The "giant signage" of Darbhanga airport at vantage point on way to the terminal building from Dilli More celebrating the success of the top RCS-UDAN airport in the country!
Courtesy:
@AAI_Official@MoCA_GoI@RamMNK@TourismBiharGov@NHAI_Official
मैथिली सिनेमाक लेल गर्वक क्षण।
Asmita Sharma आ प्रतिक शर्मा केर चर्चित मैथिली फिल्म Lotus Bloom आब यूट्यूब पर रिलीज भ’ गेल अछि।
ई ओहि ऐतिहासिक मैथिली फिल्म अछि, जकर चयन भारतीय अंतर्राष्ट्रीय फिल्म समारोहमे भेल छल — आ एहन उपलब्धि हासिल करनिहार ई पहिल मैथिली फिल्म बनल।
जरूर देखू, शेयर करू आ अपन मातृभाषाक सिनेमाकेँ समर्थन दिअ।
मैथिली सिनेमा आब केवल क्षेत्रीय नहि, वैश्विक मंच दिस आगाँ बढ़ि रहल अछि। 🌸
https://t.co/okMMggLaEN
दिल्ली से भोपाल के बीच चलने वाली अधिकांश ट्रेनों में AC 2 कोच से लगा हुआ जनरल कंपार्टमेंट का डिब्बा होता है, जिसके बीच का लॉक सुविधाजनक रूप से निकाल दिया जाता है.
इसी डोर से प्राइवेट कॉन्ट्रैक्टर्स के वेंडर्स पैंट्री से अपना सामान AC से जनरल कंपार्टमेंट में बेचने जाते हैं और वहां से लौटकर आते हैं. रात भर यह डोर खुला रहता है.
कनेक्टिंग डोर में स्थायी लॉक न लगाने के कारण ट्रेस पासिंग की यह सुविधा संबंधित रेलवे के स्टाफ़ ने अपनी नाक के नीचे दे रखी है, जिसके कारण अनधिकृत पैसेंजर्स और नियमित चोर भी डिब्बे में आ जाते हैं.
हर रोज इस रूट पर मोबाइल चोरी की 5 से 6 घटनाएं लगभग हर ट्रेन में रिपोर्ट होती हैं. उसका कारण रेलवे का यात्रियों को सुरक्षा न दे पाना है.
GRP के एस्कॉर्ट या RPF के लोग केवल 2 होते हैं जो ट्रेन में एक छोर से दूसरे छोर चक्कर लगाते हैं, लेकिन इस बीच में चोर अपने हाथ की सफाई कर जाता है.
क्या ही अच्छा हो कि रेलवे इस तरह के कनेक्टिंग डोर पर लॉक परमानेंटली
लगाकर रखें, जिससे अनधिकृत प्रवेश पर रोक लग सके. उचित कार्यवाही करने की आवश्यकता है.
फीडबैक देंगे, तो समझ में आएगा कि इस मुद्दे पर संबंधित अधिकारियों का ध्यान गया है.
@RailMinIndia@AshwiniVaishnaw@RailwaySeva@IRCTCofficial@RPF_INDIA
@GRPUPPolice @GRPMadhyaPradesh @GRPDelhi
@DRM_Bhopal
@DRMJhansi @DRM_Delhi
@Central_Railway@WesternRly @NorthCentralRly @WestCentralRly
मैं वर्षों से SC/ST Act के दुरुपयोग के खिलाफ बोल रही हूँ, पर सोचा नहीं था कि एक दिन खुद ही इसका निशाना बनूँगी।
मेरे 3 साल पुराने tweets खंगालकर @NCSC_GoI & Delhi Police द्वारा मेरे खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
यह एक सोची-समझी साज़िश है- हमारी आवाज़ दबाने की ।
#SCSTActMisuse
New India में आपका स्वागत है। मराठी बोल मराठी। दूसरा बंदा ये इंडिया है। नहीं बोलूंगा।
मराठी का जवाब: इंडिया गया भोस...De में। लोकल ट्रेन में धक्का लग जाता है। हिंदी में बोला थोड़ा आगे हो जाव। बस शूरू हो गया मराठी बोल।
सामान्य वर्ग के आत्म सम्मान की चिता पर बना लेना हिंदू राष्ट्र
प्रिंसिपल ममता मिश्रा पर लगा एससी एसटी एक्ट
- दिलीप पाण्डेय
हरदोई का एक मामला सुर्खियों में है । सबसे पहले पूरे देश में एक स्कूल प्रिंसिपल का वीडियो वायरल हुआ । वीडियो में प्रिंसिपल ममता मिश्रा एक महिला को जोर से डांट रही हैं... उनको शट अप कह रही हैं और स्कूल से निकल जाने के लिए बोल रही हैं !
