उत्तर प्रदेश जिला जालौन में उरई से मात्र 35 किलोमीटर दूर स्थित पौराणिक महत्व के गाँव सैदनगर की कहानी स्थानीय मान्यताओं के अनुसार त्रेतायुग में रावण द्वारा सीताहरण की लीला से जुड़ी बताई जाती है।
#RuraI#RuraIHeritage#Heritage#UttarProdeshCountryside#VilIage
बुन्देलखण्ड की जीवनरेखा कही जाने वाली बेतवा नदी के किनारे बसे इस गाँव में प्रत्येक वर्ष हजारों पर्यटक यहाँ स्थित राज राजेश्वरी अक्षरा माता मंदिर, पवित्र कुंड और रक्तदंतिका मंदिर में दुर्गा देवी के दिव्य स्वरूप को निहारने ���र पूजा अर्चना करने के लिये आते रहते हैं।
बुन्देलखण्ड की जीवनरेखा कही जाने वाली बेतवा नदी के किनारे बसे इस गाँव में प्रत्येक वर्ष हजारों पर्यटक यहाँ स्थित राज राजेश्वरी अक्षरा माता मंदिर, पवित्र कुंड और रक्तदंतिका मंदिर में दुर्गा देवी के दिव्य स्वरूप को निहारने और पूजा अर्चना करने के लिये आते रहते हैं।
उत्तर प्रदेश जिला जालौन में उरई से मात्र 35 किलोमीटर दूर स्थित पौराणिक महत्व के गाँव सैदनगर की क��ानी स्थानीय मान्यताओं के अनुसार त्रेतायुग में रावण द्वारा सीताहरण की लीला से जुड़ी बताई जाती है। #RuraI #RuralHeritage #Heritage #UttarPradeshCountryside #Village
सैदनगर,उत्तर प्रदेश जिला जालौन में उरई से मात्र 35 किलोमीटर दूर स्थित पौराणिक महत्व के गाँव सैदनगर की कहानी स्थानीय मान्यताओं के अनुसार त्रेतायुग में रावण द्वारा सीताहरण की लीला से जुड़ी बताई जाती है।
#RuraI#RuralHeritage#Heritage#UttarPradeshCountryside