निंदक नियरे राखिए, आंगन कुटी छवाय, बिन पानी, साबुन बिना, निर्मल करे सुभाय !!
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हमारे यहां निंदा कार्य तसल्लीबख्श किया जाता है !
वित्त मंत्री निर्मला जी पेपर लीक के फायदे गिना रही हैं
“पेपर लीक होने से बच्चों को पढ़ने का और ज़्यादा वक़्त मिल गया जिससे वह बेहतर कर सके”
चलिए मैडम, अब लगे हाथ जिन 22 बच्चों ने अपनी जान दे दी उसके फ़ायदे भी गिना दीजिए
हद होती है - How brazenly insensitive are you?
ग़ज़ब बत्तमीजी है भाई!
देश के सम्मानित नागरिकों में शुमार और छात्रों के हित में 26 दिन तक भूख हड़ताल पर रहने वाले सोनम वांगचुक जी जब हॉस्पिटल से निकलने की कोशिश कर रहे थे तब मोदी जी के इशारे पर पुलिस उनको "अरेस्ट" करना चाहती थी।
इस बेशर्मी के बाद तो अब मोदी जी का इस्तीफ़ा होना चाहिए।
जब बीमारी ROOT में है तो FRUIT के इलाज से कोई नहीं माननेवाला।
देश में हर समस्या की एक ही जड़ है, जो गई अड़ है : नाम तो सुना होगा ‘BJP’
NO FAST TRACK; BJP GO BACK!
#No_More_BJP#नहीं_चाहिए_भाजपा
पत्रकार: आपके हाथों में क्या है?
छात्र: ये मोदी की उपलब्धियाँ हैं
पत्रकार: लेकिन ये तो खाली कागज़ है, मुझे तो कुछ दिख नहीं रहा
छात्र: आप नहीं दिख रहा क्योंकि आपने अंधभक्त वाला चश्मा नहीं लगाया है!
👌🔥😂
Congress didn’t care about Swargiya Chaudhary Charan Singh, even though he spent much of his life serving Congress. The BJP awarded him the Bharat Ratna just after the Kisan Andolan and used it to bring much of western Uttar Pradesh’s Jat belt to its side, helping the alliance win seats there in 2024.
The BJP doesn’t fight because that gives its opponents a chance to win.
Disgusting 🤮🤬
Police in civil dress manhandled a girl in protest
Govt only talks about respecting students but on ground they have given free hand to do all this to police
20 जुलाई को दिल्ली में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे 19 साल के साहिल के चेहरे पर दिल्ली पुलिस ने पेलेट गन से हमला किया।
साहिल दिल्ली विश्वविद्यालय का छात्र है मगर परिवार को सहारा देने के लिए वो पार्ट-टाइम कार भी चलाता है। वो खुद 2025 के SSC दिल्ली कॉन्स्टेबल पेपर लीक का शिकार है। अब उसे डर है कि SSC ने फिर से उसी एजेंसी को ठेका दिया है और फिर से पेपर लीक हो जाएगा।
इंसाफ़ और बेहतर भविष्य की मांग के साथ वह प्रदर्शन में शामिल हुआ था। आज हालत ये है कि उसकी एक आंख की रोशनी हमेशा के लिए जाने का खतरा है।
ये सज़ा मिलती है हमारे छात्रों को सवाल पूछने और जवाबदेही मांगने की।
हम साहिल के साथ हैं। हम जवाबदेही मांग रहे हर छात्र के साथ हैं।
मोदी जी, देश के बच्चों से अपने इस गुनाह की माफ़ी मांगिए, इसके दोषियों पर कड़ी कार्रवाई कीजिए और धर्मेंद्र प्रधान को तुरंत बर्खास्त कीजिए।
क्या @DelhiPolice ने हर थाने को युवाओं को गिरफ्तार करने का कुछ टारगेट दिया है?
निज़ामुद्दीन स्टेशन के पास ऑटो में जा रही नाबालिग बच्चियों का ऑटो रोक कर उन्हें उतारा, ग़ैर कानूनी तरीक़े से उनका मोबाइल चैक किया और फिर उन्हें ज़बरदस्ती थाने ले जा रहे हैं। ये कौन सा क़ानून है?