Ayatollah Khamenei had visited Alipur, A village in Chikkaballapur district, Karnataka in 1986 to inaugurate a hospital built with assistance from the Iranian govt. Shias accounts for 99% of the population in Alipur.
Trump-Israel’s attacks on Iran are absolutely condemnable. This, especially when Iran-US talks were going on in Geneva. More than 200 people have been killed across Iran, including 108 who were killed when strikes hit a girls' school. Ayatollah Khamenei’s assassination is an immoral and unlawful act. My sincere condolences. These attacks on Iran should stop at the earliest, otherwise the whole region will be embroiled in instability. We must remember that 10 million Indians work in this region.
Israel’s attack on Iran and Pakistan’s on Afghanistan shows us that Israel and Pakistan are forces of aggression & mischief in their respective neighbourhoods.
Mout Ki Lekin Dil-e-Dana Ko Kuch Parwa Nahin
Shab Ki Khamoshi Mein Juz Hangama-e-Farda Nahin
Mout Ko Samjhe Hain Ghafil Ikhtitam-e-Zindagi
Hai Ye Sham-e-Zindagi Subah-e-Dawam-e-Zindagi
अमेरिका की गंदी राजनीति हमेशा से ही रही है! समय समय पर अमेरिका ने मुस्लिम कंट्री के बादशाहों पर इल्जाम लगा लगा कर उनकी सत्ता का अंत तो करा ही करा लेकिन धोखे से उनको मार दिया या मरवा दिया!
सबसे पहले उनको लगा कि इराक खाडी देशों मै सबसे ज्यादा मजबूत हो रहा है, ओर सद्दाम हुसैन अमेरिका की गलत नीतियों का विरोध भी करता रहा था, तो उनके ऊपर युद्ध थोप दिया ओर एक खुशहाल देश को बर्बाद कर दिया!
(1)इराक युद्ध 2003 अमेरिका ने इराक पर सामूहिक विनाश के हथियार रखने का आरोप लगाकर हमला किया, जिसके बाद सद्दाम की सत्ता का अंत हो गया!
30 दिसंबर, 2006 को उन्हें फांसी दे दी गई थी!
मुअम्मर गद्दाफी लीबिया के बादशाह होते हुए भी टेंट मै रहता था! अपनी जनता के लिए जान न्योछावर करता था अमेरिका की गलत नीतियों का विरोध करता था, अमेरिका के कहने पर व्यापार नहीं करता था! इन्हें बातों से खटक गया !
(2) अंत: 2011 में 'अरब स्प्रिंग के दौरान लीबिया में गृहयुद्ध छिड़ गया था अमेरिका का पूरा हाथ था इसमें तथा NATO) के हस्तक्षेप और विद्रोहियों के हमले के बाद, अक्टूबर 2011 में उनके गृहनगर सिरते में उनकी मृत्यु हो गई! अमेरिका की आंखों को सुकून मिला!
(3) आज सारी दुनिया ने देखा एक मर्द मुजाहिद को इजराइल वे अमेरिका के हाथों मरवा दिया गया!
एक ऐसा नाम अयातुल्लाह अली ख़मनाई ईरान का सुप्रीम नेता गद्दारों की वजह से शहादत को प्राप्त हुए!
इन्होंने अमेरिका के सामने झुकना पसंद नहीं किया, मौत को तो गले लगा लिया!
गद्दारों की तरह एसो आराम की जिंदगी को पसंद नहीं किया, अपने जमीर का सौदा नहीं किया!
ऐसे शेर कभी कभी पैदा होते हैं! RT #Khamenei #Iran
86 साल का बूढ़ा आदमी झुका नहीं , बल्कि अपने देश की सुरक्षा के लिए खड़े रहे , उन्होंने सरेंडर होने से शहीद होना बेहतर समझा.!
या शहीद अस्सलाम 🫡
#Khamenei
पिछले दो दिनों से मुफ्ती शमाइल नदवी के खिलाफ झूठा प्रोपेगेंडा फैलाने और उनके खिलाफ कार्रवाई की मांग करने वाले संघी और लिबरल क्या उन बाबाओं के खिलाफ भी कार्रवाई की मांग करेंगे, जो खुलेआम धर्म को संविधान से ऊपर बता रहे हैं?
