माननीय मुख्यमंत्रीजी अपने ही राज्य में कुछ अधिकारियों के द्वारा बेसिक शिक्षकों का शोषण किया जा रहा है उसी की पणिनिति है कृपया संज्ञान लेने का कष्ट करें
मा मुख्यमन्त्री जी बेसिक शिक्षा विभाग के भ्रष्ट अधिकारियों ने सुल्तानपुर के एक शिक्षक की जान ले ली ।मृतक शिक्षक के परिजन आरोपी अधिकारी के विरुद्ध FIR की माँग कर रहे है जबकि स्थानीय प्रशासन बल पूर्वक अंतिम संस्कार कराना चाहता है
कृ संज्ञान लेकर आवश्यक निर्देश देने की कृपा करें
आदरणीय प्रदेशअध्यक्ष डॉ दिनेश चंद्र शर्मा जी निर्विरोध प्रदेश अध्यक्ष पुनः निर्वाचित होने पर जनपद मुरादाबाद के जिलाध्यक्ष आदरणीय सर्वेश कुमार शर्मा निर्विरोध मांडलिक मंत्री मंडल मुरादाबाद तथा जिला उपाध्यक्ष श्रीमती रेहाना नेगी निर्विरोध प्रचारमंत्री प्रदेश को बहुत बहुत बधाई
#बेसिक_शिक्षा_का_भ्रष्टाचार
बीएसए बदायूं के भ्रष्टाचार और तानाशाही के विरुद्ध संगठन लगातार आवाज उठा रहा है ।लेकिन विभाग के कुछ अधिकारी लगातार बी एस ए बदायूं के भ्रष्टाचार पर पर्दा डालने पर लगे हैं उसका ख़ामियाज़ा आज गरीब लोगों को भुगतना पड़ा है।भ्रष्टाचार के कारण गरीब परिवारों के 5 सदस्यों की जान चली गई जिसके लिए बीएसए बदायूं सीधी जिम्मेदार हैं. ग़ैर मान्यता प्राप्त कोई भी विद्यालय संचालित न होने का प्रमाण पत्र देने के बाद भी मिली भगत से बदायूं में गैर मान्यता प्राप्त विद्यालय चल रहा था जिसके कल 4छात्र व एक वाहन चालक काल के गाल में समा गए।अभी भी समय है कि सरकार को ऐसे भ्रष्ट बीएसए के खिलाफ कार्रवाई करके भविष्य में होने वाली जनहानि को रोका जाए।
बिहार की विधान सभा में नेता विपक्ष जोकि बीजेपी से हैं बिहार के शिक्षकों के सम्बन्ध में एक दम सही बात कह रहे हैं ।मगर ऐसा लग रहा है जैसे यूपी वाले साहब के बारे में बात कर रहे हों।
बिहार की विधान सभा में नेता विपक्ष जोकि बीजेपी से हैं बिहार के शिक्षकों के सम्बन्ध में एक दम सही बात कह रहे हैं ।मगर ऐसा लग रहा है जैसे यूपी वाले साहब के बारे में बात कर रहे हों।
खुली लूट उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ जो कह रहा है वह समाचार पत्रों में यह ख़बर पुष्टि करती है कि अधिकारियों की खुली लूट का क्या आलम है और तो और अध्यापकों के कागज़ों पर फ़र्ज़ी लोन भी
उत्तर प्रदेश के शिक्षक एवं संगठन लगातार कह रहे हैं कि बेसिक शिक्षकों का अकारण निलंबन व वेतन अवरुद्ध करके उनका वेतन लूटा जा रहा है।
उसी का यह परिणाम है लेकिन कम्प्यूटर सहायक तो माध्यम मात्र है इसके द्वारा ली जा रही घूस की धनराशि कहाँ कहाँ बँट रही है उन पर कार्यवाही कब और कौन करेगा ?
