मुख्यमंत्री जी के सूचनार्थ : ‘एक और समाचार’
अब बस यही ख़बर आनी बाक़ी थी। अब क्या पुलिस भी आउटसोर्स कर दी है। फ़र्ज़ी आरोपों, फ़र्ज़ी मुक़दमों, फ़र्ज़ी एनकाउंटर, फ़र्ज़ी सिरप, फ़र्ज़ी प्रचार के बाद अब ये फ़र्ज़ी पुलिस… भाजपा सरकार के अंतिम दौर में क्या-क्या दिन देखने बाक़ी हैं।
#ज़ीरो_हुआ_ज़ीरो_टॉलरेन्स
झांसी
➡साइबर ठगी के बड़े नेटवर्क का खुलासा
➡साइबर अपराध में शामिल 23 आरोपी अरेस्ट
➡कटेरा क्षेत्र के 3 गांवों में पुलिस ने दबिश दी
➡आरोपियों से 120 मोबाइल,35 डेबिट कार्ड मिले
➡29 बैंक पासबुक, 20 आधार कार्ड,13 बैंक कार्ड बरामद
➡284 ग्राम प���ली धातु,1,408 ग्राम सफेद धातु मिली
➡खुद को पुलिस अधिकारी बताकर लोगों को डराते थे
#Jhansi #CyberCrime @jhansipolice @Uppolice @Jhansi_DM
#कानपुर देहात
शादीशुदा महिला से मिलने पहुंचे प्रेमी को परिजनों ने पकड़ा, फिर जमकर हुई पिटाई।
आरोप—युवक को रस्सी से बांधकर लाठी-डंडों से पीटा गया।
महिला के साथ भी मारपीट की, पूरी घटना का वीडियो वायरल।
पड़ोसी ने मोबाइल कैमरे में कैद किया घटनाक्रम।
वीडियो वायरल होते ही पुलिस जांच में जुट��।
सवाल—प्रेम प्रसंग के विवाद में कानून हाथ में लेकर सजा देने का अधिकार किसने दिया?
मामला डेरापुर थाना क्षेत्र के खिरवा गांव का।
#KanpurDehat #UPPolice #ViralVideo @Uppolice
बाबा भोलेनाथ भी RSS/BJP की कारस्तानी से शर्माय जाय।
इसमें भक्ति कहां है?
वासना कूट-कूट कर भरी है।
धार्मिक यात्रा तो सात्विक भोजन स्थिर मन और प्रभु में ध्यान लगाकर होती थी।
आज RSS वासना परोस रहा है।
सनातन धर्म संस्कृति सब खतरे में है।
असल साधु संत और शंकराचार्य जी लोग खामोश हैं।
- थाना चिनहट पुलिस टीम द्वारा घर में हुई चोरी की घटना किया गया सफल अनावरण, 02 बाल अपचारी पुलिस संरक्षण में।
- चोरी की भारी मात्रा में पीली एवं सफेद धातु के आभूषण, व ₹1,500/- नकद बरामद।
#Lkopolice_On_Duty@Uppolice@dgpup
मैं कांवड़ियों को नशेड़ी गँजेड़ी "आतंकी" बोलता हूँ।
~~~~~~मौलाना साजिद रसीदी~~~~
जब इसने डिम्पल जी को नं$$ बोला था, अगर तभी ���सका इलाज हो जाता, तो यह बकवास नहीं करता, मगर भैया को वोट लेना है?
प्रिय @Uppolice कोई कांवडिया गुस्से में आकर ठीक करे! इससे पहले इसे गिरफ्तार करें।
मुजफ्फरनगर से कावड़ियों के लिए पहला भंडारा खतौली पुलिस द्वारा चालू कर दिया हैं।
मुजफ्फरनगर में घटनाएं कम हो रही है इसलिए पुलिस कावड़ियों की सेवा में लगी हुई है।
यह हमारे उत्तर प्रदेश राज्�� महिला आयोग के अध्यक्ष श्रीमती बबीता सिंह चौहान है।
अब रील बनाना कोई बुरी बात नहीं है यदि अध्यक्ष महोदया ने बारिश का मौसम देखकर रील बनाई तो क्या हुआ। ?
