शर्म है कि शिक्षा मंत्री को आती नहीं!
NEET रद्द होना बड़ी बात नहीं,कुर्सी जाएगी तब होगी?
Paper Leak के बाद राजस्थान के शिक्षा मंत्री Madan Dilawar @madandilawar का वाहियात बयान।
जिन बच्चों की जान गई,जो मानसिक रूप से प्रताड़ित हैं, उनको मंत्री जी सामने से बोल पाएंगे…कोई बड़ी बात नहीं?
टीवी चैनलों पर बैठे भाजपाई अर्थशास्त्री आंकड़ों से कम और भक्ति से ज्यादा काम करते हैं। देश की अर्थव्यवस्था की सच्चाई छुपाकर सिर्फ सरकार का गुणगान करना कोई राष्ट्रसेवा नहीं है।
इस वीडियो में उनके चेहरे से वह नकाब हटाया गया है, जिसके पीछे जनता के सवालों से भागने की राजनीति छुपी हुई है। हर जागरूक नागरिक से निवेदन है, वीडियो जरूर देखें!
मोदी जी ने कल जनता से त्याग मांगे - सोना मत ख़रीदो, विदेश मत जाओ, पेट्रोल कम जलाओ, खाद और खाने का तेल कम करो, मेट्रो में चलो, घर से काम करो।
ये उपदेश नहीं - ये नाकामी के सबूत हैं।
12 साल में देश को इस मुक़ाम पर ला दिया है कि जनता को बताना पड़ रहा है - क्या ख़रीदे, क्या न ख़रीदे, कहां जाए, कहां न जाए। हर बार ज़िम्मेदारी जनता पर डाल देते हैं ताकि ख़ुद जवाबदेही से बच निकलें।
देश चलाना अब Compromised PM के बस की बात नहीं।
Here is Media & Publicity Department Chairman @Pawankhera ji with new revelations and more questions for Assam’s corrupt Chief Minister Himanta Biswa Sarma from an undisclosed location.
असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा गंभीर भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरे हुए हैं। बजाए सवालों का जवाब देने के अपनी पुलिस की धौंस दिखा रहे हैं।
पवन खेड़ा जी कांग्रेस पार्टी के मजबूत सिपाही हैं- वो इन गीदड़ भभकियों से डरने वाले नहीं हैं।
उन्होंने आपसे पहले भी सवाल पूछे हैं, आज और भी नए सवालों के साथ आपके सामने हैं। हिम्मत है तो जवाब दीजिए, पुलिस के पीछे छिपकर और अमर्यादित भाषा बोलकर कुछ होगा नहीं।
असम की जनता आपका सारा कच्चा चिट्ठा जान चुकी है- कल आपके खिलाफ फैसला सुनाएगी।
जय हिंद 🇮🇳
कांग्रेस के लिए लड़ रहे मजबूत सिपाही पवन खेड़ा के लिए इस हैशटैग पर सभी लोग पोस्ट जरूर करें।
कांग्रेस का सिपाही , पवन खेड़ा भाई 🔥🔥🔥
अगर पोस्ट नहीं कर सकते तो आरटी करके इसे आगे बढ़ायें।
#SachKaSathiPawanKheda
जनता भी खूब मज़े ले रही है!
व्यंग का अलग लेवल है 👇
• “गैस की कमी बिल्कुल नहीं है. एक पर एक मुफ्त सिलेंडर मिल रहा है. पुलिस 2 गैस सिलिंडर लिए बिना जाने नहीं दे रही
• 1 लीटर पेट्रोल के दाम में जबरन 5 लीटर मिल रहा है”
ऊना की चीख आज भी इंसाफ के दरवाज़े पर दस्तक दे रही है।
बीते 10 सालों से पीड़ित न्याय के लिए दर-दर भटक रहे हैं।
अपमान, हिंसा और हत्या - BJP शासित गुजरात में दलितों, आदिवासियों की यही हकीकत बना दी गई है।
मोदी जी के इसी असंवैधानिक और अन्यायपूर्ण मॉडल को पूरे देश पर थोपा जा रहा है।
एकतरफा स्टोरी चलाकर लोगों को गुमराह करना भाजपा और उसके अंधभक्तों की पुरानी रणनीति रही है। मेरी चुप्पी को मेरी कमजोरी समझने की भूल मत कीजिए, चुप इसलिए था क्योंकि मैं स्वाभिमानी इंसान हूँ, लेकिन जब बोलूँगा तो शब्द नहीं, सच का समंदर उमड़ेगा।कुछ दिन पहले पूरा तंत्र एक व्यक्ति को घेरकर खड़ा है, भाजपा और उसके समर्थन में बैठे तथाकथित ‘राजनीतिक विश्लेषक’ रोज़ टीवी स्टूडियो में बैठकर देशभक्ति के नाम पर जनता की भावनाओं से खेलते हैं, सच से बचते हैं और झूठ का माहौल बनाने की कोशिश करते हैं।
सबसे चिंताजनक बात यह है कि टीवी की इन बहसों में एक सुनियोजित रणनीति के तहत सत्ता समर्थक चेहरे और कुछ तथाकथित विश्लेषक मिलकर विपक्षी दलों के प्रवक्ताओं को निशाना बनाते हैं, चार-चार लोग एक साथ बोलकर, बीच में टोककर, शोर मचाकर उनकी आवाज़ दबाने का प्रयास करते हैं, ताकि सच जनता तक न पहुँच सके।
यहाँ तक कि कई बार बहस में इस तरह का मेंटल प्रेशर बनाया जाता है, कि विपक्षी प्रवक्ता को डिबेट छोड़ने तक के लिए मजबूर किया जाता है। यह लोकतांत्रिक संवाद नहीं, बल्कि सुनियोजित दबाव की राजनीति है।
हमें आज भी वह दिन याद है जब मेरे बड़े भाई राजीव त्यागी जी टीवी बहस के बाद हम सबको छोड़कर चले गए थे। उस दिन पूरे देश ने देखा था, कि किस तरह की भाषा, किस तरह का दबाव और किस तरह का माहौल टीवी स्टूडियो में बनाया जाता है। मेरे बड़े भाई राजीव त्यागी को आज भी कोई कांग्रेसी भूल नहीं पाया है, और शायद कभी भूल भी नहीं पाएगा। वह सिर्फ एक प्रवक्ता नहीं थे, वह विचार और साहस की आवाज़ थे।
जिस इंसान के बचाव में आज भाजपा खड़ी है, उनके पुराने बयान और ट्वीट देख लीजिए!
