The incident of Mumbai Local literally shows, there are no humans left in society .
All of the is are just robots moving around for personal objectives.
जो बंगाल भारत के विकास का नेतृत्व कर सकता था, वो कांग्रेस, लेफ्ट और टीएमसी के दशकों के कुशासन में लगातार पिछड़ता चला गया। आज पश्चिम बंग दिवस पर हम संकल्प लें कि अब इतिहास की वो गलतियां दोहराई नहीं जाएंगी।
बिहार में रामनवमी शोभायात्रा न
निकलने देने की जिहादियों ने दी थी चेतावनी
जिसके बाद बिहारी भाइयों ने उत्तम नगर का
रास्ता निकाला....
धूमधाम से निकली शोभायात्रा, पत्थर तो दूर
कागज का एक टुकड़ा भी न उड़ के आया...
आपकी सुरक्षा - आपकी तैयारी ✊
जय श्रीराम 🚩
देशभर के मेरे परिवारजनों को रामनवमी की असीम शुभकामनाएं। त्याग, तप और संयम से भरे मर्यादा पुरुषोत्तम के जीवन से हमें हर परिस्थिति का पूरे सामर्थ्य से सामना करने की प्रेरणा मिलती है। उनके आदर्श अनंतकाल तक भारतवासियों के साथ-साथ संपूर्ण मानवता के पथ-प्रदर्शक बने रहेंगे। मेरी कामना है कि भगवान राम की कृपा से सबका कल्याण हो, जिससे विकसित और आत्मनिर्भर भारत के संकल्प की सिद्धि का मार्ग प्रशस्त हो।
जब मुस्लिम महिलाओं की सुरक्षा के लिए ट्रिपल तलाक का कानून आ सकता है...!
तो हिंदू बहन- बेटियों की सुरक्षा के लिए लव जिहाद के खिलाफ कानून कब आएगा??😡😡
पूछता है भारत 👍
हिंदू समाज को खंड-खंड करने में इतना शक्तिशाली कोई कार्य तो न मुसलमान कर सके, ना ब्रिटिश.
जो हिंदू समाज के ही आशीर्वाद से शासन में पहुंचे कुछ लोग करते दिख रहे हैं .यह कैसा समय ?
भारत माता .अपने तेजस्वी और वीर सपूतों सुपुत्रियों को शक्ति दो तेज दो ज्ञान दो बल दो प्रकाश दो मां!
लाखो वर्षों से जो समुदाय,हिंदू समाज के यानी वैदिक समाज के, भारतीय समाज के, प्रतिपालक,रक्षक और पोषक रहे हैं, उनको (उन ब्राह्मणों क्षत्रियों और सम्पन्न वैश्यों को) ही
अन्यायी समुदाय घोषित कर देने वाला शासन,
ईसाई मिशनरियों का लक्ष्य साकार करने के लिए ही मानो सक्रिय है (क्रमशः)
हिंदू समाज को खंड-खंड करने में इतना शक्तिशाली कोई कार्य तो न मुसलमान कर सके, ना ब्रिटिश.
जो हिंदू समाज के ही आशीर्वाद से शासन में पहुंचे कुछ लोग करते दिख रहे हैं .यह कैसा समय ?
भारत माता .अपने तेजस्वी और वीर सपूतों सुपुत्रियों को शक्ति दो तेज दो ज्ञान दो बल दो प्रकाश दो मां!
लाखो वर्षों से जो समुदाय,हिंदू समाज के यानी वैदिक समाज के, भारतीय समाज के, प्रतिपालक,रक्षक और पोषक रहे हैं, उनको (उन ब्राह्मणों क्षत्रियों और सम्पन्न वैश्यों को) ही
अन्यायी समुदाय घोषित कर देने वाला शासन,
ईसाई मिशनरियों का लक्ष्य साकार करने के लिए ही मानो सक्रिय है (क्रमशः)