Breaking: शंकराचार्य पर झूठा बलात्कार का मुकदमा दबाव और लालच दे कर दर्ज करवाया गया था, डर्टी ट्रिक्स डिपार्टमेंट ने अपना मुंह काला करवा लिया, हिन्दू धर्म के सर्वोच्च पद पर इतना घिनौना आरोप सामान्य बात नहीं, यह हिन्दू धर्म को बदनाम करने और हिन्दुओं को कन्वर्ट करवाने को साजिश थी, जिसके आका सात समुंदर पार बैठ कर भारत में धर्मद्रोहियों और देशद्रोहियों के साथ मिल कर हिन्दुओं को नीचा दिखाना चाहते थे, यह पहली बार नहीं हुआ, पूर्व में भी कई बार हो चुका है, मकसद है हिन्दुओं के अंदर हीन भावना का संचार करना, उन्हें अपराध बोध से भर देना कि देखो तुम्हारे धर्म में कितनी बुराई है, तुम्हारे धर्म में कितने गंदे लोग हैं, जिन्हें तुम संत मानते हो वे बलात्कारी हैं, तुम्हारे धर्म के सर्वोच्च व्यक्ति भी बलात्कारी हैं, यह सब इसलिए किया जा रहा है ताकि आपको कमजोर किया जा सके, और आप कन्वर्ट हो सकें, कुछ लोग हिन्दू धर्म के अंदर ही नए धर्म का भी निर्माण करना चाहते हैं, इस सब के बीच यह छुपाने का प्रयास हो रहा है कि उन्हें खुद के धर्म के सर्वोच्च पदाधिकारी बलात्कारी और गे रहे हैं, और उन्होंने छोटे छोटे बच्चों तक को नहीं छोड़ा, सनातन धर्म सर्वश्रेष्ठ है, बस इसी बात से सबको चिढ़ है, सभी सनातनियों से निवेदन है धर्म में राजनीति और राजनीति में धर्म को ना ढूंढे, और याद रखना अभी तो यह आक्रमण शुरू भर हुए हैं, आगे भी ऐसे बहुत से झूठ गढ़े जाएंगे, आप सावधान रहना, ये इस पार्टी का धर्माचार्य वो उस पार्टी का धर्माचार्य करोगे तो सनातन धर्म खत्म हो जाएगा, फिर चाटते रहना अपनी अपनी पार्टियों को, बताना मेरा काम था बाकी आपकी मर्जी
Prevent your sisters and daughters from visiting Muslim schools, coaching centers, tailors, gyms, hotels, beauty parlors, and shrines; these are the biggest hubs for 'Love Jihad'.
किसी भी हॉस्पिटल में जाओ तो ठीक वैसे ही बारगेन/मोलभाव करो जैसे फुटपाथ पर दुकान लगाने वाले से करते हैं, अपने पेपर्स ले कर 4 हॉस्पिटल में जाओ और सब से उनका रेट पूछो, हॉस्पिटल को एक दूसरे का रेट बताओ, बोलो कि फलाना तो यह काम इतने में कर रहा है आप तो लूट रहे हो, हॉस्पिटल के लिए आप सिर्फ एक ग्राहक हो और अपना ग्राहक कोई नहीं छोड़ता, वो तुरंत पैसे कम कर के बताएंगे, मेरा निजी अनुभव है, मेरे मित्र के पैर की हड्डी टूट गई थी, हमने x ray करवाया और अलग अलग हॉस्पिटल में दिखा कर सामान खरीदने वाले स्टाइल में पूछा किया लगेगा? प्लेट डालनी थी, 3.5 लाख से शुरू हुआ पहला quote, डॉ साहब अंग्रेजी में समझा रहे थे बहुत मुश्किल काम है, हमने 4 जगह और दिखाया और पूछा बताओ क्या भाव में करोगे? एक हॉस्पिटल के