आपने हम ऐसे नवजवानों के संघर्ष को समझा यही हमारी पूँजी है। छात्र युवा आवाज़ों के साथ भारतीय लोकतंत्र व संविधान बचाने की लड़ाई में हमेशा आपके साथ खड़ा रहूँगा। मेरे जैसे नवजवान पर भरोसा दिखाने के लिए आभार मेरे नेता 🙏🏻 @RahulGandhi ji
युवा अधिकारों एवं लोकतंत्र व संविधान की रक्षा के लिए सदैव तत्पर, विश्व के सबसे बड़े युवा संगठन, भारतीय युवा कांग्रेस के स्थापना दिवस के अवसर पर समस्त पदाधिकारियों एवं कर्मठता से परिपूर्ण कार्यकर्ताओं को हार्दिक शुभकामनाएं।
@IYC
मैंने सभापति के टोन पर आपत्ति जताई। हम स्कूल के बच्चे नहीं हैं। हम सब वरिष्ठ हैं। नेता प्रतिपक्ष का माइक बंद कर दिया। वो हमेशा असंसदीय शब्दों का इस्तेमाल करते हैं। मुझे कहा कि आप सेलिब्रेटी होंगी मुझे फर्क नहीं पड़ता। ये महिलाओं का अपमान है। मुझे माफी चाहिए। - जया बच्चन जी
राज्यसभा के सभापति जगदीप धनकड़ ने विपक्ष के सदस्यों के साथ बुरा बर्ताव किया। पूरे विपक्ष ने विरोध में सदन से वॉकआउट।
दोनों सदनों में चेयर का व्यवहार विपक्ष के प्रति बेहद भेदभावपूर्ण और अपमानजनक है। विपक्ष के सदस्यों को अपमानित करना, उनके माइक बंद करना, बोलने न देना, एक ही बात के लिए सत्ता पक्ष को बचाना और विपक्ष को टोकना आदत बन गई है। यह कतई स्वीकार्य नहीं है।
भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के अध्यक्ष एवं राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष श्री मल्लिकार्जुन खरगे जी लोकतंत्र की बुलंद आवाज हैं। उन्हें संसदीय राजनीति का 50 साल लंबा अनुभव है। संसद के भीतर उनको अपमानित करना, उन्हें बोलने न देना, माइक बंद कर देना और सत्ता में बैठे लोगों द्वारा वरिष्ठ महिला सदस्यों को अपमानित करना पूरी तरह से अस्वीकार्य है।
हमारी संसद इस बात की गवाह रही है कि विपक्षी सदस्यों की संख्या चाहे जितनी हो, उनकी बात सुनी जाती थी। डॉ राममनोहर लोहिया जी की तीखी बहसें और उन्हें सुनने के लिए पंडित नेहरू जी के धैर्य की आज भी मिसाल दी जाती है।
आज संसद में जो हो रहा है, आजाद भारत के इतिहास में न तो ऐसा कभी हुआ है, न देश की जनता इसे स्वीकार करेगी।
वासुकिः तक्षकश्चैव कालियो मणिभद्रकः।
ऐरावतो धृतराष्ट्रः कार्कोटकधनंजयौ ॥
नाग देवता की पूजा उपासना को समर्पित पावन पर्व #नाग_पंचमी की आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं।
देवाधिदेव महादेव आप सभी को सुख, शांति एवं संपन्नता का आशीर्वाद दें।
नेता प्रतिपक्ष @RahulGandhi जी ने संसद स्थित अपने कार्यालय में सफाई कर्मचारी आंदोलन के सदस्यों और मैला ढोने की प्रथा से जुड़े लोगों ने मुलाकात की।
देश में आज भी मैला ढोने की शर्मनाक प्रथा कायम है। आंकड़े बताते हैं कि पिछले 5 साल में सीवर और सेप्टिक टैंक की सफाई करते हुए 377 लोगों ने अपनी जान गंवा दी।
पश्चिम बंगाल के पूर्व मुख्यमंत्री श्री बुद्धदेव भट्टाचार्य जी के निधन का दुखद समाचार मिला।
दिवंगत व्यक्तित्व को नमन। शोक-संतप्त परिजनों एवं उनके समर्थकों के प्रति गहरी संवेदनाएं।
शक्तिशाली सत्ता, महान लोग और सत्ता के जरखरीद सब मिलकर उसे हराने में लगे थे।
उसने देश को जिता दिया। उसने दुनिया में एक बार फिर से तिरंगा लहरा दिया।
बधाई विनेश फोगाट!
