आप केवल एक राजनेता नहीं, बल्कि धर्म और राष्ट्र चेतना के सजग प्रहरी हैं।
आप सनातन संस्कृति के रक्षक, दूरदर्शी विचारक और समाज को जागृत करने वाले प्रेरणास्रोत हैं।
आज जब अधिकांश नेता केवल राजनीति तक सीमित हैं, तब आप भारतीय नागरिकों को उनकी संस्कृति, धर्म, संविधान और राष्ट्रहित के प्रति जागरूक करने का कार्य कर रहे हैं।
जिस प्रकार से आप जनमानस को चेताने और सनातन चेतना को मजबूत करने का प्रयास कर रहे हैं, वैसा साहस और स्पष्टता आज बहुत कम नेताओं में दिखाई देती है।
आपका यह प्रयास केवल वर्तमान के लिए नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के भविष्य के लिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण है।
ये जितने कुत्ते भौंक रहे हैं सिर्फ सोशल मीडिया पर माननीय श्री राजा भइया जी का नाम लेकर, अगर अपनी मां का दूध पिए हों तो आ जाओ सामने आकर बोलो तुम्हारी नानी न याद दिला दी तो हम भी प्रतापगढ़ वाले नहीं...
जिन्हें इतिहास की नसीहतें और धर्म की मर्यादाएँ याद रहती हैं,
वे भूलकर भी गलत मार्ग पर नहीं जाते…
“आज लोग हमारे अस्तित्व पर उंगली उठाते हैं,”
लेकिन हम सत्य, शाश्वत और सनातन हैं।
हमारी संस्कृति और सभ्यता में अवश्य ही कोई ऐसी अनूठी शक्ति और चेतना है,
जो इसे कभी मिटने नहीं देती।
सदियों से समय, परिस्थितियाँ और अनेक विरोधी शक्तियाँ हमारे विरुद्ध रहीं।
इतिहास में यूनान, मिस्र और रोम जैसी अनेक प्राचीन सभ्यताएँ समय के साथ विलुप्त हो गईं,
लेकिन सनातन संस्कृति आज भी अपने नाम, पहचान और गौरव के साथ जीवित है।
यही इसकी आत्मा की शक्ति है —
जो इसे केवल अतीत का इतिहास नहीं,
बल्कि अनंत काल तक प्रवाहित होने वाली चेतना बनाती है।
और यही कारण है कि यह आगे भी अडिग, अमर और प्रकाशमान रहेगी।
जय हिन्द
🙏🚩🙏
सनातन सुरक्षित रहेगा, तभी देश का संविधान सुरक्षित रहेगा, यदि इस देश में संविधान लागू है तो सिर्फ इस वजह से कि क्योंकि अपना भारत देश हिंदू बाहुल्य है।
- माननीय श्री राजा भइया जी
राष्ट्रीय अध्यक्ष - जनसत्ता दल
भारत की सनातन सांस्कृतिक चेतना, लोकतांत्रिक मूल्यों और संविधान - तीनों का संरक्षण एक-दूसरे से जुड़ा हुआ है। जब समाज अपनी सभ्यता, संस्कृति और संवैधानिक मर्यादाओं का सम्मान करता है, तभी राष्ट्र मजबूत रहता है। राष्ट्र का भविष्य सुरक्षित रहता है।
'जाति का बंधन तोड़ो, सनातन को मजबूत करो और संविधान की रक्षा करो' ....
क्योंकि जब समाज एकजुट होगा, तभी सनातन सुरक्षित रहेगा और जब सनातन सुरक्षित रहेगा, तभी हमारा संविधान अक्षुण्ण रहेगा।
अखिलेश यादव और राजा भैया
वीडियो में नारा लग रहा है कि
जेल के ताले टूट गए ।
राजा भैया छूट गए।
अगस्त 2003 में यह नारा कोई और नहीं वह 30 वर्ष का लड़का अखिलेश यादव लगा रहा है जिसके पिता तथाकथित रूप से अटल बिहारी की कृपा से मुख्यमंत्री बन गए हैं। वह परिवार के चाचा और ताऊ के साथ तत्कालीन कुंडा विधायक रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया को जेल से रिसीव करने गया है।
कुछ वर्ष पहले 2002 के विधानसभा चुनाव में प्रतापगढ़ में हमारे पत्रकार मित्र @siddhartha9945 ने अखिलेश यादव से पूछा था तब भी वह राजा भैया को नहीं जानते थे।
अखिलेश यादव को यह समझना होगा वही राजा भैया जब 2012 में 403 सदस्यीय विधानसभा में सपा को 202 सीटें प्राप्त हुई थी और बहुमत से 22 सीट अधिक मिलने के बावजूद जिस राजा भैया को अखिलेश यादव ने मंत्री बनाया था वही राजा भैया।
2024 लोकसभा चुनाव के दौरान अपने प्रदेश अध्यक्ष नरेश उत्तम पटेल को कुछ पत्रकारों के साथ जिससे मदद मांगने के लिए भेजा था वही राजा भैया।
2003 में जेल से छूटने पर जिन राजा भैया का मीडिया के सामने सबसे पहला वक्तव्य था कि मुलायम सिंह यादव जी को मेरा समर्थन सदन से लेकर पूरे उत्तर प्रदेश में जारी रहेगा वही राजा भैया।
