यौन उत्पीड़न, कपड़े खींचना और निजी अंगों पर हमला - लोकतंत्र के लिए आवाज़ उठाने वाली छात्राओं और महिलाओं के साथ दिल्ली पुलिस की बर्बरता शर्मनाक हदें पार कर रही है।
यह सब आवाज़ों को दबाने की उस साजिश का हिस्सा है, जिसमें इतना डरा दो, इतना अपमानित करो कि कोई दोबारा सवाल उठाने की हिम्मत ही न करे।
मोदी-शाह जानते हैं कि जिस दिन सत्ता हाथ से गई, उस दिन उनकी मनमानी की कहानी खत्म। उनका यही डर पुलिस तक पहुँचता है और हिंसा बनकर देश के युवाओं और महिलाओं पर टूट रहा है।
BJP's record in Goa: 15 years of misrule and loot. 15 years of chori.
Land chori. Paisa chori. Jobs chori. MLA chori. And above all, vote chori.
Together, let's tell the BJP: Goa is not for sale. Goa belongs to its people.
Tomorrow, 18 October, I will walk with you in the Goy Rakhonn (Save Goa) Yatra to defend Goa's identity, dignity and future.
Join me at 3:30 PM at Calconda.
#BreakingNews: अजमेर में BJP कार्यालय पर युवा कांग्रेस के साथियों ने पोती कालिख, पाकिस्तान प्रेमी मदन राठौड़ के खिलाफ लिखे नारे।
राजस्थान भाजपा अध्यक्ष मदन राठौड़ का पाकिस्तान प्रेम भाजपा की असली विदेश नीति है।
लेकिन हम देश के साथ गद्दारी करने वालों के खिलाफ इंकलाब बुलंद करते रहेंगे।
Delhi Police is refusing to register an FIR on the assault of our students.
Two young women, Athira from Kerala and Ritu from Rajasthan, along with many others, were beaten by Delhi Police.
I have spoken to Kerala Home Minister Ramesh Chennithala and Rajasthan PCC President Govind Singh Dotasra. A Zero FIR has already been registered in Kerala. We will pursue every legal route against the officers responsible, in Kerala, in Rajasthan and in the courts.
Brutality by Amit Shah's Delhi Police will not go unchecked.
In 1930, at Dharasana, Sarojini Naidu led unarmed satyagrahis into police lathis. Not one of them raised a hand. The world watched.
Police can break bones. They cannot break a satyagraha.
India's youth, especially young women, are fearless, determined and united. They are standing up for our democracy, and I stand with them.
Mr Rubio has summoned his employee to Mumbai.
Modi ji, your officials in the External Affairs Ministry are confused about what's going on.
You might want to explain.
Unless, of course, you want me to.
नेता विपक्ष श्री @RahulGandhi जी ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू जी को पत्र लिखकर कहा है कि अंकिता भंडारी के परिवार समेत कई लोग मानते हैं कि अंकिता हत्याकांड से दुष्यंत गौतम जुड़े हुए हैं।
ऐसे में सिक्किम के राज्यपाल के पद पर रहते हुए उनके खिलाफ कोई आपराधिक कार्यवाही नहीं हो सकती।
देश के लोकतंत्र के साथ ग़द्दारी करने वाले ज्ञानेश कुमार को इस्तीफ़ा तो देना पड़ेगा…
चुनावी लोकतंत्र को कमजोर करके सत्ता बचाई जा रही है।
लेकिन @RahulGandhi जी कांग्रेस पार्टी और देश का युवा इस लड़ाई से पीछे हटने वाले नहीं हैं।
@INCIndia@IYC@AdvRajendraPal@SupriyaShrinate
राष्ट्रपति महोदया,
19 साल की अंकिता भंडारी ने एक VIP के लिए अपनी गरिमा से समझौता करने से इनकार किया, जिसके कारण उसकी हत्या कर दी गई। चार साल बाद भी CBI की धीमी जांच के चलते यह सवाल बना हुआ है कि वो VIP कौन था।
अंकिता के परिवार समेत कई लोग मानते हैं कि दुष्यंत गौतम इस मामले से जुड़े हुए हैं। ऐसे में उनकी सिक्किम के राज्यपाल के पद पर नियुक्ति से मैं स्तब्ध हूं। राज्यपाल के पद पर रहते हुए उनके खिलाफ कोई आपराधिक कार्यवाही नहीं हो सकती।
दुष्यंत गौतम की नियुक्ति की सलाह देकर प्रधानमंत्री मोदी ने साबित किया है कि महिलाओं की सुरक्षा की उन्हें बिल्कुल परवाह ही नहीं है।
मैं आपसे अपील करता हूं कि सरकार को इस नियुक्ति पर पुनर्विचार करने और जांच पूरी होने तक दुष्यंत गौतम को पदभार न देने की सलाह दें।
अंकिता के माता-पिता की न्याय की उम्मीद मत टूटने दीजिए।
पंजाब में नशे के ख़िलाफ़ आवाज़ उठाना अब जानलेवा हो गया है। और यह भगवंत मान की AAP सरकार के राज में हो रहा है।
मानसा: 'नशा रोको, रोज़गार दो' अभियान चलाने वाले परविंदर सिंह झोटा को दिनदहाड़े गोली मार दी गई जो एक फ़ेसबुक लाइव पर साफ़ दिखी।
संगरूर - मुख्यमंत्री का अपना ज़िला: मज़दूर गुलज़ार सिंह ने मंत्री के सामने गाँव में नशे का सवाल उठाया। परिवार का आरोप है कि उसके बाद उन पर माफ़ी माँगने का दबाव डाला गया। उन्होंने अपनी जान दे दी।
संगरूर: नशे के ख़िलाफ़ बोलने वाले मोहनजीत सिंह पर हिरासत में यातना के आरोप - मामला अब हाईकोर्ट में है।
और झोटा की कहानी में एक बात और है। जब उन्होंने शिकायत की, तो FIR हुई और पुलिस ने बाद में झोटा को भी बुक कर दिया।
जिस सरकार में शिकायत करने वाला भी मुलज़िम बन जाए, वहाँ नशे के सौदागर बेख़ौफ़ क्यों न हों?
CM भगवंत मान जवाब दें: नशे के ख़िलाफ़ लड़ने वालों की हिफ़ाज़त कौन करेगा?
पंजाब के युवाओं का भविष्य तबाह करने वाले इस नशे के साम्राज्य को ख़त्म किए बिना कांग्रेस चैन से नहीं बैठेगी।