बेहोशी की हालत में सो रहे #नगर_पंचायत_मुसाफिरखाना के अधिनस्त कार्यरत अधिकारी कर्मचारी व हुक्मरान,
@DmAmethi@cdoamethi@UPGovt नही ले रहे संज्ञान,
कई हफ़्तों बीतने के बाद भी नही उठाया जाता कूड़ा,
बीमारी व गंदगी से मार डालना चाहता है जनता को, आखिर कब लेंगे संज्ञान @myogioffice
@RailwaySeva@drm_lko
आपको पुनः अवगत कराना है, #इसौली_पारा_संपर्कमार्ग पर रेलवे क्रासिंग के पास, बड़े गड्ढे हो गए है, जिसके कारण थोड़ी सी बरसात में हो जाता है जलभराव, जिससे आवागमन में होती है राहगीरों को असुविधा समस्या का संज्ञान लेकर आवश्यक समाधान कराये @uppwdofficial@DmAmethi
बेहोशी की हालत में सो रहे #नगर_पंचायत_मुसाफिरखाना के अधिनस्त कार्यरत अधिकारी कर्मचारी व हुक्मरान,
@DmAmethi@cdoamethi@UPGovt नही ले रहे संज्ञान,
हफ़्तों बीतने के बाद भी नही उठाया जाता कूड़ा,
बीमारी व गंदगी से मार डालना चाहता है जनता को, आखिर कब लेंगे संज्ञान @myogioffice
लखनऊ: यूपी पावर कॉर्पोरेशन को जोर का झटका
➡विद्युत नियामक आयोग ने 10% टैरिफ को अवैध बताया
➡नियामक आयोग ने बढ़े टैरिफ को अवैध करार दिया
➡UPPCL ने इसी महीने से वसूली की योजना बनाई थी
➡UPPCL के 10% टैरिफ पर आयोग का डंडा
➡10% टैरिफ बढ़ोतरी अवैध- आयोग
➡उपभोक्ता परिषद की आयोग में बड़ी जीत
#Lucknow #UPPCL @UPPCLLKO@UPGovt
भीषण गर्मी और बढ़ती बिजली मांग के दृष्टिगत शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। बिजली की बढ़ती मांग को देखते हुए सभी उत्पादन इकाइयां पूर्ण क्षमता से संचालित हों तथा इनके कार्यों की सतत मॉनिटरिंग की जाए।
—मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी
प्रदेश में बिजली वितरण व्यवस्था को और अधिक जवाबदेह तथा उपभोक्ता केंद्रित बनाया जाए।
ट्रांसफॉर्मर खराब होने, फीडर बाधित होने अथवा शिकायत निस्तारण में किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
फील्ड स्तर पर त्वरित रिस्पॉन्स सिस्टम सक्रिय रखा जाए: मुख्यमंत्री श्री @myogiadityanath जी महाराज
*वाराणसी में बिजली विभाग पर मंत्री AK शर्मा का बड़ा एक्शन, जबरन प्रीपेड मीटर लगाया तो अभियंता होंगे सस्पेंड!*
A. K. Sharma ने वाराणसी में बिजली विभाग के अधिकारियों को दो टूक चेतावनी दी है। मंत्री ने साफ कहा कि किसी भी उपभोक्ता का सामान्य बिजली मीटर हटाकर जबरन प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगाया गया तो संबंधित अभियंता पर सीधे निलंबन की कार्रवाई होगी।
सर्किट हाउस में समीक्षा बैठक के दौरान मंत्री ने कहा कि बिजली बिल में गड़बड़ी, नया कनेक्शन देने, लोड बढ़ाने या किसी भी तरह के उत्पीड़न की शिकायत मिली तो जिम्मेदार अधिकारियों पर कड़ा एक्शन लिया जाएगा। मुख्य अभियंता खुद इसकी मॉनिटरिंग करेंगे।
उपभोक्ताओं से मंत्री की अपील
मंत्री ने जनता से कहा कि अगर कोई बिजली कर्मी जबरन मीटर बदलने, रिश्वत मांगने या परेशान करने की कोशिश करे तो उसका वीडियो और फोटो बनाएं, ताकि पहचान कर कार्रवाई की जा सके।
उन्होंने साफ कहा कि जनता का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
बिजली कटौती पर भी सख्ती
बैठक में अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि:
👉🏽 गर्मी और बारिश से पहले सभी उपकेंद्रों का निरीक्षण किया जाए
👉🏽 खराब ट्रांसफार्मर और जर्जर तार तुरंत बदले जाएं
👉🏽 बिना कारण बिजली कटौती होने पर अभियंता जिम्मेदार होंगे
👉🏽 मरम्मत कार्य से पहले उपभोक्ताओं को सूचना देना जरूरी होगा
👉🏽 उपकेंद्रों के फोन हर समय चालू रहें और शिकायतों का सही जवाब दिया जाए
मंत्री ने अधिकारियों को सुबह 10 बजे से 12 बजे तक कार्यालय में बैठकर जनता की शिकायतें सुनने का भी निर्देश दिया।
नगर विकास विभाग को भी अल्टीमेटम
नगर विकास विभाग की समीक्षा में मंत्री ने मानसून से पहले नालों की युद्धस्तर पर सफाई, सड़कों को गड्ढामुक्त करने और निर्माण मलबा हटाने के आदेश दिए।
वाराणसी को स्वच्छता सर्वेक्षण में टॉप-3 शहरों में लाने का लक्ष्य तय किया गया है। वहीं 18 वार्डों में सीवर और पेयजल परियोजनाएं दिसंबर तक पूरी करने के निर्देश भी दिए गए।
शिकायत कहां करें?