जनसुनवाईयां तो रोज होती रहती है लेकिन ऐसा मौसम बार-बार नहीं आएगा।
@AbhiNews5 थाना आशियाना क्षेत्रान्तर्गत कार के अंदर एक व्यक्ति के मृत अवस्था मे होने की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची।��व को कब्जे मे लेकर पंचायतनामा एवं पोस्टमार्टम की कार्यवाही हेतु मोर्चरी हाउस मे रखवाया गया है।मृतक के परिजनों को सूचना दे दी गई है।अन्य आवश्यक वैधानिक कार्यवाही प्रचलित है।
प्रयागराज : इलाहाबाद हाईकोर्ट का बड़ा अल्टीमेटम
➡पुलिस-प्रशासन को हाईकोर्ट की सख्त चेतावनी
➡सिविल विवादों में जज नहीं बन सकते अफसर
➡जमीन-प्रॉपर्टी विवाद में पुलिस दखल नहीं दे सकती
➡पुलिस का काम सिर्फ शांति व्यवस्था बनाए रखना
➡��ब्जा दिलाना पुलिस का अधिकार नहीं: हाईकोर्ट
➡मालिकाना हक का फैसला अदालत ही करेगी
➡कोर्ट आदेश बिना बेदखली नहीं कर सकते अधिकारी
➡DM, SDM,पुलिस को अधिकार सीमा में रहने की नसीहत
➡अधिकार क्षेत्र से बाहर दखल पर सख्त कार्रवाई होगी
➡नियम तोड़ने वाले अफसरों पर विभागीय कार्रवाई होगी
➡DGP सर्कुलर और सरकारी आदेशों का पालन जरूरी: HC
➡हाईकोर्ट ने पुलिस-प्रशासन को दी कड़ी फटकार
#PrayagrajNews #HighCourt #UttarPradesh
धंसे कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे में झोल ही झोल, निर्माण कंपनी को फिर मिल गए ₹3500 करोड़ के नए ठेके!
कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे में लगातार सामने आ रही खराबी के चलते PNC इंफ्राटेक लिमिटेड चर्चा में है. इन सबके बीच 'नॉन-परफॉर्मर' घोषित किए जाने की कार्रवाई और सीबीआई के रिश्वतखोरी मामले का सामना कर रही इस इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनी को NHAI से लगभग ₹3,483 करोड़ के दो बड़े हाईवे प्रोजेक्ट मिल गए हैं. इससे ��नएचएआई की निर्णय प्रक्रिया पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं.
पूरी ख़बर- https://t.co/bO6icfQvCL
#KanpurLucknowExpressway #PNCInfratech #NHAI #HighwayProject | @Simerchawla20
बनाने चले Brand, बज गया Band!
अब 7000 करोड़ एक साल में भी खर्च कर दें तो भी कुछ बदलनेवाला नहीं।
डबल इंजन के आपसी कम्पटीशन में गुरु गुड़ रह गया, चेला शक्कर हो गया… ये बात अलग है कि ज़्यादा मीठे के चक्कर में सब कड़वा हो गया।
अच्छे व्यवहार, अच्छे करम ���र जन हित के काम से बड़ा कोई और प्रचार नहीं होता है।
इनके अत्याचार, अन्याय, महिलाओं-अधिकारियों-पत्रकारों-प्रोफ़ेसरों से दुर्व्यवहार, दुर्वचन, सजातीय पक्षपात, पीडीए पर प्रहार, ‘हाता नहीं भाता’ के फ़ार्मूल के विस्तार, महा-भ्रष्टाचार के द्रव्य के स्वर्ण-ठोसीकरण, मंदिर चोरी के आरोपियों को दोषपूर्ण SIT से बचाने व प्रतिशोध की राजनीति के कारण घर-मकान-दुकान से लेकर यूनिवर्सिटी तक गिराने जैसी नकारात्मक-संकीर्ण राजनीति के कारणवश इनकी इमेज का एनकाउंटर हो गया है और उसके ऊपर से बुलडोज़र भी गुज़र गया है। इनकी छवि तो बनी नहीं, अधिकारियों के घर-महल ज़रूर बन गये।
जनता पूछ रही है लखनऊ से गोरखपुर कोई डाइरेक्ट ट्रेन है क्या क्योंकि अपने बनाए भाजपाई एक्सप्रे��वे से जाने का जोखिम तो वो उठाएंगे नहीं। ‘एक-दो’ आइटम छोड़कर बाक़ी सब वैध सामान ले जाने के लिए मूवर्स एंड पैकर्स भी तैयार बैठे हैं।