मां भारती की सेवा में अपना सर्वस्व अर्पण करने वाले तपस्वी, नए भारत के शिल्पकार और राष्ट्रहित को ही अपना धर्म मानने वाले यशस्वी प्रधानसेवक श्री @narendramodi जी को समस्त भाजपा परिवार की ओर से जन्मदिवस की हार्दिक शुभकामनाएं।
#HappyBdayPMModi#SevaSankalpAbhiyan
🚩 कार्यकर्ताओं का संकल्प • विजय का विश्वास 🚩
कोटा उत्तर विधानसभा के नयापुरा मंडल पर वार्ड 41 की महत्वपूर्ण बैठक में सहभागी रहा! चुनावों की तैयारियों एवं संगठनात्मक मजबूती को लेकर वार्ड 41 में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई।
कारगिल विजय दिवस पर माँ भारती की रक्षा में अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले सभी अमर वीर जवानों को सलाम।को शत-शत नमन।
यह स्वर्णिम विजय भारतीय सेना के साहस, शौर्य और राष्ट्र के प्रति अडिग समर्पण का अमिट अध्याय है।
#KargilVijayDiwas
"विश्व पटल पर फिर लहराया तिरंगा" 🇮🇳
भारतीय क्रिकेट टीम ने शानदार प्रदर्शन के साथ T20 World Cup के फाइनल में जीत दर्ज कर रच दिया इतिहास।
लगातार दूसरी बार विश्वविजेता बनने की टीम इंडिया और समस्त भारतवासियों को हार्दिक शुभकामनाएं
#T20WorldCup2026final#IndiaVsNewZealand#INDvsNZ
या देवी सर्वभूतेषु विद्या रूपेण संस्थिता
नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमस्तस्यै नमो नमः
ज्ञान और विद्या की देवी माँ सरस्वती के पावन पर्व बसंत पंचमी की हार्दिक शुभकामना 🙏🏻
#BasantPanchami
कोटा स्थित कैंप कार्यालय में आज बड़ी संख्या में क्षेत्रवासियों से मुलाकात कर उनकी बातों को ध्यानपूर्वक सुना। प्राप्त समस्याओं और सुझावों के समाधान के लिए संबंधित अधिकारियों को त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए।
#Kota
वन्दे मातरम्।
संसदीय क्षेत्र कोटा में आज राष्ट्रगीत ‘वन्दे मातरम्’ के 150 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में सम्मिलित हुआ। यह दिन हम सभी के लिए गर्व और प्रेरणा का प्रतीक है। 150 वर्ष पूर्व बंकिम चंद्र चट्टोपाध्याय जी ने जब ‘वन्दे मातरम्’ की रचना की, तब उन्होंने केवल एक गीत नहीं लिखा, बल्कि राष्ट्र की आत्मा को स्वर दिया। यह गीत स्वतंत्रता संग्राम की प्रेरणा बना, जिसने हर भारतीय के मन में मातृभूमि के प्रति प्रेम और त्याग की भावना जगाई।
आज जब हम इस गीत के 150 वर्ष पूरे होने पर नमन करते हैं, तो यह अवसर स्मरण के साथ संकल्प का भी है। आइए, हम सब मिलकर यह प्रण लें कि अपने कर्म और परिश्रम से आत्मनिर्भर और विकसित भारत के निर्माण में अपना योगदान देंगे। ‘वन्दे मातरम्’ भारत की आत्मा की वह आवाज़ है, जो हर हृदय में राष्ट्रभक्ति और सेवा की भावना जगाती है।
#kota
#VandeMataram
शुभ दीपावली! 🪔
आप सभी को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएँ एवं बधाई। यह पावन पर्व आप सभी के जीवन को सुख, समृद्धि, सौभाग्य एवं आरोग्यता के धवल प्रकाश से दीप्त करे यही प्रार्थना है।
#HappyDiwali
भारत रत्न से सम्मानित, महान स्वाधीनता सेनानी, उत्तर प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री और भारत के पूर्व गृहमंत्री पंडित गोविंद बल्लभ पंत जी की जयंती पर भावपूर्ण नमन।
राष्ट्र और समाज की सेवा में समर्पित उनका जीवन सदैव मार्गदर्शक रहेगा।
#GovindBallabhPant#गोविंद_बल्लभ_पंत
दिनांक 30 जुलाई 2025 को श्रीहरिकोटा स्थित सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से GSLV-F16 रॉकेट के माध्यम से NASA-ISRO सिंथेटिक अपर्चर रडार (NISAR) सैटेलाइट का सफल प्रक्षेपण, भारतीय अंतरिक्ष विज्ञान की एक ऐतिहासिक उपलब्धि है।
यह अपनी तरह का पहला संयुक्त मिशन है, जिसे सूर्य समकालिक ध्रुवीय कक्षा में स्थापित किया गया है। माइक्रोवेव इमेजिंग तकनीक पर आधारित यह उपग्रह वैश्विक भू-परिस्थितिकी तंत्र एवं समुद्री क्षेत्रों के अध्ययन में सहायक सिद्ध होगा।
सदन की ओर से इस महत्त्वपूर्ण सफलता के लिए इसरो एवं नासा से जुड़े समस्त वैज्ञानिकों को हार्दिक बधाई प्रेषित की गई तथा भावी अंतरिक्ष अभियानों की सफलता की कामना की गई।
यह उपलब्धि देश के वैज्ञानिक सामर्थ्य का प्रतीक है, जो भावी पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगी।