बिजली संबंधी शिकायत के लिए उपभोक्ता टोल फ्री नंबर 1912 पर कॉल कर सकते हैं।
जबरन मीटर बदलने, रिश्वत मांगने या उत्पीड़न की स्थिति में वीडियो-फोटो के साथ 1912 या ऊर्जा मंत्री पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने को कहा गया है।
#UPPCL #Varanasi #AKSharma #SmartMeter #PrepaidMeter #ElectricityDepartment #PowerCut #UPNews #BJPGovernment #ElectricityBill #ConsumerRights #BreakingNews #HindiNews #वाराणसी #बिजलीविभाग #स्मार्टमीटर #यूपीसरकार #एकेशर्मा #ब्रेकिंगन्यूज
उत्तर प्रदेश में स्मार्ट प्रीपेड मीटर कुछ ज्यादा ही स्मार्ट लग रहे हैं अभी देखते जाइए क्या-क्या खुलासा होना बाकी है देश के उपभोक्ताओं के साथ पूरी तरह उपभोक्ता परिषद खड़ी है देश में आर्थिक व ऊर्जा संकट को देखते हुए स्मार्ट मीटर परियोजना रद्द की जाए।
स्मार्ट प्रीपेड मीटर उपभोक्ताओं के लिये आवश्यक सूचना।
उ0प्र0पा0का0लि0 द्वारा समस्त प्रीपेड स्मार्ट मीटरों को पोस्टपेड में परिवर्तित करने का निर्णय लिया गया है।
समस्त उपभोक्ताओं को माह मई 2026की खपत का बिल पोस्टपेड माध्यम से निर्गत करते हुए माह जून 2026 में SMS/WhatsApp द्वारा उपलब्ध कराया जाएगा।
यदि किसी उपभोक्ता का मोबाइल नम्बर पंजीकृत नहीं है अथवा गलत पंजीकृत है तो कार्यालय/1912 पर सम्पर्क कर सही करवा सकता है।
SMS/WhatsApp से बिल प्राप्त न होने की स्थिति में अपने डिस्कॉम के WhatsApp Chatbot पर सम्पर्क कर प्राप्त कर सकतें हैं।
डिस्कॉम वाइज WhatsApp Chatbot नंबर-
1- पूर्वांचल : +91 801-096-8292
2- मध्यांचल : +91 766-900-3409
3- पश्चिमांचल : +91 785-980-4803
4- दक्षिणांचल : +91 801-095-7826
5- केस्को : +91 828-783-5233
किसी प्रकार की समस्या होने पर टोल फ्री नम्बर 1912 पर सम्पर्क करें।
UPPCL आपकी सेवा में सदैव तत्पर।
@CMOfficeUP@EMofficeUP@aksharmaBharat@mduppcl
मैंने अपनी स्व गणना कर ली......क्या आपने किया???
आइए इस मुहिम का हिस्सा बनें, खुद करें दूसरों को प्रोत्साहित करें।
नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करें...
https://t.co/6pnzoSUIJi
बिजली के प्री-पेड मीटर की व्यवस्था समाप्त करने का औपचारिक आदेश…
कुछ दिन पूर्व हमने निर्णय लिया था कि सभी स्मार्ट प्री-पेड मीटर अब पोस्ट पेड मीटर की तरह ही काम करेंगे। यह उसी का आदेश है।
सभी विद्युत उपभोक्ताओं को आगे और भी आश्वस्त करता हूँ कि विद्युत बिल के संबंध में आई शिकायतों के समाधान हेतु जगह जगह शीघ्र ही आपके क्षेत्र में कैम्प लगाये जाएँगे।
सबको शुभकामना।
@narendramodi@myogiadityanath@AmitShah@NitinNabin@mppchaudhary@idharampalsingh@UPPCLLKO@EMofficeUP@PVVNLHQ@KESCoHQ
#NayeBharatKaNayaUP
#GoodGovernance
#HumaraUP #VikasExpress
स्मार्ट प्रीपेड मीटर के मुद्दे पर मेरे द्वारा 27 मार्च को सोशल मीडिया के माध्यम से आवाज उठाई गई थी। इसके उपरांत, लोकसभा में मेरे द्वारा पूछे गए प्रश्न पर 2 अप्रैल को केंद्रीय ऊर्जा मंत्री @mlkhattar जी ने अपने उत्तर में स्पष्ट किया कि विद्युत अधिनियम की धारा 47(5) के तहत उपभोक्ता की सहमति के बिना प्रीपेड मोड लागू नहीं किया जा सकता है तथा प्रीपेड स्मार्ट मीटर अनिवार्य नहीं, बल्कि स्वैच्छिक हैं।
इस संबंध में केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण द्वारा जारी अधिसूचना में महत्वपूर्ण संशोधन करते हुए प्रीपेड मीटर की अनिवार्यता समाप्त कर दी गई है। इसके बावजूद, केंद्र के निर्देशों को दरकिनार करते हुए उत्तर प्रदेश में सम्मानित जनता को गुमराह कर, भय का माहौल बनाकर तथा पुलिस की मौजूदगी में जबरन स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाए जा रहे हैं। जब जनता इस अन्यायपूर्ण कृत्य का विरोध करती है, तो उस पर फर्जी मुकदमे दर्ज किए जा रहे हैं।
मेरा सवाल है कि मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी, प्रदेश की सम्मानित जनता इसे किसी डील की मजबूरी क्यों करार दे रही है? इससे सरकार की विश्वसनीयता और इकबाल पर भी गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी, यदि सम्मानित जनता पर लगाए गए ये फर्जी मुकदमे शीघ्र वापस नहीं लिए जाते हैं, तो भीम आर्मी–आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) पूरे प्रदेश में व्यापक जन आंदोलन करने को मजबूर होगी।