मृत संजीवनी मंत्र के महत्व की सम्पूर्ण जानकारी।
हमारे शास्त्रों और पुराणों में गायत्री मंत्र और महा मृत्युंजय मंत्र का सबसे अधिक महत्व है, इन दोनों मंत्र को बहुत बड़े मंत्रो में से एक माना जाता है क्यूंकि यह दोनों मंत्र से आपको सभी तरह के संकटों से मुक्ति मिल जाती है।हमारे शास्त्रों में ऐसे कई सारे उल्लेख मिलते है जिनमे यही दो मंत्र सबसे प्रमुख स्थान में आते है क्यूंकि इनसे अधिक शक्तिशाली और कोई मंत्र नहीं है।माना जाता है की कोई सच्चे दिल से निरंतर इस मंत्र का जाप करता है तो कई सारे बड़े-बड़े संकटों से आसानी से मुक्ति पायी जा सकती है।वैसे तो भगवान शिव के कई सारे मंत्र है पर अपनी सभी तरह की इच्छाओं को पूरी करने के लिए सबसे शक्तिशाली मंत्र है "महामृत्युंजय मंत्र"।शिवजी के मृत संजीवनी मंत्र में काल को भी रोकने की शक्ति है जिसका जाप रावण करता था।मृत्युंजय मंत्र पांच प्रकार के हैं। पांचवा संजीवनी मंत्र और छठवा महामृत्युंजय गायत्री का निम्न महत्व है।
भविष्य जानने की विद्या रमल प्रश्नावली के 7 रहस्य जानिए......!!
मान्यता अनुसार रमल प्रश्नावली नामक एक विद्या से दिशा ज्ञान और भविष्य जाना जाता है। आखिर इस विद्या को किसने इजाद किया और कैसे इस विद्या से आप अपना भविष्य जान सकते हैं,