जानबूझकर शोषण सोची समझी रणनीति,हमें सरकार विरोधी बताया जा रहा है कि जबकि सब इनका ही अपने ऐप बेचे जा सके .माननीय मुख्यमंत्रीजी ध्यान देने वाली बात है कि प्रदेश का कोई ज़िम्मेदार अधिकारी भी यानी बता सकता बेसिक शिक्षा में कितने ऐप डाउनलोड कराए जा चुके हैं और कितने रोज़ कराए जाएंगे
#शिक्षक_सम्मान_बचाओ
प्रदेश के हज़ारों शिक्षकों ने लखनऊ पहुँचकर स्पष्ट कर दिया कि शिक्षक सरकार से नहीं ,महानिदेशक महोदय की कार्यप्रणाली से त्रस्त हो चुका है।वार्ता में महासंघ के अध्यक्ष जी ने स्पष्ट कहा कि अकारण शिक्षकों के निलंबन व वेतन अवरुद्ध किये जा रहे हैं ।निलंबन से सेवा में बहाली का न्यूनतम रिश्वत एक लाख है ।उन्होंने कहा कि आप चाहें तो सोशल मीडिया या समाचार पत्र के माध्यम से सीधे सर्वे करा सकते हैं कि निलंबन या वेतन बहाली पर रिश्वत की दर क्या है ।शिक्षक बता देंगे कि भ्रष्टाचार का हाल क्या है।मुख्यमंत्री जी के आदेश पर प्रत्येक विभाग में बंपर प्रमोशन हुआ है लेकिन बेसिक शिक्षा विभाग में गत 6 वर्षों से एक भी प्रमोशन नहीं हुआ क्योंकि बीएसए के काम भी लखनऊ से संचालित हैं।मगर महोदय हैं कि शिक्षक हित की एक भी बात नहीं सुनना चाहते ।
सरकार भी निर्णय ले कि 5 लाख बेसिक शिक्षक व 65 हज़ार माध्यमिक शिक्षक व उनके परिवारों को अपमानित करने की स्वतंत्रता इन महोदय को न दी जाये।
अपने हितों व सम्मान के रक्षार्थ प्रदेश भर के शिक्षक अपना अवकाश लेकर गये थे लेकिन इनके निर्देश पर कल निरीक्षण करने वाले अधिकारियों ने शिक्षकों से यह कहते हुए अभद्रता की है कि “बहुत धरने पर जाते हो ,तुमको निलंबित करके नेता बना देंगे ,धरने पर जाना भूल जाओगे”।यह निरीक्षण कर्ता भ्रष्ट अधिकारी शिक्षकों को डरा नहीं पायेंगे ,न ही लोकतंत्र में अपने आबाज उठाने से रोक पायेंगे ।यह शिक्षकों और सरकार को आपस में लड़ाने का षड्यंत्र रच रहे हैं जिससे शिक्षक सरकार से लड़ते रहें और यह सुरक्षित रहें।लेकिन शिक्षक इनके षड्यन्त्र को जान चुका है और इनके भ्रष्टाचार के ख़िलाफ़ आख़िरी सांस तक संघर्ष करेगा ।
#लखनऊ_चलो
अपने मान सम्मान के रक्षार्थ बदायूँ धरने पर पहुँचे सभी साथियों को नमन ,2 घंटे की मूसलाधार बारिश भी आपके संकल्प को डिगा नहीं सकी ।आपकी एकता के आगे सिटी मजिस्ट्रेट बदायूँ ने मंच पर आकर ज़िलाध्यक्ष की बहाली का आदेश दिया और अवगत कराया कि बीएसए के सम्बन्ध में शासन द्वारा माँगी गई आख्या १८ ता को भेज दी गई है।
मित्रों विगत दो माह से आपके 18 सूत्रीय माँग पत्र पर आप आंदोलन कर रहे हैं उसी माँग पत्र में क्रमांक 19 पर 69000 बैच के शिक्षकों को ब्रिजकोर्स कराने तथा क्रमांक 20 पर बीएसए बदायूँ के विरुद्ध दंडात्मक कार्यवाही की माँग को जोड़कर 20 सूत्रीय माँग पत्र शासन को भेजा जा रहा है।माँगें न माने जाने पर 09 अक्टूबर से महानिदेशक स्कूल शिक्षा के समक्ष लखनऊ पर धरना दिया जायेगा।
तानाशाही के खिलाफ माननीय जनप्रतिधियों का शिक्षिकों के साथ आना जीवंत लोकतंत्र का एक शानदार उदाहरण है।
सभी सम्मानित जनप्रतिनिधियों का आभार व धन्यवाद।
लड़ेंगे-जीतेंगे।
बदायूं
➡बीएसए ने शिकायत वापस लेने की धमकी दी
➡प्राथमिक शिक्षक संघ के जिला अध्यक्ष को दी धमकी
➡फोन से व्हाट्सएप पर कॉल कर दी गई धमकी
➡जिला अध्यक्ष संजीव शर्मा ने लगाया गंभीर आरोप
➡धरना स्थगित, शिकायत वापसी को लेकर दी धमकी
➡बीएसए, जिला अध्यक्ष की बातचीत का ऑडियो वायरल
➡संजीव शर्मा ने स्वयं को और परिवार पर जताया खतरा
➡20 सितंबर को बीएसए की हठधर्मिता के खिलाफ प्रदर्शन.
#Budaun