We made the right guy famous 🫡
The Reservation Hatao Andolan founder is requesting everyone not to start any protest, especially ahead of 15 August. Many anti-national elements may try to provoke you into violence, but don't fall for it.
On the other side, the CJP gang was continuously threatening the government with a Sansad March 💔
A lot of you including friends from Media might know me from personal experience or here on X or from Covid times: this is how tax money is being wasted !
Again I don't screw others vehicles !
#EthanolScam
BETA BADHAO YOJNA S
UGAR DADDY
Respected Shri Hardeep Puri ji sir and Shri NITIN GADKARI ji sir:
"I maybe a "porn star" atleast I don't "S- CREW" taxpayers vehicles !!
Pls trend against me:
I am not scared & will say:
"NITIN GADKARI ji both your sons in the Ethanol business is a Conflict of Interest!"
कोई सांसद जब सदन में अच्छा मुद्दा उठाये तो उसकी तारीफ़ तो बनती है
सांसद @SwatiJaiHind ने प्राइवेट अस्पतालों की मनमानी का मुद्दा सदन में जोरदार तरीके से उठाया है
Private Hospital में इलाज करवाने की ज़रूरत पड़ जाए तो एक आम परिवार का घर-गहने गिरवी रखने तक की नौबत आ जाती है
अस्पताल में भर्ती होने से पहले ही 50 हज़ार से लेकर 1 लाख तक Advance रखवाया लिया जाता है
अस्पतालों के कमरों का रेंट 5 स्टार के होटल से महँगे, बेड मिलते ही बिल में thermometer-sanitizer-masks-gloves सब बिल में जुड़ना शुरू हो जाते हैं
जो दवाएँ बाहर डिस्काउंट पर मिलती हैं वो अस्पताल में पूरे रेट पर मिलती है। लैब टेस्ट मान्य होती है तो सिर्फ़ अस्पताल की
#UGC_RollBack
100 गुना तक फीस भरना, बिना जाँच के जेल जाना 90 अंक लाकर 40 अंक वाले से पीछे हो जाना आजादी है तो फिर गुलामी क्या है, कॉलेजो में मात्र 15% से 20% सवर्ण है और सरकार के हिसाब से वो आदतन अपराधी है जो 80% से 85% कमजोर छात्रों को डरा सकते है धमका सकते है, उन्हें प्रोटेक्शन चाहिए वाह मोदी साहेब?????
ना हिंदू खतरे में है, ना मुसलमान खतरे में है , FSSAI जैसी एजेंसियों की लापरवाही और चुप्पी की वजह से पूरा हिंदुस्तान खतरे में है। धर्म के नाम पर शोर मचाया जा रहा है , जबकि जहर थाली में परोसा जा रहा है—मिलावटी दूध, नकली घी , घटिया तेल , माइक्रोप्लास्टिक मिला पानी। यह खतरा किसी एक समुदाय का नहीं , हर घर का है।
असल मुद्दा आस्था नहीं , स्वास्थ्य और जवाबदेही है। जब रेगुलेटर सोता है , लाइसेंस बिकते हैं, टेस्टिंग कागज़ों तक सिमट जाती है और कार्रवाई दिखावटी बन जाती है—तब बीमारी धर्म देखकर नहीं आती। कैंसर , किडनी फेल्योर, हार्मोनल डिसऑर्डर सबको बराबर पकड़ते हैं।
अगर समय रहते सवाल नहीं पूछे गए तो न बहस बचेगी न बहाना। धर्म की आड़ में असली अपराध छुपाया जा रहा है—फूड सेफ्टी का अपराध। जागो, मुद्दा बदलो, जवाबदेही मांगो—क्योंकि आज खतरे में इंसान है , पूरा देश है।