ऐसे होते हैं मुख्यमंत्री।
CM विजय थलापति तमिलनाडु के सारे सिस्टम को दुरुस्त कर रहे हैं, एक बार सिस्टम टाइट हो जाए तो सरकार की हर योजना लोगों तक आसानी से जाती है।
और जब अधिकारियों को ये पता हो कि CM कभी भी आ सकते हैं तो कुछ भी गलत करने के बारे में सोच तक नहीं सकते।
कैसे बदली राहुल गांधी की राजनीति, क्या अब उन्हें ज्यादा सुना जा रहा है?
बता रही हैं वरिष्ठ पत्रकार नीरजा चौधरी.
देखें इंडियन एक्सप्रेस का नया पॉलिटिकल शो - साम दाम दंड भेद
हर शनिवार सुबह 9 बजे, इंडियन एक्सप्रेस हिंदी के यूट्यूब चैनल पर.
इसको कवर क्यों नहीं करते मीडिया वाले?
न्यूयॉर्क में 𝗥𝗦𝗦 की इवेंट का जमकर विरोध हुआ है, जिसमें बड़ी संख्या हिंदुस्तानियों की है। गोदी मीडिया इसे नहीं दिखा रहा, दिखाएगा भी नहीं।
हाथों में संविधान का किताब लेकर अपने मां-बाप को न्याय दिलाने के लिए वायरल बाय आदित्य कुमार धरने पर बैठ गए।
आदित्य कहना है कि मेरे माता-पिता को पुलिस के द्वारा पीटा गया है जब हम छात्रों के प्रदर्शन का समर्थन करने गए थे।
“चाय की दुकान पर कहते हैं - तुम डोम जाति से हो, इसलिए तुम्हें ग्लास में चाय नहीं देंगे.”
सुनिए इस महिला को
और फिर अगर रत्ती भर भी ईमानदारी हो तो यह मानिए कि भारत में छुआछूत की गंदी बीमारी की गहरी जड़ें हैं
राहुल गांधी ने सच कहा है - मुँह मोड़ने से काम नहीं चलेगा
अखिलेश यादव से बहस मतलब सबकुछ तहस- नहस 🔥🔥🔥🔥
अखिलेश यादव:— तुम्हारा नाम क्या है और किस चैनल से हो??
पत्रकार:— मेरा नाम ज्ञानेंद्र है और मै ZEE न्यूज से हूं।
अखिलेश यादव:— आपका news चैनल और उसका मालिक तो दोनों BJP के हाथों बिक चुके हैं आप यहां क्या कर रहे हैं??🤔🤔
अखिलेश जी को जब मौका मिलता है तो पूरा फायदा उठाते हैं।🔥🔥🔥
जयपुर में सुबह 9 बजे से होने वाली NEET-PG की परीक्षा 12 बजे तक शुरू ही नहीं हो पाई
अब यह परीक्षा 5 सितंबर को कराई जाएगी
मोदी सरकार एक परीक्षा तो ठीक से करवा नहीं सकती
इनसे बस कोरी बकवास करा लो
राहुल गांधी समझ गए की सवर्ण अब बीजेपी को छोड़कर कहीं नहीं जाएगा इसलिए मनुस्मृति, छुआछूत का खुलकर विरोध कर रहे हैं
सभी विपक्षी पार्टियों को मनुस्मृति द्वारा फैलाए गए छुआछूत पर खुलकर बोलना चाहिए
अगस्त की दो जरूरी खबरें👇
• 10 अगस्त को एक खबर आई कि राष्ट्रमित्र अडानी जी ने उज्बेकिस्तान के निवेश मंत्री लाजिज कुद्रतोव से मुलाकात की.
इस मुलाकात में अडानी ग्रुप ने हाइड्रोपावर प्लांट में निवेश की दिलचस्पी दिखाई.
• 29 अगस्त को हमारे मोदी जी उज्बेकिस्तान पहुंच गए.