सुना है सरकार आज इथेनॉल पर ‘एक्सपर्ट्स’ के साथ प्रेस कॉन्फ़्रेंस करेगी। BPCL वाले को भी बिठा लेना और नीचे जो मैंने SIAM के सुझाव रखे हैं, वह भी दिखाना।
कार-बाइक निर्माताओं ने अपनी ओर से कह दिया था कि E20 के लिए पुरानी गाड़ियों को रेट्रोफिट करना असंभव होगा- IMPOSSIBLE!
साथ ही उन्होंने यह भी कहा था कि जब तक E20 के लिए गाड़ियाँ पूरी तरह से बन नहीं जातीं, E10 को बेस फ्यूल के रूप में रहना चाहिए। @nitin_gadkari और @HardeepSPuri बताएँ कि किस तर्क से, सड़क पर घूमते 20 करोड़ E10 गाड़ियों से E10 का विकल्प छीना गया और सीधा E20 को बेस फ्यूल बना दिया गया?
यह सरकार आज के प्रेस कॉन्फ़्रेंस में इथेनॉल के लाभ बताएगी, कितना पैसा बचा वह सुनाएगी, पर यह नहीं बताएगी कि E10 और सादा पेट्रोल का विकल्प पम्पों से क्यों हटा दिया गया?
साथी पत्रकार सरकार से यह पूछें कि क्या आपने कोई जागरूकता अभियान चलाया था? क्या पम्प पर कोई बोर्ड लगा कभी कि आप अपना इंजन चेक करें कि सही पेट्रोल ही उसमें जाए? क्या आवश्यकता थी पुरानी गाड़ियों को फेज-आउट करने से पाँच वर्ष पहले आपने E20 यूनिवर्सल बना दिया? 2023 में जब पहली E20 गाड़ियाँ आईं तो किस तर्क से लगभग 20 करोड़ नॉन-कम्प्लाएन्ट गाड़ियों में वह तेल जबरन डलवाया गया?
"आर्थिक राजधानी मुंबई की तस्वीर ऐसी भी"
जब सारे पैसे पार्टियों को तोड़ने, सरकारें गिराने,विधायक और सांसद खरीदने में जा रहे हैं, तो जनता को तो ऐसे हालात में जीना ही पड़ेगा।
सरकार - मिल रहा है,ना 5 किलो राशन खाओ और मरते रहो कीड़ों मकोड़ों की तरह.......
.@Wangchuk66 जी का अनशन 7 वें दिन भी जारी है।
अगर 59 साल के @Wangchuk66 आपके लिए अपना जीवन दाँव पर लगा सकते हैं तो आप घरों में क्यों बैठे हैं?
@abhijeet_dipke ने देश के युवाओं को ताक़त दी है।
युवाओं को उनका साथ देना चाहिए।
AISA की नेहा भी साथियों के साथ 7 दिन से अनशन पर हैं।
दानिश को आज अस्पताल में भर्ती कराया गया।
युवाओं के संघर्ष को सलाम।
एक टाइम था किसी बाबा के पाखंड, किसी ढोंगी के ढोंग, किसी धार्मिक स्थल की अव्यवस्था पे ऊँगली उठा दो तो सीधा सनातन को बदनाम करना बोला जाने लगा था, अब उन्हें चोर लुटेरा, लुच्चा तक खुलेआम बोला जा रहा है अंधभक्तों का बुलबुलारूपी अपना सनातन अब धुल रहा है..
सोचो गाड़ी में इतना कैश है तो घर पर कितना होगा और प्रॉपर्टीज़ कितनी होंगी।
मैं तो कहता हूं कि अब RBI को 1-1 लाख के नए नोट मार्केट में लॉन्च कर देने चाहिए ताकि भ्रष्टाचारियों को कैश कैरी करने में आसानी हो।
ये सरकार भ्रष्टाचार पर अंकुश तो लगा नहीं सकती तो क्या हुआ बड़े नोट लाकर भ्रष्टाचारियों की मदद तो कर ही सकती है।
MP MLA खरीदने में भी आसानी हो जाएगी।
@RVPJES_DVVNL123@UPPCLLKO@MDDVVNL महोदय का एटीट्यूड आसमान छू रहा है शायद इनको ऐसा भ्रम हो रहा है कि बिजली विभाग के असली मालिक यही है जिसके साथ जो चाहे कर सकते हैं।