मालिक डॉ साहब समझ गए अगर सही रेट नहीं किया तो ये साले सरकारी हॉस्पिटल में चले जाएंगे, सो उन्होंने पूरा काम 70 हजार में करने का तय किया, बाद में कुछ सामान आया जो करीब 3500 का था उसे भी हम बिल में एडजस्ट करवाने पहुंच गए, डॉ साहब बोले वैसे ऐसा होता नहीं है, हम अटक गए, ऐसे कैसे पूरे काम की बात हुई है, जब तक हॉस्पिटल से बाहर निकलेंगे तब तक बस 70 हजार ही देंगे, बाद में डॉ साहब आधे आधे में मान गए, आज फिर एक मित्र का फोन आया उसने कहा फलां हॉस्पिटल में हूं इतने पैसे मांग रहे हैं, मैने कहा मुझ से बात करवाओ, मैनेजर से बात हुई, एक एक बाल की खाल पूछी क्या क्या करोगे, फिर कह दिया नहीं भैया आप तो दोगुने पैसे माँग रहे हो, फलां हॉस्पिटल तो इतने में कर रहा है, वो नहीं माना, मैने मित्र को कहा तुम पेशेंट शिफ्ट करने की नौटंकी करो, मित्र बोला लेकिन अपने को इलाज इधर ही करवाना है, मैने कहा जो कह रहा हूं करो इलाज यहीं होगा, उसने जैसे ही शिफ्ट करने की बात कही 40% डिस्काउंट हो गया, बताना मेरा काम था बाकी आपकी मर्जी, सब दुकान खोल कर बैठे हैं, जागो ग्राहक जागो
ऑपरेशन सिन्दूर के समय भारत विरोधी टिपण्णी करने वाले अशोका यूनिवर्सिटी के प्रोफेसर अली खान मेहमूदाबाद के खिलाफ हरियाणा की बीजेपी सरकार ने केस वापस ले लिया है .....
बंगाल में चुनावो की तारीख की घोषणा हो चुकी है .....
दो अलग अलग ख़बरें हैं ...
सबका साथ सबका विकास
IT सैलियों की माने तो UGC का मुद्दा ठंडा पड़ चुका है, अब इसमें कोई दम नहीं बची, पिछले कुछ दिनों से मैंने पोस्ट ना के बराबर की है, कई दिन एक भी पोस्ट नहीं, कारण था में लगातार भ्रमण पर था, सोशल मीडिया आपको सच्ची तस्वीर नहीं दिखा रहा, जमीन पर हालात बिल्कुल अलग हैं, सोशल मीडिया पर सिर्फ UGC की बात हो रही है, जबकि जमीन पर UGC, SCST Act, और आरक्षण को ले कर जबरदस्त गुस्सा है, सोशल मीडिया से 100 गुना ज्यादा, और इस से भी बड़ी बात यह है कि इसमें सभी जाति के लोग शामिल हैं, सवर्ण पिछड़ा SCST सब, बीजेपी के पंडित यह बता रहे हैं कि सब शांत हो चुका है, लेकिन जब चुनाव होगा तब इन्हें पता चल जाएगा कि अंदर लावा धधक रहा था, रोज तकरीबन 100-200 किलोमीटर गाड़ी दौड़ाई है उसी के आधार पर कह रहा हूं, मानो तो ठीक वरना कौन सा मैं प्रधानमंत्री या मुख्यमंत्री हूं जो कुर्सी चली जाएगी मेरी, बताना अपना काम था सो बता दिया, राम राम
लट्ठ बजाने के बाद सरकार पूछ रही है कि पहले साबित करो कि तुम शंकराचार्य हो, मान लेते हैं नहीं है, सामान्य संत है, चलो वो भी नहीं है सिर्फ भगवाधारी हैं, तो क्या अब हिंदूवादी सरकार जो भगवे की दम पर सत्ता में आई है वो भगवाधारियों पर लठ्ठ बजाएगी ? क्या यह सही है?
