7 सितंबर से अपनी जायज़ मांगों के लिए लखनऊ के ईको गार्डन में दिन-रात संघर्ष कर रहे पंचायत सहायकों के संघर्ष को मजबूती देने के लिए निम्न हैशटैग को सपोर्ट करें।
जय भीम! जय भारत! जय मंडल! जय संविधान!
#पंचायत_सहायक_संघर्ष#पंचायत_सहायक_संघर्ष
लखनऊ के ईको गार्डन में पूरे प्रदेश से आए पंचायत सहायक 7 सितंबर से अपनी जायज़ मांगों को लेकर लगातार आंदोलनरत हैं। आज अपने वायदे के अनुसार उनके बीच पहुँचा।
भीम आर्मी-आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) उनके हक़ और संघर्ष में मजबूती से उनके साथ खड़ी है।
जय भीम! जय भारत! जय मंडल! जय संविधान!
#पंचायत_सहायक_का_मानदेय_बढ़ाओ
#पंचायत_सहायक_नियमित_करो
लखनऊ के ईको गार्डन में अपनी जायज मांगों को लेकर अनि��्चितकालीन धरने पर बैठे प्रदेशभर के पंचायत सहायकों की मांग है कि 6 हजार रुपये के मौजूदा मानदेय को बढ़ाकर 30 हजार रुपये किया जाए, संविदा व्यवस्था समाप्त कर स्थायी सेवा नियमावली लागू की जाए।
गांवों में सरकारी योजनाओं और डिजिटल सेवाओं को आम जनता तक पहुंचाने में पंचायत सहायक महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इसके बावजूद उन्हें बेहद कम मानदेय पर काम करने के लिए मजबूर किया जा रहा है।
भीम आर्मी-आज���द समाज पार्टी (कांशीराम) पंचायत सहायकों की जायज मांगों का न केवल समर्थन करती है, बल्कि उन्हें अपने चुनावी संकल्प पत्र में भी स्थान दिया हुआ है।
@UPGovt से हमारी मांग है कि पंचायत सहायकों के साथ तत्काल वार्ता कर उनक�� मांगों का शीघ्र समाधान किया जाए। मेहनत करने वाले कर्मचारियों को सम्मानजनक मानदेय और सेवा सुरक्षा देना सरकार की जिम्मेदारी है।
#ASP_K_Mission2027
उत्तर प्रदेश के पंचायत सहायकों की आवाज नक्कारखाने में तूती जैसी है ! होनहार विद्यार्थी थे अपने गांव के ! पिछले कई साल से 6000 रुपए में खट रहे हैं अपनी पंचायतों में ! कुछ एक ने हार कर दूसरी प्राइवेट नौकरी कर ली ! कुछ अभी भी इस उम्मीद में चले जा रहे हैं कि एक दिन उनका भी मानदेय बढ़ेगा ! एक दिन वो भी स्थाई हो जाएंगे ! एक दिन वो भी इज्जत की जिंदगी जीयेंगे ! इन पंचायत सहायकों को अब तक मायूसी हाथ लगी है !
@psunionup@BrijeshMishraPA
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी को पत्र भेजकर प्रदेश के ग्राम पंचायत सहायकों के मानदेय वृद्धि और सेवा स्थाईकरण की मांग की है।
आशा है सरकार इन युवाओं की समस्याओं पर शीघ्र निर्णय लेगी।
#JusticeForMediaPrabhari
हम सेवा करेंगे, लेकिन अन्याय और गलत आदेशों का हिस्सा नहीं बनेंगे।
मीडिया प्र��ारी पर दर्ज झूठी रिपोर्ट इसका जीता-जागता उदाहरण ��ै।
हम इस रिपोर्ट को तुरंत वापस लेने की मांग करते हैं।
मीडिया प्रभारी को न्याय दो
@IASEverester @dmazamgarh @ChiefSecyUP @MYFZD
हेलो @grok प्राथ��िक शिक्षक भर्ती से बीएड डिग्रीधारियों को बाहर करने के सुप्रीम कोर्ट के फैसले में गलती राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद की है या जिन अभ्यर्थियों ने कोर्स किया उनकी और अगर गलती NCTE की है तो उसकी भरपाई कौन करेगा?