150 वर्षों की यात्रा अपने आप में बताती है कि कुछ विचार कभी पुराने नहीं पड़ते। “वन्दे मातरम्” आज भी देश के इतिहास और राष्ट्रीय चेतना के बीच एक मजबूत सेतु है 🇮🇳 @SaurabhT_#VandeMataram150
“वन्दे मातरम् केवल एक गीत नहीं, यह भारत की राष्ट्रीय चेतना का स्वर है।”
राधेश्याम चैरिटेबल फाउंडेशन द्वारा वन्दे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय, मेरठ के अटल सभागार में आयोजित स्मरण उत्सव में राष्ट्रगीत के गौरव, उसके ऐतिहासिक महत्व और स्वतंत्रता आंदोलन में उसकी भूमिका पर अपने विचार रखे।
वन्दे मातरम् ने स्वतंत्रता संग्राम के दौरान देशवासियों में राष्ट्रभक्ति, त्याग और संघर्ष की भावना को जागृत किया। यह केवल शब्दों का गीत नहीं, बल्कि उस राष्ट्रीय चेतना का उद्घोष था जिसने भारत की स्वतंत्रता की आकांक्षा को जन-जन की शक्ति बनाया।
मैंने इस अवसर पर कहा कि भारत केवल एक भूखंड नहीं, बल्कि चैतन्य स्वरूप भारत माता है। वन्दे मातरम् इसी भाव का प्रकटीकरण है। इसलिए इसके इतिहास, भाव और राष्ट्रीय महत्व को समझना तथा आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाना हम सभी का दायित्व है।
वन्दे मातरम्। 🇮🇳
#VandeMataram150 #VandeMataram #VandeMatram150
“वन्दे मातरम् केवल एक गीत नहीं, यह भारत की राष्ट्रीय चेतना का स्वर है।”
राधेश्याम चैरिटेबल फाउंडेशन द्वारा वन्दे मातरम् के 150 वर्ष पूर्ण होने के अवसर पर चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय, मेरठ के अटल सभागार में आयोजित स्मरण उत्सव में राष्ट्रगीत के गौरव, उसके ऐतिहासिक महत्व और स्वतंत्रता आंदोलन में उसकी भूमिका पर अपने विचार रखने का अवसर मिला।
वन्दे मातरम् ने स्वतंत्रता संग्राम के दौरान देशवासियों में राष्ट्रभक्ति, त्याग और संघर्ष की भावना को जागृत किया। यह केवल शब्दों का गीत नहीं, बल्कि उस राष्ट्रीय चेतना का उद्घोष था जिसने भारत की स्वतंत्रता की आकांक्षा को जन-जन की शक्ति बनाया।
मैंने इस अवसर पर कहा कि भारत केवल एक भूखंड नहीं, बल्कि चैतन्य स्वरूप भारत माता है। वन्दे मातरम् इसी भाव का प्रकटीकरण है। इसलिए इसके इतिहास, भाव और राष्ट्रीय महत्व को समझना तथा आने वाली पीढ़ियों तक पहुंचाना हम सभी का दायित्व है।
उत्तर प्रदेश सरकार के समाज कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) एवं मेरठ के प्रभारी मंत्री श्री असीम अरुण जी सहित अन्य गणमान्यजनों की उपस्थिति ने कार्यक्रम की गरिमा बढ़ाई।
आज आवश्यकता है कि हम वन्दे मातरम् को केवल एक ऐतिहासिक स्मृति के रूप में न देखें, बल्कि उसके भीतर निहित राष्ट्रभक्ति, एकता, त्याग और भारत के प्रति कर्तव्यबोध को अपने जीवन में उतारें।
वन्दे मातरम्। 🇮🇳
#VandeMataram150 #VandeMataram #VandeMatram150 #राष्ट्रगीत #वन्देमातरम् #राष्ट्रचेतना #राष्ट्रजागरण #KalrajMishra #RadheyShayamCharitableFoundation #SaurabhTripathi #AsimArun #MinistryOfCulture #ChaudharyCharanSinghUniversity #Meerut #IRFC #BharatMata #NationalConsciousness