उन लोगों को भी पहचान लो जिन्होंने अनिल मिश्रा की अवैध गिरफ्तारी पर एक शब्द नहीं बोला था, तब वे पार्टी के भक्त बने फिर रहे थे और आज जब हम सब जीत गए हैं तो इस जीत की भीड़ में घुसना चाहते हैं, आज वे पोस्ट कर रहे हैं जीत की, अनिल मिश्रा की, गजब का दोगलापन है
आइए मैं आपको समझाता हूं, ये वो दल्ले हैं जो सत्ता से बिगाड़ना नहीं चाहते, ये सत्ता को झूठन पर पलने वाले लोग हैं, कल तक ये सत्ता के साथ थे सत्य के साथ नहीं, आज जब आप जीत गए हैं तो ये दल्ले आपके साथ हो गए, जानते हैं क्यों? क्योंकि अब यह सत्ता को यह बताना चाहते हैं कि देखो हमारी ताकत, अब हमारी मलाई बढ़ाओ वर्ना तुम सत्ता से जाओगे, यानी ये नल्ले अब उसी सत्ता को आपके दम पर ब्लैकमेल करना चाहते हैं और अपनी तरक्की का रास्ता बना रहे हैं, इन लोगों से सावधान रहे और इन्हें सत्ता को ब्लैकमेल ना करने दें, इनका विरोध करें, हम सत्य के साथ हैं, किसी को ब्लैकमेल नहीं करने देंगे,
ये जीत आपकी जीत है इसका सेहरा भी आपके सर ही बंधेगा, जय जनता जनार्दन, आप सब को ताकत आज पूरी दुनिया देख रही है, नमन है आपकी असीम ताकत को 🙏
आज की स्थिति को दर्शाता यह चित्र, जहां गहराई में हिंदू और हिंदुत्व एक दिखाई पड़ते हैं, क्योंकि वहां अब तक राजनीति नहीं पहुंच पाई, और जहां तक राजनीति की पहुंच बनी वहां उन्होंने हिंदुओं को जातियों में तोड़ दिया, अंदरूनी तौर पर तोड़ रहे हैं लेकिन ऊपर से मुंह जवानी हिंदू और हिंदुत्व का नारा लगा रहे हैं, और साथ ही साथ यह भी बता रहे हैं कि हम तुम्हारी मदद कर रहे हैं, बस हम ऊपर बने रहेंगे और दिखावा करते रहेंगे को तुम्हे भी ऊपर लाएंगे जबकि असलियत में क्या हो रहा है वह इस चित्र में दिख रहा है
Fake News : इन से पहले भी कई महिला शिक्षिकाएं हुई हैं, पुरातन वैदिक काल में भी कही शिक्षिकाओं का उल्लेख मिलता है जिन्होंने पुरुष एवं महिलाओं दोनों को पढ़ाने का अतुलनीय कार्य किया है
क्या बीजेपी हिन्दुओं के गौरवशाली इतिहास को नकार कर मिटाना चाहती है? #Anti_Hindu_BJP
X बहुत नीरस सा हो गया था वही पॉलिटिक्स वही हिन्दू मुस्लिम वही जातिवाद, माने कुछ भी नयापन नहीं बचा था, जब X खोले ऐसा लगता था सब देखा हुआ है, फिर इसमें उतरी नए लड़कों को टीम, इन्होंने कुरेदना शुरू किया छीलना शुरू किया, मामला रोमांचक हो उठा, बढ़ते बढ़ते इन्होंने IAS लॉबी पर हमला बोल दिया, यह साहस आज तक किसी ने नहीं किया था, अलग अलग हैंडलों से यह युवा मैदान में उतर पड़े, कोई सरकारी व्यवस्था सड़क अस्पताल बिजली पानी तो कोई फर्जी IAS को दौड़ा रहा था, X पर मज़ा आने लगा, 20-30 साल की उम्र तक मैं भी ऐसा ही था किसी से भी उलझ जाता था क्या IAS क्या मंत्री, मुझे इन बच्चों में अपनी झलक दिखी तो एक उम्मीद जागी कि इस पीढी में भी शूरवीर हैं, अब इन बच्चों ने फर्जी कामों की पोल खोल कर रख दी है, MP MLA से ग्राम प्रधान तक सब में खलबली है, उधर IAS रात को सो नहीं पा रहे, अपनी फर्जी फोटो को रात 2 बजे तक डिलीट करने में लगे हैं, अगर गलत नहीं था तो डिलीट क्यों? अच्छी बात यह है कि ये किसी पार्टी राज्य नेता को नहीं छोड़ रहे सब के साथ एक जैसा व्यवहार है, यह कबीले तारीफ है और इनकी विश्वसनीयता बढ़ाता है
आज अपने रिश्तेदार वरिष्ठ IAS से बातचीत हो रही थी, तब मैने इन बच्चों की तरफ की, तब उनका जवाब था "वे लोग" सब देख रहे हैं बस वे इनकी एक गलती का इंतजार कर रहे हैं और इन्हें लपेट कर लंबी धाराओं में फसा कर चुप कर देंगे, ऐसे प्रयास मेरे साथ भी हुए थे ...
