"हर सुबह गांव से 2 आदमी बाहर निकलते हैं-
एक टीका लगाकर, बगल में पंचांग दबाकर और एक झाड़ू और टोकरी लेकर! पहला आदमी दिनभर लोगों को बेवकूफ बनाता है, दूसरा दिनभर मेहनत करता है"
-राजकुमार भाटी
समाजवादी पार्टी की ब्राह्मणों के प्रति घृणा पुरानी है। राजकुमार भाटी लगातार अखिलेश यादव के इशारे पर कई वर्षों से ब्राह्मणों को अपशब्द कह रहा है।
#AntiBrahminSP
सर कभी 29% हिन्दू सवर्णों को भी राष्ट्रनिर्माण में हिस्सेदार बनाने का सौभाग्य दीजिए। या केवल टैक्स ले कर मुस्कुराते हुए हमें ‘टैक्सदाता’ कह कर पल्ला झाड़ लेंगे? हमारी भी महिलाएँ हैं, निर्धन विद्यार्थी हैं जिनके लिए कोई निःशुल्क स्कूल, हॉस्टल, कॉलेज फीस आदि की कोई सुविधा नहीं।
झूट नहीं बोलूँगा।
आज भी .@narendramodi जी इज्जत करता हूँ।
लेकिन अब इज्जत सिर्फ़ इस वजह से करता हूँ। क्योकि वो देश के PM हैं।
बाक़ी अब पहले जैसे दिल से इज्जत नहीं आती।😏
या देवी सर्वभूतेषु मातृरूपेण संस्थिता,
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः।
आप सभी को चैत्र शुक्ल प्रतिपदा भारतीय हिंदू नव वर्ष एवं चैत्र नवरात्रि की हार्दिक शुभकामनाएं। 🙏
भाजपा सवर्णों के आंदोलन के आयोजन से भयभीत नहीं है, उसे भय इस बात का है कि एक बार आंदोलन के चलते यूजीसी का मुद्दा छा गया, घर-घर तक ये बात पहुँच गई कि नरेंद्र मोदी ने गत 11 वर्षों में कैसा तुष्टिकरण किया है, तो उनका बनाया हुआ अवतारी पुरुष हिन्दू हृदय सम्राट का तिलस्म तो खत्म होगा ही, साथ में अमित शाह का किला भी भरभरा कर गिर सकता है। वो इस खबर को, विषय को यहीं रोकना चाहते हैं क्योंकि संघ से लेकर भाजपा के अंदरूनी सर्कल में अब समझ सबको आ गया है कि ये विषय उतना छोटा नहीं था। क्योंकि जब UGC अधिनियम आया और लोगों ने विरोध करना शुरू किया तब भाजपा और संघ के नेताओं का अंदरुनी कहना था कि इस विरोध से कुछ होने जाने को नहीं है। चार लोग सड़क पर नहीं आएगा। किन्तु जब लोगों ने सड़कों पर उतरना शुरू किया तब हाउस अरेस्ट किया गया और राजधानी आने वाले लोगों को प्रदर्शन स्थल पर प्रदर्शन न करने की पूरी ताकत झोंक दी गई।
#UGC #UGC_RollBack
#बीजेपी_हटाओ
Courtesy raj k Sharma fb post
रामलीला मैदान और जंतर मंतर में प्रदर्शन रोक दिया, तो लोग अपनी गलियों में ही विरोध प्रदर्शन करने लगे!
जो शांतिपूर्ण तरीके से मैदान में होता, उसको गली कूचे और सड़कों तक पहुंचा दिया!
यकीन मानिए, आज का आंदोलन इससे ज़्यादा सफल नहीं हो सकता था🔥
#UGC_RollBack
आप कुत्ता बिल्ली के लिये प्रोटेस्ट करिये, मीडिया पहुँच जायेगी।
आप ईरान इसराइल पर प्रोटेस्ट करिये, मीडिया वाले आ जायेंगे।
आप बहुजन और ब्राह्मण विरोध पर प्रोटेस्ट करिये, मीडिया कवर करेगी।
लेकिन भारत के सामान्य वर्ग, जब अपने संवैधानिक अधिकार की माँग करेंगे यही मीडिया आँखे बंद कर लेगी।
एक भी पत्रकार नींद से नहीं उठेगा।
क्योंकि, आप उनके लिये केवल TRP है, बाक़ी आपकी कोई हैसियत नहीं है।
आज मीडिया ने UGC प्रोटेस्ट का बॉयकॉट कर दिया। शर्म भी नहीं आती इन्हें। 🤷🏻♂️
हित वचन तूने नहीं माना
मैत्री का मूल्य न पहचाना
तो ले, मैं भी अब जाता हूँ
बहुत-बहुत धन्यवाद @BJP4India! नमन रहेगा @narendramodi यह दिन दिखाने के लिए कि इस राष्ट्र में आतंकवादी सड़क घेर सकते हैं, दंगे कर सकते हैं, फिर वापस प्रदर्शन कर सकते हैं, पर आपकी कायर सरकार को समस्या मेरे जैसों से है।
आज मैं अपने घर में कैद हूँ। आज मेरा आना-जाना बंद है। न तो व्यक्ति अमर होता है, न सत्ता!
आप लोग कायरों का एक समूह मात्र हैं। आप समाज को बाँटने वाले, डरपोक हो जो ट्रोल बंदरों की एक सेना बिठा कर हमें कलंकित करना चाहते हो।
दिल्ली में आए मित्रों का आह्वान करता हूँ कि रामलीला मैदान की ‘मोदी छावनी’ तक पहुँचिए। मोदी ने छावनी बनवाई है तो आप उसी मोदी तक अपने नारों को पहुँचाइए।
ये आपके बच्चों को जन्मजात अपराधी बना चुके हैं और आपको आतंकवादी की तरह देखते हैं। आप सवर्ण हैं तो इसका प्रतिकार कीजिए।
#March8DelhiChalo
Farmers Protest - No Action
CAA Protest - No Action
GCs Gathering at Ramleela Maidan - House Arrest
Who exactly is planning these Masterstrokes?
यह BJP के लिए बहुत भयावर है - जलती आग में घी डालने का काम हुआ है
IT सैलियों की माने तो UGC का मुद्दा ठंडा पड़ चुका है, अब इसमें कोई दम नहीं बची, पिछले कुछ दिनों से मैंने पोस्ट ना के बराबर की है, कई दिन एक भी पोस्ट नहीं, कारण था में लगातार भ्रमण पर था, सोशल मीडिया आपको सच्ची तस्वीर नहीं दिखा रहा, जमीन पर हालात बिल्कुल अलग हैं, सोशल मीडिया पर सिर्फ UGC की बात हो रही है, जबकि जमीन पर UGC, SCST Act, और आरक्षण को ले कर जबरदस्त गुस्सा है, सोशल मीडिया से 100 गुना ज्यादा, और इस से भी बड़ी बात यह है कि इसमें सभी जाति के लोग शामिल हैं, सवर्ण पिछड़ा SCST सब, बीजेपी के पंडित यह बता रहे हैं कि सब शांत हो चुका है, लेकिन जब चुनाव होगा तब इन्हें पता चल जाएगा कि अंदर लावा धधक रहा था, रोज तकरीबन 100-200 किलोमीटर गाड़ी दौड़ाई है उसी के आधार पर कह रहा हूं, मानो तो ठीक वरना कौन सा मैं प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री हूं जो कुर्सी चली जाएगी मेरी, बताना अपना काम था सो बता दिया, राम राम