क्या औरत
उपभोग की वस्तु है ?
पुरुष की ग़ुलाम है ?
सिर्फ़ बच्चे पैदा करने की मशीन है ?
पाकिस्तनियों को मजहबी अफ़ीम की गोलियाँ खिलाकर सारे मौलवी यही पाठ पढ़ाते हैं ..और लोग इसे ही सही मानते हैं
Radicalised religious indoctrination is curse on dignity of women in Pakistan !
Sad !
“विकास दुबे निर्दोष था”-अखिलेश यादव
एक दुर्दान्त अपराधी जो 60 से ज़्यादा मामलों में नामजाद अपराधी, 20 से ज्यादा हत्याओं में संलिप्त और 8 पुलिसकर्मियों का हत्यारा हो और वो निर्दोष ???
उसकी मौत पर इतना दर्द ..इतनी पीड़ा ??