काफी पहले से कह रहा हु कर्क में गुरु अतिचारी होकर गोचर कर रहे है, बहुत अच्छे की उम्मीद मत करे, 3दिन हुए,अनुभव स्वयं करे,अहंकार,टूट,मधुमेह,आग, अचानक घटना गोचर का असर होगा
चंद्रमा 👌सुबह से रात तक बड़ते क्रम मैं
ज़्यादा से ज़्यादा पानी पिए बैठकर जूठा पानी भी ना छोड़े
घर के पास गंदा पानी ना जमा हो चाँदी का सिक्का माँ से लेकर पीने के पानी मैं रखे
जिनका केतु जन्म कुंडली में कर्क, वृश्चिक अथवा मीन राशि का है उनके लिए गुरु का गोचर धार्मिक स्थलों की यात्रा कराएगा ।ऐसे धार्मिक स्थल जो पहाड़ों पर हैं अथवा नदियों के किनारे बसे हुए हैं।
जिन जातकों का गुरु लग्न में भले कर्क का हो और जीवन श्री हीन हो, ब्रह्माण्ड नायिका माता त्रिपुर सुंदरी का स्तोत्र नित्य पढ़ना शुरू तो कर दे, अनुभव से कह रहा हु,सुमुखी लक्ष्मी की कृपा जीवन भर तय तो तय,
निसंतान की भूमि का भोग संतान की कुंडली पर अकाल मौत या भूमी दोष दिखता है पितृ दोष कहलाता है ।मंगल पूजन और त्रिंबकेश्वर मैं पितृ पूजन से लाभ।
,संतान के गुप्त अंग मैं समस्या भी देता है
धर्म स्थान पर कर्म करे कांड नहीं गुरु के त्रिकोण मैं शनि तख्ता पलट देता है याद करना 2013 उत्तराखण्ड त्रासदी।
यदि अच्छे कर्म करे दया और दुआ करे लोगो को सब अच्छा होगा @highlight
जिन जातकों का गुरु लग्न में भले कर्क का क्यों न हो और जीवन श्री हीन हो,ब्रह्माण्ड नायिका माता त्रिपुर सुंदरी का स्तोत्र नित्य पढ़ना शुरू तो कर देअनुभव से कह रहा हु,सुमुखी लक्ष्मी की कृपा जीवन भर तय
2 जून से देव गुरु बृहस्पति का गोचर कर्क राशि में अतिचार रूप से उन्नति, ऐश्वर्या,निखर जाने का समय साधक,मित्र,अतिमित्र तारा में जिसका भी वृहस्पति है, चमक उठेगा जीवन 11 माह में तय तय तय,