@Pratyancha007 जानने से इनकार करना सजा नहीं सेल्फ रिस्पेक्ट खाने की , जिंदा लाश बना जाने के बाद ,उसको वही मौत मारना ही कर्तव्य है जो मौत दी ,उसे वही मौत विदाउट रिस्पेक्ट वाली पल पल की वही डिजर्व करता है आसानी से जाने देना तो कायरता है अगर सेल्फ रिस्पेक्ट बचाया ही नहीं तो सोचना क्या क्यों
@Lifecanvas12 कुछ हादसे असहनीय पीड़ादायक होते हुए भी अकेले लड़कर बाहर निकलने के बाद किसी के अपनेपन के बहकावे में आकर बीता हुआ कल खोलना बहुत बड़ी गलती है समाज के भूखे भेड़िये पहले अपनापन का दिखावा करके सब जान लेने बाद उन्हीं हादसों को गाली बनाकर मानसिक टॉर्चर करके बची हुई जिंदगी भी खा लेते है
@JyotiSharma___ ख्वाब नहीं पूरी जिंदगी में आग लगा कर जला कर रख कर दी , जीने की उम्मीद भी छीन ली इक ऐसी मौत मिली जहां सांस तो चल रही पर हर सांस एक श्राप है ....
@teacher_suyash@ashutoshUPPSS वैसे इस शिक्षक के बारे में आपकी क्या राय है अध्यक्ष जी ये भी शिक्षक जैसे प्रतिष्ठित पेशे पर कार्यरत है , बच्चों का भविष्य इस प्रतिष्ठित शिक्षक की शिक्षा से किस दिशा में जाएगा ये है भारत के बच्चों के भविष्य निर्माता इनकी बाणी में सरस्वती का ऐसा वास है कि की देवता भी नतमस्तक है
@DrishtiPCS सर जो एक फीमेल के साथ हमेशा पैरेंटिंग एब्यूजिंग लैंग्वेज यूस करता है वो मल्टीलैंग्वेज में आता है या उसकी कोई और कैटेगरी होती है , मनोविज्ञान में उसे किस कैटेगरी में परिभाषित किया है
@preeti_chobey ये बहुत कम है इन नीच कुत्तों को इतने बॉडी पार्ट्स के छोटे छोटे टुकड़े करो इनके साथ इनकी बेटी बहन को भी इनके सामने नंगा करो इन्हें अपनी बेटी बहन बच्ची लगती है दुसरे की बहन बेटी शारीरिक भोग का साधन इन कुत्तों को लोहे की गरम राड से जला जला तड़पा तड़पा मारो
@raahi_27 अपने साथ अपने परिवार को अपमान भरे शब्द सुनकर चुपचाप रो कर सह जाने वाली स्त्री सबको संस्कारी और अपमानित शब्दों का उपयोग न करने को मना करने वाली स्त्री को परवरिश ,संस्कार जैसे शब्दों से सुसज्जित करना हमारे सभ्य समाज के संस्कार हैं....
@do_lafz10 सबकुछ बहुत पहले ही खो चुका था मगर जिंदा थे ,किसी से देखा न गया मेरी साँसों का चलना ऐसे आया मरहम बनकर सारे घाव खरोच खरोच कर लाश बना गया ,साँसें तो अब भी चल रहीं मगर अब जिंदा नहीं हैं....
@KforKaizenn ये कुछ लोगों के साथ बदकिस्मती से होता है , शादी के बाद कुछ लड़कियों को छोड़कर कर घुट घुट मर रही होती है अपने मां ,बाप ,भाई की इज्जत के लिए सब सह रही बाहर झूठी मुस्कुराहट लिए खुश होने का दिखावा करके जी रही या ये कहूँ सांस ले रही
@mdtanveer87 इसके लिए जेल सजा काफी नहीं है इसकी बहन का रेप बीच चौराहे पर होना चाहिए लड़की के भाई ,बाप को इसकी मां ,बहन का बीच रोड में रेप करके नंगा छोड़ कर जाना चाहिए ,ऐसे नामर्द के उस अंग को ही काट कर फेक देना चाहिए
@Sharma_gril1 मौत का दूसरा नाम मुक्ति है, मौत वो खूबसूरत पल है जिसमें इंसान एक बार मर कर जीवन के सभी दुख ,दर्द संघर्ष से एक दिन में ही मुक्त हो जाता है और जिंदगी वो सफर है जिसमें वो पल पल मर कर रोज मरता है पर मुक्त नहीं हो पाता न इस जीवन से न संघर्ष से रोज अपने जीवन से .....