इतने लोग छुड़ा रहे हैं तब भी मारकर अधमरा कर चुकी है।
अगर अकेले पा जाए तो जान ले लेगी।
ऐसी मानसिक विक्षिप्त महिला को किसलिए ड्यूटी पर लगाया गया है?
@NCWIndia को तो कुछ दिखाई ही नहीं दे रहा है।
विरोध करने वाला हर कोई इनका जानी दुश्मन हो गया है।
ज्ञानेश कुमार की हालत हम जानते हैं। हम जानते हैं कि वो रात को सो नहीं पा रहे हैं।
इन्होंने जिस तरह से लाखों लोगों के अधिकार छीने हैं, उसपर लोग सवाल पूछ रहे हैं।
ज्ञानेश कुमार बचेंगे नहीं और मैं ये बात सीधे उन्हीं से कह रहा हूं।
We have information about you. We know your past, we know all about your corruption. We are waiting.
: नेता विपक्ष श्री @RahulGandhi
📍 दिल्ली
ज्ञानेश कुमार को लगा था कि SIR के नाम पर करोड़ों लोगों के वोट काट देंगे। जो कहानी सुनाएँगे, जनता सुनकर सो जाएगी? पश्चिम बंगाल चुनाव के लिए समय नहीं था मगर SIR करना ही था। प्रक्रियाओं और सुप्रीम कोर्ट के आदेश की आड़ में वोट छीनने के अपराध से बच नहीं सकते। शर्म आनी चाहिए कि उनके इस्तीफ़े, SIR रद्द करने की माँग को लेकर जनता सड़क पर है। पिछले साल राहुल गांधी ने शालीन शब्दों में महादेवपुरा और अलंद में वोट चोरी का उदाहरण दिया था तब ज्ञानेश कूमार प्रेस कांफ्रेंस करने आए और राहुल गांधी से हलफनामा और माफीनामा मांगने लगे थे। इस बार राहुल गांधी ज्ञानेश कुमार को चोर बोल रहे हैं, ज्ञानेश कुमार चुप हैं। क्योंकि जनता को चोरी की यह कहानी समझ आ गई है। यह दिन भी देखना था। चुनाव आयुक्त इस देश के हीरो हुआ करते थे, आज उन्हें चोर कहा जा रहा है।
How many times have they detained us?
How many FIRs have they filed against us?
We are not worried. We will continue this agitation until Gyanesh Kumar is removed as CEC and the system is corrected.
: Congress General Secretary (Org.) Shri @kcvenugopalmp
भाजपा और 'वोट चोरी आयोग' के तरीके बदलते रहते हैं, और बदलते रहेंगे - मकसद बस एक ही है: किसी भी क़ीमत पर BJP की जीत, और भारत के लोकतंत्र का अंत।
महाराष्ट्र 2024 - लोकसभा और विधानसभा चुनाव के बीच अचानक 39 लाख नए वोटर जुड़ गए। मैंने तब भी कहा था, आज भी कहता हूँ: यह वोट चोरी थी।
बंगाल 2026 - SIR में जिन नामों को काटा गया, उनमें से 91% नाम अपील के बाद वापस जोड़ने पड़े। यानी हर 10 में से 9 नाम गलत तरीके से काटे गए, और नाम चुनाव के बाद ही जोड़े गए। मैंने तब भी कहा था, आज भी कहता हूँ: यह वोट चोरी थी।
और अब महाराष्ट्र में 2.07 करोड़ मतदाताओं को ड्राफ्ट लिस्ट से बाहर कर दिया गया है - यानी हर पांचवां वोटर।
लोक सभा 2024: 9.29 करोड़
विधान सभा 2024: 9.7 करोड़
SIR 2026: 7.78 करोड़
कौन सी लिस्ट सही थी?
वोट चोरी से बनी सरकार के लिए जनता ज़रूरी नहीं है - यही कारण है कि ये BJP न जनता की सुनती है, न उनका आदेश मानती है।
SIR के तहत दिल्ली की ड्राफ्ट वोटर लिस्ट आ गई है। 1.5 करोड़ में से 47 लाख वोटर के नाम नहीं हैं।
भारत सरकार नाहक ही जनसंख्या को लेकर परेशान हो रही है। SIR के ज़रिए चुनाव आयोग हमारे देश की जनसंख्या 140 करोड़ से घटाकर 50 करोड़ कर देगा।