.@DelhiPolice को सुप्रीम कोर्ट में पूछा जाना चाहिए कि उनकी दोगली नीतियाँ कौन तय कर रहा है कि एक नल्ले को एयरपोर्ट पर दामाद वाला ट्रीटमेंट और बाकियों के लिए BNS163? @tehseenp को चार-पाँच बार अनुमति देने से मना किया जा चुका है।
इस बार कारण दिया कि @RHAreforms के आंदोलन में विधि-व्यवस्था की समस्याएँ हुईं इसलिए नहीं दे सकते। पुलिस का काम क्या है? यही आपका काम है। दो हजार पुलिस वाले को उतार कर, साधु और महिलाओं को घसीटने के बाद आप ज्ञान दे रहे हैं?
तहसीन को कहा गया कि वो ‘सरकार से अनुमति माँगें’! अरे भाई, तुम ही सरकार हो, मोदी फोन पर परमिशन केवल दीपके को देते हैं, बाकी के लिए थ्रू प्रॉपर चैनल ही है। और अब वह भी बंद हो रहा है।
This doesn’t look good. People will stop asking for permissions and just barge in like chaotic arsonists. That will be a problem of law and order. The government must not let that happen.
And ethanol blending is a fucking license to mix water at petrol pumps, among many other issues like 80% of non-compliant vehicles forced to use it.
Dear BJP,
These were your unconditional foot soldiers, the bedrock of your movement. For decades, they carried the flag of Hindutva and stood firmly behind you at the ballot box, asking for little in return except the protection and dignity of the civilization.
They made conscious compromises with reservations and the harsh realities of the Atrocities Act, suppressing their own grievances for what they believed was a grander purpose: the consolidation and unification of Hindu society. But instead of delivering that unity, you fell into the comfortable rut of identity-driven social engineering and competitive appeasement.
The crowd on the streets may number in the thousands, but the resentment is shared by millions. Do not mistake loyalty for subservience, and do not treat your most reliable supporters like disposable political collateral. Listen to them, address their grievances, and afford them the equal dignity they deserve before their alienation becomes permanent.
लाखन पासी चीफ सूरज पासी ने खुद माता शीतला देवी मंदिर पहुंचकर मलिहाबाद से बीजेपी विधायक जयदेवी कौशल के दावे की धजिया उड़ाई की उन्हें केवल पासी समाज का होने के कारण मंदिर में पूजा नहीं करने दी।
कुछ FAQs के उत्तर:
१. ठीक है भाजपा को हरा कर कॉन्ग्रेस ले आओ, तब देखना…
उत्तर: मुझे यह नहीं पता था कि नई पार्टी बनाने पर प्रतिबंध है और जनता की हथेली पर भाजपा के नाम का ब्लड पैक्ट हो रखा है!
२. अजीत भारती अपनी राजनीति चमका रहा है…
उत्तर: तो क्या यह अधिकार केवल नरेन्द्र मोदी, राहुल गाँधी, केजरीवाल को ही है?
३. अजीत भारती सपा अजेंट है, सोरोस अजेंट है, कॉन्ग्रेस का प्लांटेड है, वामपंथी है…
उत्तर: साबित करो, केवल बकलोली मत करो! और यदि तुम सपा-कॉन्ग्रेस का कुछ नहीं कर पा रहे, तो अजेंट से क्या समस्या है?
४. एक पंचायत का चुनाव नहीं जीत सकते…
उत्तर: फिर तुम्हारी और तुम्हारे अनेक बापों की क्यों फटी हुई है इस आंदोलन को देख कर?
झा जी, मीडिया के पास एक ही कैमरा नहीं होता। मीडिया चाहे तो दो जगह रिपोर्ट कर सकती है। पर राज्याश्रयी मीडिया को मीडिया सेल से फोन भी तो जाता होगा कि क्या दिखाना है, क्या नहीं। @anil_baluni जी को लगता है कि यहाँ क्वान्टम ऑब्जर्वेशन चल रहा है कि यदि वो दिखाने नहीं देंगे तो वह घटित ही नहीं होगी।
यूजीसी पर छः महीने बाद त्यागपत्र और सात महीने बाद ‘रीकन्सीडर’ करना पड़ रहा है न, इस पर जो चुप्पी है, उसका परिणाम भी छः और सात महीने बाद दिख जाएगा।
नथिंग इज फकिंग सेकरेड, नो पर्सन, नो लीडर, नो पार्टी! एंड वी विल मेक यू रीयलाइज दिस।
इतनी पुलिस तो साला कॉकरोच जिस दिन पुलिस वालों की लिंचिंग का प्रयास कर रहे थे, तब भी नहीं उतारी थी! पर अच्छा लगा कि मोदी जी सवर्णों की सुरक्षा का इतना ध्यान रखते हैं।
वाह @BJP4India सरकार! ये नए पैंतरे तिलचट्टों के लिए तो नहीं आज़माए थे! उनको तो दामाद बनाए घूम रहे थे! आज हमारे लिए बैरिकेड्स? याद रखना @DelhiPolice सारे बैरिकेड्स धरे रह जाएँगे, ये दोगलापन त्यागो, लोगों को स्टेज तक पहुँचने दो। मैं भी आ रहा हूँ!
कोई भी वाल्मीकि समाज का व्यक्ति भीम आर्मी से ना जुड़े। इनका काम केवल लड़ाई झगड़े करवाकर राजनीति करना है।
अगर वाल्मीकि समाज को जुड़ना हैं तो वाल्मीकि संगठनों से जुड़ो, अपना संगठन मज़बूत रखो। समय पढ़ने पर अपने संगठन ही काम आयेगें।
भगवान हनुमान का रूप धराकर, हरे कपड़ों में protest में पेश करना, आस्था से खिलवाड़ है;
राजनीति में वोट चाहिए तो आप चाहें जूता खा लें, स्याही पी लें; लेकिन सनातन समाज अपने देवी-देवताओं का अपमान नहीं सहेगा!
ब्राह्मण हैं, पुरोहित का काम करते थे, अब विजयपाल जैसे लोगों ने थोड़ी सी चोटी काट दी, भौंह मूँड़ दिए…
लेकिन जीवित छोड़ दिया ब्राह्मण होने के बाद भी, यह बड़ी बात है।
SC/ST act पे अब किताब छप चुकी है, जो ये बताएगी की किस धारा को लगाने से कितने पैसे मिलेंगे!
क्या इस तरह से ये लोगों को इस act का दुरूपयोग करने के लिए उकसा नहीं रहे??
ये पैसे @BJP4Odisha देगी या @BJP4India? सामान्य करदाता पैसे देता रहेगा ताकि वैसे लोग जो यहाँ के आरक्षण के भी तंत्र में मेरिट लिस्ट में नहीं पाते, उन्हें टॉप 200 विदेशी संस्थानों में छात्रवृत्ति पर भेजा जाए! लॉजिक क्या है विदेश भेजने का? हर राज्य सरकार इसी तरह से सार्वजनिक धन का दुरुपयोग कर रही है।