इसलिए बच्चों जो भी पोस्ट करो 2 बार पहले ध्यान से खुद पढ़ लेना फिर पोस्ट करना, बाकी डरना किसी से नहीं, शूरवीरों की तरह इस रणभूमि में विजय होना हो एकमात्र विकल्प है, युद्ध कर भयंकर, आप सब भी राष्ट्र सेवा का कार्य ही कर रहे हैं, इन घुन को धूप दिखाना आवश्यक है वर्ना यह देश को खोखला कर देंगे
मेरा पूर्ण समर्थन और मेरी शुभकामनाएं आप सबके साथ हैं
जल संचय और महामहिम राष्ट्रपति द्वारा विभिन्न DMs को पुरस्कार का मामला अब राष्ट्रीय हो चुका है, मोदी सरकार की इसमें थू थू हो रही है, उधर सभी DMs एक दूसरे से बातचीत कर के रणनीति बना रहे हैं, जिन लोगों ने आवाज उठाई अब उन पर कार्यवाही की बात कर रहे हैं, इस से यह DM मोदी सरकार की कब्र खोदने का काम करेंगे, क्योंकि अगर FIR होनी है तो सबसे पहले CAG पर करो जिसने घोटाला उजागर किया है, बाकी फलां पोर्टल ढिकाना पोर्टल की बात भी आप CAG को बताइए, लेकिन सवाल यह है कि इन DMs में इतनी हिम्मत आती कहां से है, तो उसका जवाब है बीजेपी सरकारों से, यही DMs दुम दबा कर बैठे होते यदि किसी और पार्टी की सरकार होती, मैने हमेशा कहा है ब्यूरोक्रेसी बीजेपी सरकारों पर हमेशा हावी रहती है उसका कारण है कि बीजेपी अपने कार्यकर्ताओं पर नहीं ब्यूरोक्रेसी पर भरोसा करती है, मोदी जी के इसी भरोसे ने उन्हें 240 पर ला दिया, वो तो भला हो बजरंग दल VHP RSS सहित अन्य हिन्दू संगठनों का जिन्होंने आखिरी समय हथेली लगा दी वर्ना 200 के नीचे होते, लेकिन तब भी समझ नहीं आया, आज जो बदनामी हो रही है वो इसी ब्यूरोक्रेसी को वजह से हो रही है, चोरी किसी ने की और गाली कोई और खा रहा है, यदि इसके विपरीत सरकार इन पर तत्काल एक्शन ले लेती तो आज मोदी सरकार की तारीफ हो रही होती की देखो भ्रष्टाचार पर मोदी सख्त हैं, बीजेपी को अनुमान भी नहीं है उसका कितना नुकसान हो रहा है, इस विषय पर पूरे 3 दिन मौन रहने के बाद यह मेरा पहला ट्वीट है, वर्ना ये मेरे पीछे पड़ जाते की तुम सरकार विरोधी हो ब्ला ब्ला ब्ला, भाई ये जितने भी लोग हैं आपके ही समर्थक हैं, लेकिन समस्या ये है कि इन्होंने इसी भ्रष्टाचार के विरुद्ध आपको 2014 में चुना था और अगर वही सब दोबारा देखने को मिलेगा तो वोट देने वाली जनता तो चिल्लाएगी ही, बाकी जैसा जिसे समझ में आए, मेरा काम था बताना बता दिया, राम राम सभी को 🙏
शाबाश बीजेपी, सोशल मीडिया पर यह स्क्रीनशॉट वायरल है, यह व्यक्ति अपने आपको गुजरात का रहने वाला बताता है जहाँ बीजेपी की भयंकर बहुमत वाली ट्रिपल इंजन सरकार है, ऐसा नहीं की इसने पहली बार को कुकृत्य किया हो यह आदतन अपराधी है, लेकिन अब इसने सीमा पर कर दी है, अब यह भगवान परशुराम को गाली दे रहा है, इसे प्रतक्ष्य अप्रत्यक्ष रूप से बीजेपी का समर्थन मिलना मालूम पड़ता है, अन्यथा ऐसा हो नहीं सकता कि जिस व्यक्ति की पोस्ट पर बीजेपी सरकार उसके मंत्रियो, प्रशासन और पुलिस को लाखों बार टैग किया गया हो तब भी उस पर कोई कार्यवाही नहीं हो रही, भगवान परशुराम सभी हिन्दुओ के भगवान हैं और इस से सभी हिन्दुओ की धार्मिक भावनाएं आहात हुई हैं, यह व्यक्ति देश में दंगा करवाना चाहता है, उधर सरकार मंत्री प्रशासन और पुलिस मुँह में गुड़ दबाये बैठे है, सबसे शर्म की बात तो यह है की गुजरात में एक भी हिन्दू ऐसा नहीं जो इसकी अक्ल का इलाज कर सके, लानत है