@MR_COOL77777 उमर खालिद की यहीं सब बातेँ सरकार को पसंद नहीं आई जिसकी वजह से 5 से ज्यादा हो गए उमर खालिद बिना ट्रायल के जेल में बंद है 💔
मिलाओ हाथ एक और कोशिश करते हैं अपने भाई उमर के लिए लिखते 👉 #ReleaseUmarKhalid लिखिए RT तो रोकना ही मत आवाज़ उठाव ✊️
उमर खालिद की यहीं सब बातेँ सरकार को पसंद नहीं आई जिसकी वजह से 5 से ज्यादा हो गए उमर खालिद बिना ट्रायल के जेल में बंद है 💔
मिलाओ हाथ एक और कोशिश करते हैं अपने भाई उमर के लिए लिखते 👉 #ReleaseUmarKhalid लिखिए RT तो रोकना ही मत आवाज़ उठाव ✊️
मुसलामानों को दिल से सलाम जिन्होंने #ILOVEMOHAMMADﷺ इतना लिखा इतना लिखा कि ये इंटरनेशनल ट्रेंड बन गया अब तो विरोधी भी कॉपी करने लगे हैं
हम मुस्लिमों के लिए MOHAMMADﷺ बढ़कर कुछ नहीं है आज फिर से भर दो कमेंट्स box #ILOVEMOHAMMADﷺ से और इतने RT करो की विरोधियों के पसीने आ जय RT
सब धर्मों का सम्मान जरूरी है। सस्ती TRP के लिए ऊलजलूल बक देना अभिव्यक्ति की आजादी नहीं होती।
ये वही शुभांकर है जो शर्मिष्ठा की गिरफ्तारी को गलत ठहराते हुए वीडियो बना रहा था।
इसकी गिरफ्तारी तक रीट्वीट नहीं रुकने चाहिए।
#ArrestShubhankarMishra
शुभांकर मिश्रा का हालिया कृत्य बेहद निंदनीय है। शंकराचार्य के साथ पॉडकास्ट में शिवलिंग को लेकर भड़काऊ सवाल पूछना और फिर काबा शरीफ़ की तस्वीर में एडिट करके शिवलिंग जोड़ना न सिर्फ़ बेहद आपत्तिजनक है, बल्कि पत्रकारिता के मूल्यों के खिलाफ भी है।
उन्हें तुरंत माफ़ी मांगनी चाहिए और वादा करना चाहिए कि भविष्य में ऐसी गैरजिम्मेदाराना हरकत नहीं दोहराएंगे। पत्रकारिता का काम समाज को जोड़ना है, तोड़ना नहीं।
तू पत्रकारिता करो दालाली करो या किसी का गले का पट्टा बनो हमें मतलब नहीं है , लेकिन हमारी आस्था के साथ ऐसा खेलवाड़ करने का अधिकार नहीं है तुमको , और न ही हमें बरदाश्त है ,,
इसकी गिरफ्तारी तक रीट्वीट नहीं रुकने चाहिए। #ArrestShubhankarMishra
इसके लिए I stand लिखने वाले अगर कोई भगवान राम को गाली दे तो क्या उसकी जगह भी i stand लिखोगे...🤔
तुम्हारी आस्था आस्था है और मुसलमानों की आस्था आस्था नहीं है क्या...🤔
ये किसी को भी गाली दे कोई कुछ नहीं बोल रहा है सलमान शाहरुख अमीर खान किसी को भी गाली दे या फिर उनके सामने अपनी टांगे फैला दे कोई कुछ नहीं बोलेगा...
इसने गलती की है प्रोफेट मोहम्मद को गाली देकर इसके लिए इसे जेल में जाना ही पड़ेगा साथ में माफी भी मांगनी पड़ेगी...
थोड़े से लाइक व्यूज के लिए किसी के धर्म को ठेस पहुंचाना और उनके धर्म को निचा दिखाना कोई धर्म नहीं सिखाता....
अगर i stand की जगह माफी मांगने को लिखे होते या बोलते तो बात इतना आगे तक नहीं जाता नहीं इसका करियर बर्बाद होता....
गांव की एक कहावत है...
हम तो डूबेंगे सनम
तुम को भी ले डूबेंगे...
#ArrestSharmishta