विद्यार्थियों की देशभक्ति से ओत-प्रोत सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने समारोह को और अधिक जीवंत बना दिया। अपने संबोधन में कहा कि युवा भारत की सबसे बड़ी शक्ति और विकसित भारत के महत्वपूर्ण आधार हैं।
आज आवश्यकता ऐसे युवाओं की है जो केवल रोजगार की तलाश तक सीमित न रहें, बल्कि नए अवसरों का सृजन करें, नई तकनीकों को अपनाएं और समाज एवं राष्ट्र की चुनौतियों के नए समाधान विकसित करें।
स्वतंत्रता दिवस हमें अपने अधिकारों के साथ राष्ट्र के प्रति अपने कर्तव्यों का भी स्मरण कराता है। ज्ञान, चरित्र, अनुशासन, नवाचार और राष्ट्रसेवा की भावना से ही सशक्त एवं विकसित भारत का निर्माण होगा।
समारोह का शुभारंभ भारत माता के चित्र पर पुष्प अर्पित कर एवं दीप प्रज्वलित कर किया गया। इसके पश्चात ‘वन्दे मातरम्’ के सभी अंतरों का सामूहिक गायन हुआ, जिसने पूरे सभागार में राष्ट्रप्रेम और उत्साह का वातावरण बना दिया।
इसके साथ ही उपस्थितजनों ने भारतीय संविधान की प्रस्तावना का सामूहिक वाचन कर संविधान के मूल आदर्शों और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
#VandeMatram #IndependenceDayCelebration
कार्यक्रम के दौरान संस्थान में स्थापित ईवी लैब का उद्घाटन एवं अवलोकन किया तथा विद्यार्थियों द्वारा तैयार किए गए ड्रोन एवं गो-कार्ट का प्रदर्शन देखा।
तकनीकी शिक्षा को प्रयोगात्मक ज्ञान, नवाचार और कौशल से जोड़ने वाली ये पहलें युवाओं को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम हैं।
स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर ग्रेटर नोएडा स्थित विक्रम साराभाई इंस्टीट्यूट ऑफ इंजीनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी (@vsiet_grnoida) में आयोजित समारोह में सहभागिता की।
@RadheyShayamCF द्वारा @MinOfCultureGoI, भारत सरकार के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में ध्वजारोहण किया तथा विद्यार्थियों, शिक्षकों एवं उपस्थितजनों के साथ स्वतंत्रता दिवस मनाया।
इस अवसर पर देश की स्वतंत्रता के लिए संघर्ष करने वाले स्वतंत्रता सेनानियों एवं बलिदानियों को स्मरण करते हुए उनके योगदान के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की। तिरंगा हमारे राष्ट्रीय गौरव, एकता और अखंडता का प्रतीक है तथा हमें देश के प्रति अपने कर्तव्यों का निरंतर स्मरण कराता है।
आज भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष, आदरणीय श्री @NitinNabin जी से शिष्टाचार भेंट और विभिन्न संगठनात्मक विषयों पर सार्थक चर्चा हुई। संगठन को और अधिक सशक्त एवं प्रभावी बनाने तथा राष्ट्रहित में निरंतर कार्य करने को लेकर विचार-विमर्श हुआ।
शिक्षा का भविष्य क्षणिक राजनीति का बंधक नहीं बन सकता। राष्ट्रहित में साहसिक निर्णय लेने के लिए केंद्रीय शिक्षा मंत्री श्री @dpradhanbjp जी को साधुवाद। जंतर-मंतर पर भ्रम फैलाकर दिए जा रहे धरने देश के युवाओं के भविष्य का समाधान नहीं हैं। Nation First, Self Last की भावना ही भारत के उज्ज्वल भविष्य का मार्ग प्रशस्त करेगी।
#DharmendraPradhan #EducationMinister