हिंदुओं देखो इन जाहिल नीले कबूतरों को कितने बड़े
दल्ले है? सनातन का अपमान कर रहे हैं कब तक सहेंगे .?
अगर सच में कट्टर हिंदू हो तो इस नीले कबूतर को सजा होने तक शेयर करते रहो भगवान शंकर को गाली दे रहा है
नाम बबलू परमेश्वर दास, देवघर झारखंड
@DeogharPolice@JharkhandPolice 🚨🚨
जब खुद के घर की महिलाएं बुर्का नहीं पहनतीं, तो दूसरों की बेटियों को मध्ययुगीन बेड़ियों में क्यों जकड़ना चाहते हो? 🤔
रुबिका लियाकत ने आज इनकी 'सेकुलर' हिपोक्रेसी का जो पंचर बनाया है, उसका कोई जवाब नहीं! खुद मॉडर्न रहेंगे, लेकिन वोट बैंक के लिए कौम की तरक्की रोकेंगे।
दोगलापन भी आज शरमा गया होगा! 🤡🔥
अगर सोमनाथ मंदिर को लेकर नेहरू जी का भाव ईमानदारी से सही था कि यह देश धर्मनिरपेक्ष रहना चाहिए, तो फिर मुस्लिम पर्सनल लॉ क्यों लाया गया? वक्फ बोर्ड क्यों बना? ट्रिपल तलाक क्यों आया? मेहरम का नियम क्यों आया? हलाला क्यों आया? हज सब्सिडी क्यों दी गई? इसका मतलब क्या था? चैलेंज देकर पूछता हूं कि दुनिया में एक भी ऐसा सेक्युलर देश बताइए, जहां मुस्लिम के लिए अलग से संविधान द्वारा शरिया लागू हो।
अगर हिंदू मंदिर के विषय को हिंदू पुनरुत्थान मान कर अलग रखना था, तो फिर बाबर की कब्र पर क्यों जाना था 1959 में जवाहरलाल नेहरू जी बाबर की कब्र पर क्यों गए? किसी ने उन्हें बुलाया तो नहीं था। उसके बाद 1968 में इंदिरा गांधी जी गईं। फिर उनके कुल गौरव 2005 में राहुल गांधी जी भी गए। पूर्व विदेश मंत्री नटवर सिंह जी ने अपनी किताब 'One Life Is Not Enough' में लिखा है कि जब 1968 में इंदिरा गांधी जी बाबर की कब्र पर गईं, तब वे उनसे कुछ ही फीट की दूरी पर खड़े थे। इंदिरा जी ने कहा था 'आज ऐसा लगता है जैसे सदियां सिमटकर कुछ लम्हों में आ गई हों। यह एक बहुत बड़ा और महान अवसर है।'
मैं पूछना चाहता हूं कि जो लोग सोमनाथ मंदिर से लेकर राम मंदिर के उद्घाटन में बुलाने पर भी नहीं गए, वे बाबरी मस्जिद के वकील व दुबारा बनाने का संकल्प लेते रहे और बाबर की कब्र पर बिना बुलाए गए? ये कैसी धर्म निरपेक्षता है
🚨The Party that built Ram Mandir Won 33 seats in Uttar Pradesh !
🚨The Party that fired bullets at Ram bhakts Won 37 seats !
🚨Hindus don't have self respect, even in future they will not have it !
🚨In Hindu Dharma, half of the Hindus are Traitors (they cheated Hinduism) !
🚨None in the world are like Hindus, these are least bothered of Nation & Religion !
🚨They are ready to sell themselves if someone gives something to them for FREE
🚨India won't Develop till we have such shameless Hindus!
ये मुल्ला क्यों गया राम मंदिर में ?
क्यों इस जिहादी ने मंदिर परिसर में नमाज़ पढ़ी ?
क्यों अल्लाह हूँ अकबर के नारे लगाए ?
क्युकी यह बाबर की नाजायज़ औलादे है जो कल भी सनातन धर्म एवं हमारे देवी देवताओं से नफ़रत करते थे और ये सदैव ग़ैर मुसलमानों से नफ़रत करेंगे। इनकी आसमानी किताब केवल नफ़रत करना सिखाती है।
सोमनाथ मंदिर पर आक्रमण के 1000 साल होने पर जब चर्चा हो ही रही है तो आपको पहले प्रधानमंत्री नेहरू जी की इन चिट्ठियों के बारे में भी सुनना चाहिए।
दिमाग़ के तार हिल जाएँगे