सुप्रीम कोर्ट के मुताबिक एससी एसटी एक्ट तब तक नहीं लग सकता है जब तक जाति सूचक गाली ना दी जाए और इसका गवाह ना हो । लेकिन मोदी के द्वारा मजबूत किए गए एससी एसटी एक्ट की सबसे खास बात ये है कि इसमें किसी को जेल भेजने के लिए एफआईआर करना ही काफी होता है । पूरे वीडियो में ममता मिश्रा ने कहीं कोई जाति सूचक गाली नहीं दी है । स्कूल की फीस को लेकर या किसी भी अन्य मामले को लेकर विवाद हो सकता है । लेकिन ये जातीय विवाद का मामला तो बिलकुल भी नहीं था ।
ममता मिश्रा का कहना है कि 3 घंटे से पैरेंट्स उनको परेशान कर रहे थे तब उनके सब्र का बांध टूटा । परिस्थितिजन्य वीडियो में ममता मिश्रा ने कहा भी है कि उनको ये लोग 6 घंटे से परेशान कर रहे हैं । ममता मिश्रा का ये भी कहना है कि उनकी गरीब स्थिति को देखते हुए उनसे फीस भी अन्य के मुकाबले कम ली जा रही थी, इसका प्रमाण दिखाने को भी वो तैयार हैं । पैरेंट्स का कहना है कि एक खास दुकान से किताब खरीदने की बात की जा रही थी । लेकिन आज तक न्यूज ने अपनी रिपोर्ट में इसको फीस जमा ना करने का विवाद बताया है ।
विवाद कुछ भी हो सकता है लेकिन ये जातिसूचक गाली देने का मामला नजर नहीं आता है । लेकिन संभवत: SC-ST एक्ट लगाने के पीछे मंशा यही रही होगी कि अगर झूठ भी बोल देंगे कि गाली दी है तो आरोप झूठा साबित होने तक तो जेल में ही रहना होगा ।
कुल मिलाकर एससी एसटी एक्ट के दुरुपयोग से सामान्य वर्ग के अंदर जो दर्द और गुस्सा पैदा हो रहा है वो आने वाले वर्षों में कई राजनीतिक और सामाजिक परिवर्तन लाएगा । इससे ना सिर्फ हिंदुओं के तमाम वर्गों में तनाव बढ़ रहा है बल्कि जिहाद का परचम भी बुलंद हो रहा है !
-दिलीप पाण्डेय
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भारत के सबसे सर्वोच्च स्थान पर विराजमान होने वाली राष्ट्रपति महोदया भी “वंचित समाज” की है।
150 करोड़ नागरिकों का प्रधानमंत्री भी “अति पिछड़ा” है।
देश के कई राज्यो में मुख्यमंत्री बने लोग लोग भी “वंचित पीड़ित और शोषित” है।
लेकिन रिक्शा चलाकर 200 रुपया रोज़ कमाने वाले तिवारी जी, विश्व के सबसे ताक़तवर व्यक्ति है।
यही भारतीय संविधान है। 🤷🏻♂️😂
मैं ब्राह्मण हूँ , ना तो इस बात के लिए लज्जित हूं, ना गर्वित हूं! मैं आज घोषणा कर रहा हूं कि पूरे प्रदेशों की गणना कराकर बोल दे कि आज के बाद देश में किसी भी फॉर्म में जाति का कॉलम नहीं होगा सबसे पहले मैं समर्थन करूंगा, करो आओ:- कुमार विश्वास
आज के 2 साल पहले कोई ये सोच सकता था कि मंचों से ये तथ्यात्मक बात कही जाएगी? लेकिन आज निर्भीकता से कही जा रही है! इस सबका क्रेडिट आप लोगों को जाता है!
सकारात्मक और सच्चा नैरेटिव एक दिन में नहीं सेट होता, लेकिन एक दिन जरूर होता है।