पटना के हॉस्टल में NEET की तैयारी कर रही छात्रा के साथ रेप और हत्या का मामला झकझोर देने वाला है। यह केस सामने आने के बाद सरकार का रवैया उससे भी ज्यादा खौफनाक है। FIR दर्ज होने से लेकर जांच और कार्रवाई तक - सबकुछ संदिग्ध बना दिया गया है। यह सब किसे बचाने के लिए किया जा रहा है?
हाथरस, उन्नाव से लेकर अंकिता भंडारी और पटना तक- जहां भी महिलाओं के साथ अत्याचार होता है, भाजपा की सरकारें पीड़िता को न्याय दिलाने की जगह आरोपियों के साथ खड़ी हो जाती हैं। इस केस में आवाज उठा रहे सांसद पप्पू यादव जी की गिरफ्तारी इसी असंवेदनशील रवैये की एक और कड़ी है।
भाजपा और उनके सहयोगियों का एजेंडा स्पष्ट है- वे अन्याय और अत्याचार के साथ खड़े हैं।
रात के अंधेरे में पूर्णिया के लोकप्रिय सांसद पप्पू यादव की गिरफ्तारी, बिहार की एनडीए सरकार की डर, दमन और बदले की राजनीति का खुला ऐलान है।
जो सत्ता जनता के सवालों से घबरा जाती है, वही सत्ता आधी रात को जननेताओं को निशाना बनाती है।यह क़ानून का राज नहीं, बल्कि सत्ता का अहंकार है।
बीमारी के बावजूद एक जननेता को इस तरह निशाना बनाना, सत्ता की संवेदनहीनता और क्रूर मानसिकता को उजागर करता है।
बिहार की जनता सब समझ रही है। तानाशाही के खिलाफ यह लड़ाई और तेज़ होगी।
@pappuyadavjapl
पटना में NEET की आकांक्षी छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत और उसके बाद की पूरी कार्रवाई ने एक बार फिर सिस्टम की गहरी सड़ांध को उजागर कर दिया है।
पीड़ित परिवार ने जब निष्पक्ष जाँच और न्याय की माँग की, तो वही पुराना भाजपा-NDA मॉडल सामने आ गया - केस को भटकाओ, परिजनों को प्रताड़ित करो और अपराधियों को सत्ता का संरक्षण दो।
इस बेटी के लिए न्याय की आवाज़ बनकर साथी सांसद पप्पू यादव जी मजबूती से खड़े हुए।
आज उनकी गिरफ़्तारी साफ़ तौर पर राजनीतिक प्रतिशोध है ताकि जवाबदेही माँगने वाली हर आवाज़ को डराया और दबाया जा सके।
सबसे चिंताजनक तथ्य यह है कि यह घटना किसी एक मामले तक सीमित नहीं दिखती।
यह एक भयावह साज़िश और खतरनाक पैटर्न की ओर इशारा करती है, जहाँ और भी बेटियाँ शिकार बन रही हैं और सत्ता इस खौफ़नाक सच्चाई से आँखें मूँद कर बैठी है।
यह राजनीति नहीं, इंसाफ़ का सवाल है। यह बिहार की बेटी की इज़्ज़त और सुरक्षा का सवाल है।
मुजफ्फरपुर पुलिस द्वारा पुष्टि किया गया है कि वैशाली जिला के अंतर्गत गोरौल थाना का रहने वाला है वैशाली पुलिस संज्ञान ले और इस दोषी को सख्त से सख्त सजा दे और जेल भेजने का काम करें ताकि आइंदा से कोई भी इंसान किसी भी इंसान से इस तरह का दुर्व्यवहार ना करें
पुलिस के डंडे मुसलमान खाए,
आंदोलन मुसलमान करेगा, विपक्ष की भूमिका में मुसलमान खड़ा रहता है. UAPA में जेल में बंद मुसलमान नौजवान, मगर मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव और उप मुख्यमंत्री मुकेश साहनी बनेंगे ??
मैं सांसद के रूप में अपने पांच महीने का वेतन
देश के अभूतपूर्व बाढपीड़ित राज्यों के लोगों के
लिए समर्पित कर रहा हूं।दो महीने का वेतन
हिमाचल,दो महीने का पंजाब और एक
महीने का वेतन गुजरात के पीड़ितों के नाम!
पंजाब और हिमाचल में भयंकर बाढ़ से
जानमाल का नुक़सान हुआ है।गुजरात में भी
हालत चिंताजनक है।अगर बाढ़ के हालात में
सुधार नहीं हुआ तो पूरे साल का वेतन दे दूंगा!
ख़ुद उनकी सेवा के लिए भी जाऊंगा!
जब बॉर्डर से ये तीन आतंकवादी घुस रहे थे तो मोदी की खुफिया एजेंसी कैमरा लगाकर खड़ी थी फोटो खींचा उनका आधार कार्ड लिया उसके बाद बोला कि तुम लोग बिहार में चले जाओ दो महीने में चुनाव है
बाक़ी हम अपने राष्ट्रवादी चैनल पर प्रोपेगेंडा फैलाएंगे😑😎😑
@RahulGandhi@pappuyadavjapl
जो व्यक्ति गंभीर गुनाहों के मुज़रिमों को अपनी पार्टी में शामिल करके उनके सारे केस रफ़ा दफ़ा करके उन्हें मंत्री, उपमुख्यमंत्री या मुख्यमंत्री बना देता है, क्या ऐसे मंत्री/प्रधान मंत्री को भी अपना पद छोड़ना चाहिए? ऐसे व्यक्ति को कितने साल की जेल होनी चाहिए?
अगर किसी पर झूठा केस लगाकर उसे जेल में डाला जाए और बाद में वो दोषमुक्त हो जाए, तो उस पर झूठा केस लगाने वाले मंत्री को कितने साल की जेल होनी चाहिए?
अच्छा एक बात समझ नहीं आई। कोई मुख्यमंत्री 30 दिन जेल में रहेगा तो कुर्सी छोड़नी पड़ेगी और कोई चुनाव आयुक्त वोट चोरी करवाता पकड़ा गया तो उसे राज्यपाल या राष्ट्रपति बना दिया जाएगा ?
जो लोग ओवैसी साहब से बोलते थे की एक बाबरी दे देने से क्या हो जाएगा,
दे दो उन लोगों को कम से कम मुल्क में अमन शांति बनी रहेगी!
तो अब उन लोगों ने एक #बाबरी देने का नतीजा देख लिया होगा अब ख़ुद को कोड़े मारते रहो!
#FatehpurMaqbaraAttack