@aksharmaBharat@UPPCLLKO मेरा कनेक्शन न 7455449088 है। मई, जून, जुलाई में मेरा लोड ओसत 2.31 बता कर 3kva कनेक्शन बढ़ा दिया गया। अब 600 अतिरिक्त भार देना होगा। जबकि मई में 10, जून में 18 दिन परिवार बाहर रहा, उसके बाद इतना लोड? विभाग मनमर्जी चला रहा।
@aksharmaBharat@UPPCLLKO मेरा कनेक्शन न 7455449088 है। मई, जून, जुलाई में मेरा लोड ओसत 2.31 बता कर 3kva कनेक्शन बढ़ा दिया गया। अब 600 अतिरिक्त भार देना होगा। जबकि मई में 10, जून में 18 दिन परिवार बाहर रहा, उसके बाद इतना लोड? विभाग मनमर्जी चला रहा।
चंपत चपत ही नहीं लगाते। चुंबक की तरह चपक भी हैं जाते। चिपक चिपक सब चुन जाते, फिर भी चुनिंदा कहलाते और 'चंपक' की तरह नाम चमकाते।
इन पंक्तियों में 3 अलंकार मुख्य रूप से हैं। नीचे देखें
1. अनुप्रास अलंकार
जहाँ एक ही व्यंजन बार-बार आए।
- "च" की आवृत्ति*: `चंपत, चपत, चुंबक, चपक, चिपक, चिपक, चुन, चुनिंदा, चंपक, चमकाते`
- "प" की आवृत्ति: `चंपत, चपत, चपक, चिपक, चिपक
2. उपमा अलंकार
जब "की तरह" शब्द से तुलना
- चुंबक *की तरह* चपक भी हैं जाते"
- चंपक *की तरह* चमकाते
@aksharmaBharat@UPPCLLKO जबकि यहां कई 1 kva में ac तक चला रहे। विभाग के कर्मियों तक पता है। लेकिन परेशान एक सामान्य आदमी को करना है, जो सुबह से रात तक काम में लगा रहता है। अब गणित के हिसाब से जब 2.50 से नीचे 2 ही माना जाता है और उससे ऊपर होने पर 3, इस हिसाब से भी लोड नहीं बढ़ता। ये सिर्फ मनमानी है।
@aksharmaBharat@UPGovt@InfoDeptUP बिंदकी की बिजली व्यवस्था ध्वस्त है। सुबह से अनगिनत कटौती और रात में आने की कोई सम्भावना नहीं। ये je जी इत्मिनान से बोल रहे हैं। अब फाल्ट सरकार समझे जनता कैसे, किस पर विश्वास करे।
आज भी 1912 में काल कर चुका हूँ। कंप्लेन दर्ज है।स्थानीय अधिकारियों का फोन उठता नहीं या स्वीच ऑफ होता है। ये फेलिवर सिस्टम ने कम से कम हमको परेशान कर रखा है।
@PuVVNLHQ आप विज्ञापन से उठकर जमीन में देखें। बिजली व्यवस्था बिगड़ी है। जबकि कितनी योजनाओं से अरबों खर्च करके बेहतर बिजली की व्यवस्था की गई, लेकिन उसके बाद भी सुधार नहीं तो खामी कहां? बारिश के दौरान पेड़ों की कटान, पहले क्यों नहीं? रात में भी रोज बिजली नहीं है। @aksharmaBharat
@UPGovt@aksharmaBharat@myogiadityanath आप सभी को सूचित करना चाहता हूँ कि अलसुबह 3 बजे तक लाइट नहीं आई है। इन्वर्टर की बिजली भी बोल चुकी है। je, sdo कोई रिस्पांस नहीं। बच्चे तक सो नहीं पाए।यही सुशासन की सरकार? हम लोग तो आदी हैं 2017 से पहले के हैं। खैर अबकी आप की बारी।
@myogiadityanath@aksharmaBharat हर रोज विधुत कटौती होती हैं। आज भी है। हम उसका शुल्क देते हैं। उसके बाद भी कटौती? कोई जानकारी देना वाला है? Je, sdo फोन तक उठाते नहीं है
@UPGovt@UpfcForest बिंदकी में सड़क किनारे सूखा पेड़ है। उसकी शिकायत टोल फ्री, dfo तक की गई लेकिन अभी तक उसे नहीं हटाया गया। कभी भी पेड़ गिरने से दुर्घटना हो सकती है।
@UPPCLLKO@namitshukul@aksharmaBharat महोदय, बिजली से संबंधित समस्याओं के लिए कृपया अपना मोबाइल नंबर, पता और संबंधित सबस्टेशन का नाम (DM) में बताएं ताकि हम आपसे संपर्क कर आपकी समस्या का उचित समाधान कर सकें। #1912PuVVNL030726
@aksharmaBharat@UPPCLLKO बिंदकी जिला फतेहपुर में 10 घँटे से बिजली गुल। अधिकारियों के फोन नॉट रिचेबल हैं। रीवैम्प समेत कई बिजली सुधार की योजना 4 साल से चल रही है। उसके बाद हल्की बारिश और गरज में बढ़े फाल्ट? क्या ये यही सुद्धन विकास है। ph btrry भी गुल की आवाज दे दी।
@aksharmaBharat@UPPCLLKO बिंदकी जिला फतेहपुर में 8 घँटे से बिजली कटी हुई है। ये हल्की बारिश और गरज में ये हाल? जब रीवैम्प से सब काम हो चुके हैं? क्या ये ही समर्द्ध प्रदेश की परिभाषा है?