"ॐ भुजंगेशाय विद्महे, सर्पराजाय धीमहि, तन्नो नाग:प्रचोदयात्।।"
आप सभी को नागपंचमी की हार्दिक शुभकामनाएं
भगवान शिव एवं नाग देवता आप सभी की मनोकामना पूरी कर सबके जीवन में सुख, समृद्धि, सौहार्द, शांति व प्रसन्नता का संचार करें.
#नागपंचमी#247विश्वनाथगंज
शाबाश @Phogat_Vinesh !
मैं जानती हूं कि आपके लिए यह सिर्फ ओलंपिक का कठिन मुकाबला भर नहीं है। आपने दुनिया की नंबर वन खिलाड़ी को तो हराया ही, यह मैदान के भीतर और बाहर आपके संघर्षों की भी जीत है।
आज पूरी दुनिया आपके हाथों में लहराता हुआ तिरंगा देख रही है। आप इस देश का गौरव हैं और हमेशा रहेंगी।
खूब शुभकामनाएं। जय हो! विजय हो!
पूरा देश ओलंपिक से आ रही खबर से सन्न है।
116 ग्राम वजन अधिक होने से विनेश ओलंपिक से बाहर हो गई। अब उसे कोई मेडल नहीं मिलेगा। उसकी सारी जीतें शून्य कर दी गईं!!
मन व्यथित हो रहा है।
क्या विनेश से बदला लिया गया?
सत्ता का अहंकार देश के मान सम्मान से बड़ा है?
कल तक जिस विनेश का वजन ठीक था आज 116ग्राम ज्यादा निकला। 116 ग्राम वजन तो बाल काट करके, पतला कॉस्ट्यूम पहनकर मैनेज हो सकता है।
इतना बड़ा सरकारी तामझाम तो खिलाड़ी की मदद के लिए ही ओलंपिक भेजा जाता है न? या ये सब अकेले खिलाड़ी की जिम्मेदारी होती है?
क्या IOA ने विनेश के लिए पर्याप्त प्रयास किया?
या अब इमेज बचाने के लिए झूठा नाटक रचा जा रहा है?
विनेश का Disqualify होना भारत को पचेगा नहीं।
वह पहले 53 किलोवर्ग में खेलती थी, उसमें उसका ट्रायल ही नहीं कराया गया। यह फेडरेशन द्वारा लिया गया बदला था। मजबूरन उसे 50 किलोवर्ग में खेलना पड़ा।
समझ नहीं आ रहा आज 100 ग्राम वजन उस पर भारी पड़ गया या किसी का पहाड़ सा अहंकार??
आज, संसद भवन में लोको पायलटों से फिर मुलाकात की, जहां उन्होंने पर्याप्त आराम और केबिन में बुनियादी सुविधाओं की अपनी मांगों को दोहराया।
प्रतिदिन रेल से सफर करने वाले करोड़ों यात्रियों की सुरक्षा के लिए यह अत्यंत आवश्यक है और बिलकुल जायज़ अनुरोध है।
लोको पायलटों की रेल मंत्री जी से मुलाकात करवाई, जिन्होंने उनकी समस्याएं सुनीं और उनकी चिंताओं पर गौर करने का वादा किया।
देशवासियों की सुरक्षित यात्रा के लिए इन समस्याओं के हल पर अमल सुनिश्चित करूंगा।
वे “वॉर” रुकवा सकते हैं।
वे ख़ुद को विश्व का सबसे बड़ा नेता घोषित करवा सकते हैं।
मगर वे ओलंपिक आयोजकों के एक टेक्निकल और दुर्भाग्यपूर्ण फैसले पर पुनर्विचार के लिए दबाव नहीं डलवा सकते हैं।
हमने रशिया, चाइना यहाँ तक कि एक छोटे देश केन्या को अपने खिलाड़ी के लिये लड़ते अड़ते हुए देखा है।
मगर यहाँ सबसे पहले महाबली ही, छूटते ही अपनी खिलाड़ी की हार का शोक संदेश पढ़ दे रहे हैं और वापस चले आने को कह दे रहे हैं।
#VineshPhogat
प्यारी बहन @Phogat_Vinesh,
