हिन्दू राष्ट्र की बात करने वाले आरएसएस के जातिवादी गुंडों ने...
एक दलित शिक्षक उप प्रधान "रेखा मल्लिक" पर जातिवादीयों ने "अण्डे" फेंके जय श्री राम के नारे लगाए!
एक अकेली पर महिला पर इस तरह से हमले करना दुखद है!
कैसे जीता भारतीय जानता पार्टी ने दिल्ली का चुनाव…SIR में हुआ खुलासा…अरविंद केजरीवाल जी की विधानसभा में चुनाव से ठीक पहले बनाये गए 40% वोट SIR में पाए गए फ़र्ज़ी…
सुदर्शन वाला सुरेश चाैहान और उसकी पत्रकार को
नदीम पत्रकार ने बोलती बंद करदी _
मुस्लिम पर्सनल लॉ की मीटिंग में सुरेश
चौहानके के पत्रकार ने किया था हंगामा
सुनिए सुनना चाहिए...
मोदी जी का Happy Birthday दिखाने पर भी लगी रोक!
एक तरफ़ आधा बिहार बाढ़ से घिरा हुआ है दूसरी तरफ़ मोदी जी का जन्मदिन मनाने के लिए करोड़ो के दिए जलाए जा रहे हैं ।
पहले शिवसेना, फिर NCP और अब तृणमूल कांग्रेस।
हर बार एक ही पैटर्न - BJP और चुनाव आयोग मिलकर एक पार्टी को तोड़ते हैं। फिर उसका चुनाव चिन्ह छीन लिया जाता है।
जब पूरी की पूरी पार्टी चोरी हो सकती है, तो करोड़ों भारतीयों के वोट चोरी होना भी हैरानी की बात नहीं।
वोट चोरी। सरकार चोरी। अब पार्टी चोरी - ये हमारे लोकतांत्रिक पतन के प्रतीक बन गए हैं।
ECI की संवैधानिक ज़िम्मेदारी जनादेश की रक्षा करना है - मगर उल्टा वो उन ताकतों की मदद कर रहा है, जो जनता के फैसले को ही पलट देते हैं।
यह लड़ाई सिर्फ़ ममता बनर्जी जी की नहीं है। यह हर राजनीतिक दल, हर मतदाता की लड़ाई है जो स्वतंत्र और निष्पक्ष चुनाव चाहता है।
"एक बार इंदिरा गांधी जी से पूछा गया कि उनका झुकाव लेफ्ट की ओर है या राइट की ओर...? उनका जवाब था - मेरा झुकाव न लेफ्ट है, न राइट, मैं रीढ़ सीधी रखती हूं। लेकिन मोदी जी का सिद्धांत अलग है, उन्होंने डोनाल्ड ट्रंप के सामने सीधे लेट जाने का फैसला किया है। उन्होंने अमेरिका को भारी मुनाफा पहुंचाने के लिए UPI पर चार्ज लगाकर हर एक भारतीय पर टैक्स थोप दिया है। मोदी जी, रीढ़ सीधी कीजिए और UPI टैक्स वापस लीजिए।"
~ राहुल गांधी जी, नेता प्रतिपक्ष
अमेरिका की भारत को खुली धमकी!
“भारत के लिए बेहतर होगा कि आप सुधार जायें. अपना तेल और गैस कहीं और से खरीदें”
भारत समेत पाँच देशों पर 100% टैरिफ़ वाला बिल कांग्रेस में पास होने के बाद US सिनेटर ब्लूमेंथल
इस धमकी के बावजूद मोदी जी के मुँह से एक शब्द नहीं फूट रहा - लानत है
Swatantra is back on his “shikaar” … the judiciary in India is today turning out to be our Constitution’s greatest threat. Am calling it out. Satyameva Jayate
मोदी सरकार ने चुपचाप UPI पर फ़ीस लगाने का रास्ता खोल दिया है।
अब ₹2,000 से ऊपर के merchant UPI लेन-देन पर MDR लगाया जा सकता है। इन ट्रांजैक्शंस की संख्या भले ही सिर्फ़ 5% हो, लेकिन UPI के कुल transaction value का करीब 65% इन्हीं में है।
सरकार कहती है कि ग्राहक से कोई फ़ीस नहीं ली जाएगी। लेकिन दुकानदार पर लगने वाली फ़ीस आखिर आएगी कहां से? कीमतों में जुड़कर ग्राहक की जेब से।
अमेरिकी payment कंपनियां लंबे समय से भारत की zero-MDR नीति का विरोध करती रही हैं। अब मोदी सरकार ने ठीक उसी दिशा में नीति बदलने का रास्ता खोल दिया है।
US Trade Deal की तरह ही, Compromised PM मोदी एक बार फिर अमेरिकी दबाव के सामने surrender कर रहे हैं।
The day Sudarshan News channel and the RW targeted IPS Bushra Bano with 'UPSC Jihad' for using “Assalamalaikum “ & “JazakAllah”, The next day she was Transferred.