कोई नहीं बचाने आएगा, कोई चमत्कार नहीं होगा, कोई मदद नहीं आने वाला। परिवार, समुदाय, समाज सब हाथ खड़े कर देंगे, ईश्वर परीक्षा लेते-लेते मृत्यु दे देंगे।अंत मे बचोगे तुम और तुम्हारा साहस, जीने की चाह और सबसे जरूरी तुम्हारा 'धन'! सशक्त बनो,सोचो इस दुनिया मे तुम अकेले हो, खुद से लड़ो।
भगवत गीता मे श्री कृष्ण ने कहा है –
“तू करता वही है जो तू चाहता है,
पर होता वही है जो मैं चाहता हुँ
तू कर वही जो मैं चाहता हुँ..
फिर होगा वही जो तू चाहता है...♥️