वही राजा भैया जिनको 2012 में जब आपने जेल का मंत्रालय दिया , कैबिनेट स्तर का दर्जा दिया तब इंडिया टुडे ने अपने कवर पेज पर स्थान देकर लिखा था "अखिलेश के जेलर" वही राजा भैया।
हमारी पोस्ट पर हमारे बहुत सारे समाजवादी पार्टी के शुभचिंतक कमेंट बॉक्स में जाकर लिखेंगे मुलायम सिंह के एहसान की बदौलत राजा भैया जेल से छूटे थे उनकी जानकारी के लिए मैं यह बता देना चाहता हूं कि मुलायम सिंह को पता था कि रघुराज प्रताप सिंह के पास विधायकों की संख्या कितनी है।
राजनीति में कोई एहसान नहीं करता फिर भी राजा भैया मानते हैं ये उनका बड़प्पन है
उनके संस्कार है।
रघुराज प्रताप सिंह के जेल से छूटने के पहले गेट पर अल्पमत की सरकार चला रहे मुलायम सिंह यादव ने अखिलेश यादव शिवपाल यादव रामगोपाल यादव और तमाम सारे अपने भाई भतीजे को भेजा था और रघुराज प्रताप सिंह का भी जेल से छूटने पर पहला बयान यही था कि मुलायम सिंह की सरकार को सदन में और पूरे देश में मेरा समर्थन जारी रहेगा।
दोनों एक दूसरे की मदद कर रहे थे इसमें किसी का किसी के ऊपर कोई एहसान नहीं था इसके बावजूद रघुराज प्रताप सिंह मुलायम सिंह का हमेशा सम्मान करते थे लेकिन कहा जाता है कि अखिलेश यादव का तौर तरीका अलग है वह राजनीतिक विरोध को व्यक्तिगत विरोध मान लेते हैं चाहे बाद में सरेंडर ही ना क्यों करना पड़ जाए।
अखिलेश यादव इस समय पिछड़ा दलित और अल्पसंख्यक का सामंजस्य बैठाकर 2027 में उत्तर प्रदेश जीतने की फिराक में है।
उनको ऐसा लगता है कि उत्तर प्रदेश का सारा राजपूत योगी आदित्यनाथ के झंडे के नीचे है।
और उन्हें वह बिल्कुल भी वोट नहीं देगा इसीलिए वह इस समय चपरासी से लेकर चीफ सेक्रेटरी तक राजपूतों की संख्या गिन रहे हैं।
जिसके जिसके नाम के आगे सिंह लगा है वह सब को राजपूत बता रहे हैं चाहे वह यादव पटेल भूमिहार या दलित ही क्यों ना हो और साथ ही साथ राजपूतों को टारगेट करके बयान दे रहे हैं इस देश की राजनीति के शायद अखिलेश यादव पहले नेता होंगे जो एक जाति के खिलाफ इतना नाराज है कि वह ये मान कर बैठे हैं कि 2027 में राजपूत उनको मतदान नहीं करेगा।
वही राजपूत जिसने 2024 में समाजवादी पार्टी के तमाम प्रत्याशियों को लोकसभा पहुंचाया है अखिलेश यादव द्वारा राजपूत समाज के बारे में ऊंट पटांग बयान देना अखिलेश यादव की राजनीतिक अपरिपक्वता ही कहा जाएगा।
@Raghuraj_Bhadri@Saurabh737475@DrBrijeshsinghJ@thethakurforce@vinodsingh18117@JSDL_Official@myogioffice@BJP4UP@Kshatra_Sewak@ShiveshPratap_
जैसा कि हम सभी जानते हैं, कल दिल्ली के लाल किले में एक बहुत ही दुखद घटना हुई, एक बम विस्फोट ने 10 से 20 निर्दोष लोगों की जान ले ली और कई अन्य लोगों को गंभीर रूप से घायल कर दिया, हर कोई पीड़ितों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त कर रहा है और उनके दुख में शामिल है लेकिन यह सिर्फ कुछ समय की बात है आने वाले कुछ दिनों में सब लोग इसे भूल जाएंगे, जबकि पीड़ितों के परिवार अपनी पूरी ज़िंदगी इस दर्द से गुजरेंगे, हमें ऐसे हमलों के उद्देश्य और मकसद को समझना होगा, हमें एकजुट होकर इसका सामना करना होगा
@Raghuraj_Bhadri@Raghuraj_Bhadri महराज जी सब पार्टी आज अपने आका को खुश करने के लिए लगी हुई है आतंकवादियों के खिलाफ सही नहीं बोल पायेंगे कही उनका वोट न खराब हो जाए उनको अपनी राजनीति सेकनी है आज चुप है कल इन्हीं लोगों का धर्मांतरण होगा पहले
जो लोग दिवाली में धुआँ और ध्वनि प्रदूषण की दुहाई देते नहीं थकते थे आज दिल्ली के आतंकी विस्फोट पर कोई बयान नहीं… ?
निर्दोष हताहतों के प्रति संवेदना💐।
हमारे देश की जाँच एजेंसियाँ इस घृणित काण्ड का खुलासा तो कर ही देंगी, कोई दोषी बचेगा भी नहीं पर संतोष इस बात का है कि सारे देशवासी जान रहे हैं कि इस कृत्य के पीछे कौन सी विचारधारा काम कर रही है।
बँटोगे तो कटोगे।
वन्दे मातरम् 🙏🏼