मिलिए उस मोहम्मद इरफ़ान से जो अपने जंतर मंतर के उस video से viral हो रहा है, जिसमे वह संविधान की प्रस्तावना को जिस लय में सुना रहा है, वो आसपास वालों को बांध लेती है l
पिछले दिनों G 7 मीटिंग से मोदी जी के वीडियो आए जिन्हें Mute कर दिया गया था
हमारी (गोदी) मीडिया ने Sign Language का मतलब समझाया
मोदी दिया करारा जवाब
मोदी ने लाल आँख दिखा दी
मोदी सुना रहे हैं खरी-खरी
मोदी से सब कांपने लगे
और मोदी जी बोले- ये कब हुआ 🤣🤣
अमरीका ने चार दिन में हिंदुस्तान के तीन जहाज़ों पर हमला किया, बिना चेतावनी दिए, और हमारे कई नागरिकों को मार दिया। फिर भी मोदी सरकार चुप्पी साधे हुए हैं!
This #WorldEnvironmentDay, I want to ask every young Indian one question:
What kind of India do you want to inherit?
One where rainforests have been bulldozed for casinos, coral reefs erased from maps, tribal communities pushed off their land, and the air we breathe turned into poison?
Or one where India’s natural heritage is protected, our tribal communities are safe, and progress works with nature - not against it.
Right now, the Modi government is destroying Great Nicobar Island. More than 1.5 crore trees, ancient coral reefs, irreplaceable rainforests are being destroyed - to profit one businessman.
This is your inheritance they are bulldozing. And only you can stop them.
Sign the petition. Tell the Modi government we choose #GreenOverGreed 🇮🇳
#NicobarMatters
https://t.co/bJOIt0tzgs
CBSE अध्यक्ष - ट्रांसफ़र।
CBSE सचिव - ट्रांसफ़र।
एक-सदस्यीय “जाँच” समिति - गठित।
और असल ज़िम्मेदार, धर्मेंद्र प्रधान - सुरक्षित।
अधिकारियों को हटा दिया। मंत्री को बचा लिया।
यह जवाबदेही नहीं - यह cover-up है।
हमारी माँग आज भी वही है: शिक्षा मंत्री को बर्ख़ास्त किया जाए और स्वतंत्र न्यायिक जाँच हो - ये मांगें कोई मोदी सरकार की एक महीने पुरानी अंदरूनी फ़ाइल नहीं जो यूं ही भुला दी जाए।
अगर प्रधानमंत्री को 18.5 लाख CBSE छात्रों की परवाह होती - धर्मेंद्र प्रधान जी कब के हटाए जा चुके होते।
जिसने वर्षों तक पत्रकारिता को TRP, प्रोपेगेंडा और सत्ता के पक्ष-विपक्ष की लड़ाई में बदल दिया हो, उसे शिक्षकों को 'धंधेबाज' कहने से पहले आत्ममंथन करना चाहिए।
शिक्षा में गलत लोग भी हैं।
लेकिन पत्रकारिता में भी हैं।
राजनीति में भी हैं।
व्यापार में भी हैं।
तो क्या कुछ गलत लोगों के कारण पूरे शिक्षक समाज को "दो कौड़ी का" कह दिया जाएगा?
anjana शिक्षक का सम्मान कमाने में वर्षों लगते हैं।
भर्तियाँ अटक रही थीं,
लाखों युवाओं की उम्र निकल रही थी,
तब आपके स्टूडियो की आवाज़ कहाँ थी?
शिक्षकों ने पैसे लेकर शिक्षा दी है।
लेकिन पैसे लेकर किसी राजनीतिक दल का प्रवक्ता बन जाना,
व्यवस्था की हर गलती पर पर्दा डालना,
और जनता के असली मुद्दों से ध्यान भटकाना...
यह सिर्फ पत्रकारिता का पतन नहीं,
बल्कि अपने पेशे के साथ गद्दारी है।
शिक्षक फीस लेकर ज्ञान देता है,
मेहनत करवाता है,
बच्चे का भविष्य बनाता है
शिक्षकों ने पैसे लेकर पढ़ाया है,
देश के लाखों युवाओं को रोजगार तक पहुँचाया है।
लेकिन गलत को सही और सही को गलत साबित करने की कीमत लेकर काम करना,
समाज और लोकतंत्र दोनों के साथ विश्वासघात किसने किया ?
A revealing chat with my fellow “anti-national Soros agents.”
Vedant and his friends are brilliant, brave young Indians who asked CBSE and the Modi government simple questions - but got insults instead of answers.
They deserve a bright and secure future. We will make sure they get it.
कोटद्वार के दीपक कुमार ने मोहम्मद दीपक बनकर भाईचारे की एक मिसाल क़ायम की. सांप्रदायिक सोच वाले नफरती झुंड की परवाह किए बग़ैर अपने इरादों पर टिके रहे तो हमारी इतनी जिम्मेदारी भी नहीं बनती है कि हम सब मिलकर दीपक की मदद करें ताकि उन्हें जिम बंद न करना पड़े ? सिर्फ तारीफ़ कर देने भर से हम सबकी जिम्मेदारी खत्म हो जाती है क्या ? आप सब लोगों ने उस दौरान दीपक का हौसला बढ़ाया और फिर सब भूल गए. मैं भी भूल गया. आज अगर ये सब जानने के बाद भी आप सब लोग इनकी मदद नहीं करेंगे तो कल को कौन खुद को जोखिम में डालकर किसी की मदद के लिए सामने आएगा ? मैंने दीपक कुमार से बात करके उनका अकाउंट नंबर मंगवाया है. अपनी तरफ़ से मैं दस हज़ार के योगदान से शुरुआत कर रहा हूं. आप सबसे अपील करता हूं कि एक सप्ताह के भीतर इनकी इतनी मदद तो हो जाए कि एक साल का किराया एडवांस दे सकें. उम्मीद है हमारे दर्शक निराश नहीं करेंगे. नीचे दिए गए QR कोड पर पेमेंट कर आप 'मोहम्मद' दीपक की मदद कर सकते हैं...
Seems @narendramodi govt is all set to protect this child’s right abuser!
No action till now.
We must follow this up till its logical conclusion. Please keep raising it.