Surprises me to see such diamonds lying hidden somewhere amongst millions & billions of pebbles like us. "Main ek zarra bhi na ban saka, aur wo ke saare sehra ko apni hatheli pe rakhhe hai"
The Thief , corrupt and dishonest man who was caught on camera in the Narada scam, openly taking bribes in a sting operation, is now set to become the Chief Minister of Bengal tomorrow. What a tragic irony for democracy.
दुनिया भर में इतनी लोकप्रियता हो गई थी कि चुनाव जीतने के लिए हुमायूँ कबीर जैसे लोकप्रिय नेता को फ़्रंट बनाना पड़ा, कथित रूप से पैसे देने पड़े, उसके उम्मीदवार उतरवाने पड़े, फिर उसको किसी से सपोर्ट दिलवाना पड़ा, तब भी नहीं हुआ तो वोट काट देना पड़ा। अब इससे भी नहीं हो पा रहा होगा तो रिज़ल्ट मैनेज किया जाएगा फिर कहा जाएगा कि तीस राज्यों से एक लाख कार्यकर्ता तीन महीने से रह रहे थे। घर-घर अक्षत लेकर जा रहे थे। महिला कार्यकर्ता घरों में जाकर सिंदूर लगा रही थीं। नेता लोगों के घर नाश्ता कर रहे थे। अंडा खा रहे थे। मछली खा रहे थे। आपने भारत की राजनीति में हाथ में मछली लेकर किसी को वोट माँगते देखा था? भारत की राजनीति को भूत-भभूत का खेल बना दिया है। किसी समस्या को स्वीकार नहीं करना है। सवाल का जवाब नहीं देना है।खुद बोलना है न बोलने देना है। किसी का पोस्ट बैन करना है, किसी का वीडियो डिलीट करवाना है। गोदी ऐंकर इन सबको चुनाव लड़ने की मशीनरी बताएँगे। 27 लाख वोटर के नाम कटने की चुप्पी एक बार फिर साबित करती है कि गोदी मीडिया लोकतंत्र की हत्या में पार्टनर है। लोकतंत्र का हत्यारा है।