बंदउँ श्री तुलसी के चरण, जिन्ह कीन्हेऊ जग काज।
कलि समुद्र बूड़त लखेउ, प्रगटेउ सप्त जहाज॥
चित्रकूट की पुण्य भूमि से प्रेरणा पाकर, भक्ति की अखंड धारा में प्रभु श्रीराम के चरित्र को जन-जन के हृदय तक पहुँचाने वाले महाकवि गोस्वामी तुलसीदास जी की जयंती पर श्रद्धापूर्वक वंदन।
उनकी कालजयी रचना श्रीरामचरितमानस केवल एक महाकाव्य नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति का वह जीवनग्रंथ है, जो आस्थावान जनमानस के कंठहार और आत्मा का आलंबन बन चुका है।
तुलसीदास जी ने लोकभाषा को माध्यम बनाकर प्रभु श्रीराम के आदर्शों, मर्यादा, करुणा, नीति, त्याग और धर्म को प्रत्येक गृहस्थ के जीवन का अंग बना दिया। उनके शब्दों में भक्ति की माधुरी, दर्शन की गंभीरता, काव्य की सरसता और लोकजीवन की सजीव संवेदना का अद्भुत समन्वय है। रामचरितमानस वह दीप है, जिसकी लौ युगों-युगों तक जीवन के अंधकार में मार्गदर्शन करती रहेगी। उन्होंने विनय पत्रिका, कवितावली, दोहावली, गीतावली, वैराग्य संदीपनी जैसे कई अमूल्य ग्रंथों की रचना कर भारतीय अध्यात्म और आस्था को अक्षुण्ण बनाए रखने में विलक्षण योगदान दिया।
ऐसे युगद्रष्टा संतकवि को श्रद्धा, कृतज्ञता और भक्ति के भाव से कोटिशः नमन, युगों-युगों तक जिनकी वाणी भारत की सांस्कृतिक चेतना और भक्ति की धारा को जनमानस के हृदय में प्रवाहित करती रहेगी।
प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के ‘मन की बात’ कार्यक्रम का 124 वाँ एपिसोड नयापुरा मंडल कोटा शहर पर सभी भारतीय जनता पार्टी कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर सुना।
कार्यक्रम में प्रधानमंत्री जी ने कई अहम मुद्दों पर अपने विचार साझा किए, जो सभी के लिए प्रेरणादायक रहे।
#MannKiBaat
कोटा के जे.के. लोन अस्पताल परिसर में ‘रामाश्रय भवन’ के शिलान्यास के साथ एक संवेदनशील और जनसरोकार से जुड़ी पहल की शुरुआत हुई है। यह भवन संपूर्ण हाड़ौती क्षेत्र और सीमावर्ती इलाकों से आने वाले हजारों मरीजों के तीमारदारों को सभी तरह की सुविधा मिलेगी
#kota#bundi
स्वतंत्र भारत में संसदीय लोकतंत्र की यात्रा कि शुरुआत के प्रथम अध्याय के रूप में 13 मई का दिन अत्यंत ही महत्वपूर्ण हैं, आज ही के दिन भारत की पहली लोकसभा का पहला सत्र शुरू हुआ था। श्री गणेश वासुदेव मावलंकर जी की अध्यक्षता में सभी नवनिर्वाचित 499 सांसदों ने शपथ ली, और देश में लोकतंत्र की मजबूत नींव रखी गई।
तब से लेकर आज तक, भारत की संसद ने संविधान के रास्ते पर चलते हुए कई ऐतिहासिक फैसले लिए। संविधान के 75 गौरवशाली वर्षों के दौरान, इस सदन ने अनेक ऐतिहासिक विधेयकों को पारित करते हुए भारत को 140 करोड़ नागरिकों के कल्याण के लिए समर्पित, विश्व की सबसे तेज़ी से बढ़ती अर्थव्यवस्था के रूप में स्थापित किया है।
यह सदन सिर्फ कानून बनाने की जगह नहीं है, यह उस भरोसे का प्रतीक है जो हम भारतीयों ने अपने लोकतंत्र में जताया है। आज इस अवसर पर हम सब मिलकर उस लोकतांत्रिक परंपरा के प्रति सम्मान व्यक्त करते हैं जिसने भारत को विश्व में एक सुदृढ़ और उन्नत राष्ट्र के रूप में स्थापित किया है।
इन बीते वर्षों में लोकसभा ने सदैव जनता की भावना को प्राथमिकता दी है। मेरी यही कामना है कि आने वाले समय में भी यह सदन लोकतंत्र की जड़ों को और अधिक मजबूत करता रहे।
#लोकतंत्र_का_उत्सव
14 मई भारतीय लोकतंत्र के इतिहास में एक अत्यंत महत्वपूर्ण दिन है। 1954 में आज ही के दिन, तत्कालीन लोकसभा अध्यक्ष श्री जी.वी. मावलंकर ने यह ऐतिहासिक घोषणा की थी कि 'House of the People' को अब 'लोकसभा' के नाम से जाना जाएगा।
'लोकसभा' संविधान के प्रति निष्ठा, जनता की आकांक्षाओं और राष्ट्रहित में लिये गए निर्णयों की सजीव संस्था है। देश की नीतियों की दिशा, जनहित के विधानों का निर्माण और लोकतांत्रिक विमर्श की सबसे प्रामाणिक भूमि यही लोकसभा है। यह वह मंच है जहाँ भारत की विविधता एकता में बदलती है, और जहाँ हर नागरिक की आवाज़, विचार और अधिकार को प्रतिनिधित्व मिलता है।
'लोकसभा' केवल एक सदन नहीं, बल्कि भारतीय लोकतंत्र की आत्मा है।
इस दिन को याद करना भारत की लोकतांत्रिक परंपरा के प्रति आदर भाव प्रकट करना है।