महिलाओं के लिए अभद्र भाषा, वरिष्ठ नेताओं के लिए अपमानजनक शब्द, और सार्वजनिक जीवन की सारी मर्यादाओं को तार-तार करने का इतिहास। फिर भी आज उन्हें ढाल बनाकर विपक्ष की आवाज़ दबाने की कोशिश की जा रही है। यह राजनीति नहीं, नैतिक दिवालियापन है।
जहाँ तक सेना के सम्मान की बात है, मेरे अपने परिवार के कई सदस्य देश की सेवा में रहे हैं। मुझे राष्ट्रभक्ति और संस्कार का पाठ पढ़ाने से पहले अपने शब्दों और आचरण पर भी एक नज़र डाल लीजिए।
टीवी की इन बहसों में सच बोलने की बारी आती है, तो शोर मचाकर उसे दबाने की कोशिश होती है। चार लोग एक तरफ बैठते हैं और एक आवाज़ को रोकने की कोशिश करते हैं। लेकिन सच की ताकत यह है कि वह अकेला होकर भी भारी पड़ता है।
समय बदल चुका है। अब झूठ का शोर सच की आवाज़ को दबा नहीं सकता।
जैसी भाषा और राजनीति करोगे, वैसा ही जवाब मिलेगा।
तुम्हारे सौ झूठों पर मेरा एक सच हमेशा भारी था, है और रहेगा।
हम न झुकेंगे, न डरेंगे, न चुप रहेंगे,
लड़ेंगे भी और जीतेंगे भी।
पहले लड़ाई गोरों से थी,
अब लड़ाई वोट चोरों से है।
मोदी जी एक दिन संसद में नहीं गए, बोले महिलाएं मिलकर पीटेंगी।
अरे मोदी जी… आपको महिलाओं से डर लगता है, आपको सोनम वांगचुक से डर लगता है, आपको ट्रंप से डर लगता है, आपको केजरीवाल से डर लगता है।
ऐसे डर-डर के कैसे जिओगे मोदी जी ?
I welcome the hike in NRI investment limit. It will unlock ‘Diaspora Capital.’ However, we must also ask why FIIs and foreign portfolio investors are pulling money out of India.
In Parliament, I acknowledged the enhancement in the NRI investment limit. It gives nearly 32 million NRIs a bigger window to invest in India. But it only came after foreign investors pulled out about 23 billion in the last one year.
Along with opening the door for NRIs, the government must address the underlying reasons behind the foreign money outflow.
Because if we desire ‘sustainable capital flows’ then we must restore confidence, not just raise limits.
#UnionBudget2026 #BudgetSpeech
सत्यमेव जयते 🙏
अरविंद केजरीवाल जी ने अपना पूरा जीवन पूरी ईमानदारी से जिया है, उनका एक ही लक्ष्य है कि भारत खूब तरक्की करे।
लेकिन इन लोगों ने सत्ता के लालच में हमारे ऊपर तमाम झूठे आरोप लगाए, अरविंद केजरीवाल जी और उनके साथियों को बदनाम और परेशान किया।
इस मुश्किल समय में जिन लोगों ने हमारा साथ दिया, मैं उनका धन्यवाद करती हूँ।
— @KejriwalSunita जी
#KattarImaandarKejriwal
‘मैंने सिर्फ ईमानदारी कमाई है, भ्रष्ट नहीं हूं’
दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने शराब नीति से जुड़े मामले में अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और विजय नायर को सभी आरोपों से बरी कर दिया है. फैसला आने के बाद केजरीवाल मीडिया से बाते करते वक्त भावुक हो गए. देखिए-