मैंने आपके साहस, आपकी मेहनत और लगन को देखा है। आप ओलम्पिक के दंगल में देश की करोड़ों लड़कियों के सपनों के लिए लड़ रही थीं। आपके शानदार खेल से उन करोड़ों लड़कियों के सपनों को उड़ान मिली है, जो छोटे-छोटे शहरों से आती हैं, तमाम चुनौतियों से जूझते हुए, सिस्टम से लड़ते हुए, विपरीत हालातों को हराकर बड़े मंचों पर पहुंचने की आकांक्षा रखती हैं। आपके शानदार खेल ने पूरे देश को गर्व से भर दिया।
तमाम चुनौतियों से लड़ते हुए अपनी अथक मेहनत से आप जिस मुकाम तक पहुंचीं वो आसान नहीं था। आपकी इस अविश्वसनीय यात्रा से करोड़ों सपनों को बल मिला है।
इस मुश्किल समय में करोड़ों देशवासी उसी उत्साह के साथ आपके साथ खड़े हैं, जैसा पूरे कंप्टीशन के दौरान थे। मेरी बहन, खुद को अकेले मत समझना और याद रखना कि आप हमारी चैम्पियन थीं और आप हमेशा हमारी चैम्पियन रहेंगी। मुझे पूरा भरोसा है कि आप और ज्यादा मजबूत तरीके से वापसी करेंगी।
ढेर सारा प्यार।
ऐसा ओछापन? ऐसी क्षुद्रता?
ऐसी निकृष्टता?
संसद में गिनाया जा रहा है कि खिलाड़ी को क्या-क्या सुविधा दी गई! आईटी सेल कह रहा है कि विनेश को खेलने दिया, विनेश को मौका दिया।
इंसाफ मांगने पर एक महिला खिलाड़ी को बदनाम करने के लिए पूरा प्रचार तंत्र उतार दिया गया था, आज 'देश की हार' पर उसी महिला पर और देश की जनता पर एहसान लादा जा रहा है कि हमने तो ये किया। उन्हें इस बात की शर्म नहीं है कि वे केन्या जैसे भी साबित नहीं हो पाए। उन्हें हार में भी गौरव दिख रहा है।
क्या पहली बार देश में कोई खिलाड़ी देश से बाहर खेलने गया? ऐसा कब हुआ कि सरकारें गिनानें लगें कि हमने कितना खर्च किया? क्यों खर्च किया? मत करो। खेल मंत्रालय भंग कर दो। बता दो दुनिया को कि हम इतने क्षुद्र हैं कि जनता एहसान मानेगी तभी उसे जीने देंगे।
यह शर्मनाक दिन भी देश की संसद को देखना पड़ रहा है। महिला कुश्ती में देश को पहला मेडल मिलता। उन्हें नहीं चाहिए था। उन्हें विनेश फोगाट की हार चाहिए थी, उन्हें देश की हार में उनके अहंकार की जीत चाहिए थी।
उनका अहंकार जीता, देश हार गया।
मेरा रिपोर्ट
आपका वोट
महगामा में स्वास्थ्य सेवाओं का बदलता चेहरा!
307 करोड़ 44 लाख की लागत से बन रहा है 300 बेड का सुपर स्पेशलिटी अस्पताल।
#aapkidipika#mahagama@HemantSorenJMM
"जिन्होंने भी विनेश और उसके साथियों के संघर्ष को झुठलाया, उनकी नीयत और काबिलियत तक पर प्रश्नचिन्ह खड़े किए, उन सभी को जवाब मिल चुका है"
◆ कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने कहा
@RahulGandhi | #VineshPhogat#GoldMedal | Vinesh Phogat Finals Wrestling
आज जन्मदिन के मौक़े पर देश भर से #AICC में आये हुए साथियों की मुहब्बतों का शुक्रिया।
दूर दूर से आये हुए साथियों ने दुआओं के साथ मुबारकबाद दी, अवाम की यही मुहब्बतें मेरी सबसे बड़ी पूंजी है।