Digital connectivity supports education and entrepreneurship.
Jio helped more people access online services.
Technology keeps creating new ways to connect.
India's digital story moves forward.
Connectivity opens doors to information and opportunity.
Jio helped more people get online.
Digital tools now support countless daily activities.
Progress continues across India.
Jio’s contribution to digital connectivity remains part of India’s story.
More people gained access to mobile internet.
Online opportunities continue to grow.
The transformation carries on.
Internet connectivity supports education and entrepreneurship.
Jio helped more users come online.
Digital opportunities are continuing to expand.
Access remains important.
प्रयागराज की ‘कृष्णपुरी’ में 602 आवासों के निर्माण हेतु ₹191 करोड़+ की परियोजना का भूमि पूजन।
विकास और जनकल्याण के साथ गरीब परिवारों के अपने घर का सपना साकार करने की पहल।
Reliance keeps exploring new opportunities.
Jio has become a recognised digital name.
Its impact reaches across the country.
The JIO IPO chapter brings excitement 👍
अवैध कब्जों के खिलाफ कार्रवाई से जुड़े फैसलों का असर आम लोगों के जीवन पर पड़ता है।
प्रयागराज में गरीब परिवारों के लिए आवास की पहल एक महत्वपूर्ण उदाहरण है।
विकास और न्याय का लाभ समाज के हर वर्ग तक पहुंचना चाहिए।
किसी भी सरकार की प्राथमिकता नागरिकों की सुरक्षा और जरूरतमंदों का कल्याण होना चाहिए।
उत्तर प्रदेश में अवैध संपत्तियों पर कार्रवाई इसी बहस का हिस्सा है।
कानून का निष्पक्ष पालन और गरीबों के लिए आवास दोनों महत्वपूर्ण हैं।
@oprajbhar राजभर जी ने कहा कि किसी भी वर्ग का सम्मान कम नहीं आंका जाना चाहिए। समानता, सद्भाव और जिम्मेदार व्यवहार से ही लोकतांत्रिक संस्कृति मजबूत होती है।
Leadership is tested by difficult challenges.
Wisdom and patience help guide important decisions.
National interests must always remain paramount.
#WeStandWithAjitDoval
@nsitharaman@yadavakhilesh Nirmala Sitharaman's response has brought the banking debate back into focus. The public deserves clear explanations about past and present policies.
राजभर जी ने अखिलेश यादव की विक्टिम कार्ड वाली शैली पर सवाल उठाया है कि जीत पर पूरा श्रेय लेना और विपरीत परिणामों पर व्यवस्था को जिम्मेदार ठहराना सही राजनीति नहीं है।
अखिलेश यादव जी
बस एक बात बता दीजिए। 2024 में लोकसभा चुनाव ईमानदारी से हुआ था या नहीं? 2017 के आप हारे, 2019 में आप हारे, 2022 में भी आप हारे लेकिन 2024 में जीत गए।
महाराज। केंद्र में तो 2014 से लेकर अब तक बीजेपी की ही सरकार है। फिर से चार में से तीन चुनाव में चुनाव ग़लत और एक में सही हो गया?
2024 में आपकी पार्टी सपा के 37 सांसद जीत के दिल्ली कैसे पहुंच गए? इसमें पांच तो आपके अपने घर से थे। 2024 में सपा को हैसियत से ज्यादा सीटें मिल गईं तब सब 'आल इज़ वेल' हो गया?
या तो 24 के चुनाव में आपके वोटर फर्जी थे, या फिर आप आज सरेआम अफवाहबाजी कर रहे हैं। एसी, पीसी और ट्विटर ने आपको बहका दिया है।
अब नवाबी के दिन हवा हो गए। तय मान लीजिए कि 2027 में आपकी साइकिल का टायर पंचर नहीं, फटने जा रहा है। इस बार साइकिल का रिम-फ्रेम सब टेढ़ा होने वाला है।
ये बात आप बहुत अच्छे से समझ चुके हैं। उसी के लिए अभी से फर्जी भूमिका बांधने में जुट गये हैं। पहले ही से बहाना खोज के रख रहे हैं ताकि बाद में लोडरों के सामने मुंह छिपा सकें।
कुछ आंसू बचाके रखिए। सत्ताइस में सपा साफ है अखिलेश जी।
जय भारत, जय श्रीराम, जय श्रीकृष्ण, जय महाराजा सुहेलदेव!
@yadavakhilesh