटल की घूसखोरी हो रही है जिससे सरकार की छवि धूमिल हो रही है !इसे संज्ञान में लें @SatishSharmaBBK
सरकार अगर मुफ्त खाद्यान्न योजना को आगे बढ़ा रही है तो इसके लिए कोटेदारों को भी साथ लेकर चलना होगा उनके लिए भी कुछ आर्थिक लाभ के लिए कदम उठाने होंगे ! सबसे ज्यादा आर्थिक एवं मानसिक रूप से राशन डीलर ही परेशान हैं
@kotedaarsangh@SatishSharmaBBK
@rajatsingh2017 @myogiadityanath@chandramanishu7 देखिए कब तक कमेटी अपनी रिपोर्ट सौंपती है? हो सकता है चुनाव नजदीक आ जाय तब तक ? पता नही क्यों सरकार जानबूझ कर भर्ती में देरी कर रही