आँखों में धूल कैसे झोकि जाती है इसका नमूना देखिये, पहली वीडियो यूपी के कौशांबी जिले की भीम आर्मी कार्यकर्ता आलोक सोनकर की है जो मनुस्मृति जलाकर सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल करता है, पुलिस उसकी लॉकअप में बंद एक फोटो पोस्ट कर देती है यह कह कर की उसे तुरंत गिरफ्तार कर लिया गया है, क्या कारवाही हुई नहीं मालूम, मुकदमा यदि हुआ है तो किन धाराओं में FIR दर्ज हुई नहीं बताया, उधर अतिउतवले भक्तगणों में ख़ुशी का माहौल बन जाता है, वे सोशल मीडिया पर सेलिब्रेट करने लगते हैं, सही है अगर देश में दंगा फ़ैलाने का प्रयास होगा तो कार्यवाही होनी ही चाहिए .....
लेकिन अब दूसरा पहलु देखिये भीम आर्मी का राष्ट्रिय स्टार का नेता मध्यप्रदेश में पुलिस की मौजूदगी में मनुस्मृति जलाता है उस पर कोई कार्यवाही नहीं होती, पुलिस मूकदर्शक बनी देखती रहती है, उधर दूसरी तरफ छत्तीसगढ़ में भी पुलिस की मौजूदगी में मनुस्मृति जलाई जाती है, यह सब अचानक नहीं हुआ बल्कि इसका बाकायदा आयोजन किया गया था, सबको सबकुछ पहले से पता था फिर भी इसे रोकना का कोई प्रयास नहीं किया गया ... बस एक अड़ने से बच्चे की फोटो दाल कर सबको शांत करने का प्रयास किया गया जबकि बड़े मगरमच्छों पर कोई कार्यवाही नहीं हुई, असल जग ये बड़े मगरमच्छ ही हैं जो दिन रात नफरत फैलाते हैं, एक अंग्रेजी लेखक ने कहा था जो आज किताब जला रहे हैं वे कल इंसानो को जलाएंगे ....
दोनों ही राज्यों में बीजेपी की सरकार है, तो क्या खुद बीजेपी ये सब करवा रही है? ताकि उसे इनका वोट मिल सके? सिर्फ जाटव वोटो के लिए बाकी समग्र हिन्दू समाज को नाराज़ किया जा रहा है? अगर ऐसा है तो यह आत्मघाती कदम है जो बीजेपी को ले डूबेगा, उधर सवर्ण समाज इस तुष्टिकरण से इतना नाराज़ है की सवर्ण ग्रुप्स में आगामी किसी भी चुनावो में बीजेपी के बहिष्कार की बात हो रही है, सनद रहे यही सवर्ण समाज है जिसने 90% बीजेपी को वोट किया था और सरकार बनवाई थी, उधर बीजेपी नेताओ को इस सब से कोई फर्क नहीं पड़ रहा, उनका कहना है सवर्ण वोट कहीं नहीं जाने वाला
PM मोदी इतने पॉपुलर क्यों हैं अब समझ आया, सबको धंधा मिल रहा है, गमले लगाने वाले को, प्रशासन को, और जनता को फ्री गमले मिल रहे हैं, सब मोदी जी की कृपा से, अरे बेशर्मों थोड़ी शर्म कर लो एक तरफ वो आदमी है जो 75 साल की उम्र में एक दिन में 5-6 कार्यक्रम अटेंड कर रहा है, दूसरी तरफ युफ्तखोर बल्कि चोर हैं, ये कभी तरक्की नहीं कर सकते चाहें आप i के लिए कितनी भी स्कीम ले आओ, शायद PM मोदी को भी यह बात पता है इसीलिए पिछले कुछ चुनावों में सीधे खाते में पैसे डालने का चलन आ गया, सही है, जब जनता का ऐसा चरित्र होगा तो देश बर्बाद होना तय है