कैंसर एक ऐसी बीमारी ने जिसने करोड़ो घर तबाह किए हैं ।
सिर्फ मरीज ही नहीं बल्कि मरीज के परिवारों को ।
दवाइयों का खर्च वहन करते करते लोग टूट जाते हैं ।
और कैसे नहीं टूटेंगे अगर 600 रुपये की दवाई पर सरकार ने छूट दे रखी है 12000 रुपये MRP रखने की ।
जी हाँ ।
दवाई है Paclitaxel ।
रिटेलर खरीदते हैं 600 में और MRP है 12000.
एक मरीज को कई बार 20-30 vial की ज़रूरत पड़ती है ।
और ये कोई एक दवाई की बात नहीं ।
कीमोथेरेपी की ज़्यादातर दवाइयों का यही हाल है ।
200% मार्जिन भी समझ में आता है लेकिन 1900% margin??
वो कैंसर जैसी बीमारी में , जिसका इलाज वैसे भी काफ़ी लंबा चलता है??
ग़रीब तो मर ही जाएगा ना?
ये तो ठीक नहीं हैं ना साहब ?
@PMOIndia
सुपरटेक इको विलेज-2 के आसपास सफाई की स्थिति बेहद खराब है। ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी से निवेदन है कि सफाई कार्य को प्राथमिकता दें और क्षेत्र में स्वच्छता सुनिश्चित करें। नियमित और सही ढंग से सफाई करना अत्यंत आवश्यक है। कृपया जल्द से जल्द कार्रवाई करें। @OfficialGNIDA @PrernaSinghIAS
@OfficialGNIDA @PrernaSinghIAS ये सभी तस्वीरें सुपरटेक इको विलेज-2 के पास की हैं। ग्रेटर नोएडा अथॉरिटी क्या कर रही है? कई बार शिकायतें की गईं, लेकिन समस्या का समाधान नहीं हो रहा है। कृपया इस पर तुरंत ध्यान दें। Sector-16 B, Main Road Divider.
This is the condition of gate no 2 Supertech Ecovillage II where situation of this area is deteriorating day by day. No action taken by the authority till date.. Pl take immediate action
सरकार रजिस्ट्री के मुद्दे पर राहत देने में असफल रही है। दुर्भाग्य है कि चुनाव के वक्त नेता वादा रजिस्ट्री करवाने का करते हैं, लेकिन चुनाव बाद नज़र नहीं आते। आखिर आम जनता जाए तो कहां जाए। पिछली सरकार को गए हुए सात साल हो चुके हैं, लेकिन फिर भी घरों की रजिस्ट्री के लिए कुछ नहीं किया गया। अमिताभ कांत समिति की रिपोर्ट को पूरी तरह लागू नहीं किया गया। यही वजह है कि बहुत कम घरों की रजिस्ट्री हो पाई। बिल्डर से बकाया लेना अथॉरिटी की ज़िम्मेदारी थी। अब अगर अथॉरिटी के ज़िम्मेदार, ईमानदार अधिकारी बकाया नहीं ले पाए तो इसमें घर ख़रीदारों की क्या गलती है? उनकी रजिस्ट्री रोकने से क्या बिल्डरों से बकाया मिल जाएगा? उनको तो पहले ही बिल्डरों ने अनाप-शनाप चार्ज लेकर लूटा है। उन घर घरीदारों को राहत देने की वजाए परेशान क्यों किया जा रहा है? मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी घर ख़रीदारों से संवाद कीजिए। उनके घरों की रजिस्ट्री की इजाज़त दीजिए जो लगातार परेशान किए गए हैं। @CeoNoida और @OfficialGNIDA के अधिकारियों के पास कोई समाधान नहीं है। वो मामले को उलझाना ही चाहते हैं। अगर उनकी नीयत होती तो लोग सालों से यू हीं परेशान नहीं रहते। एक ही सवाल हर उस घर ख़रीदार के मन में है जो लूटा गया है- #KabHogiRegistry #KabMilegaApnaGhar
सरकार रजिस्ट्री के मुद्दे पर राहत देने में असफल रही है। दुर्भाग्य है कि चुनाव के वक्त नेता वादा रजिस्ट्री करवाने का करते हैं, लेकिन चुनाव बाद नज़र नहीं आते। आखिर आम जनता जाए तो कहां जाए। पिछली सरकार को गए हुए सात साल हो चुके हैं, लेकिन फिर भी घरों की रजिस्ट्री के लिए कुछ नहीं किया गया। अमिताभ कांत समिति की रिपोर्ट को पूरी तरह लागू नहीं किया गया। यही वजह है कि बहुत कम घरों की रजिस्ट्री हो पाई। बिल्डर से बकाया लेना अथॉरिटी की ज़िम्मेदारी थी। अब अगर अथॉरिटी के ज़िम्मेदार, ईमानदार अधिकारी बकाया नहीं ले पाए तो इसमें घर ख़रीदारों की क्या गलती है? उनकी रजिस्ट्री रोकने से क्या बिल्डरों से बकाया मिल जाएगा? उनको तो पहले ही बिल्डरों ने अनाप-शनाप चार्ज लेकर लूटा है। उन घर घरीदारों को राहत देने की वजाए परेशान क्यों किया जा रहा है? मुख्यमंत्री @myogiadityanath जी घर ख़रीदारों से संवाद कीजिए। उनके घरों की रजिस्ट्री की इजाज़त दीजिए जो लगातार परेशान किए गए हैं। @CeoNoida और @OfficialGNIDA के अधिकारियों के पास कोई समाधान नहीं है। वो मामले को उलझाना ही चाहते हैं। अगर उनकी नीयत होती तो लोग सालों से यू हीं परेशान नहीं रहते। एक ही सवाल हर उस घर ख़रीदार के मन में है जो लूटा गया है- #KabHogiRegistry #KabMilegaApnaGhar
NCLT कानून से घर ख़रीदार को नुक़सान हुआl कोई परियोजना अगर NCLT में चला गया तो, किस्मत के भरोसे बैठने का अलावा कोई विकल्प नहींl रियल एस्टेट में ये क़ानून अभिशाप हैl माननीय@myogiadityanath जी हमे भरोसा दिए थें, क़ानून में बदलाव के लिए अटॉर्नी जनरल तथा केंद्रीय सरकार से बात करेंगेl
आवारा कुत्तों का डर लगातार बढ़ रहा है। इस समस्या का समाधान तभी होगा, जब आप वोट मांगने वाले नेताओं से इसका जवाब मांगेंगे। यकीन मानिए हल मुश्किल नहीं है, लेकिन आपको इसे जनता का मुद्दा बनाना ही होगा, वरना बच्चे इसी तरह डर के साये में जीने को मजबूर होंगे। फैसला आपका..बच्चे आपके हैं
आज स्कूल के मॉल से अपनी बेटी के लिए किताबें और ड्रेस ख़रीदकर लौटा हूं। धन्यवाद @dmgbnagar स्कूल परिसर में ही मनमाने दाम पर किताबें, स्टेशनरी, ड्रेस, मोज़ा सबकुछ उपलब्ध करवाने के लिए। @myogiadityanath जी इस लूट को रुकवाइये..
आज स्कूल के मॉल से अपनी बेटी के लिए किताबें और ड्रेस ख़रीदकर लौटा हूं। धन्यवाद @dmgbnagar स्कूल परिसर में ही मनमाने दाम पर किताबें, स्टेशनरी, ड्रेस, मोज़ा सबकुछ उपलब्ध करवाने के लिए। @myogiadityanath जी इस लूट को रुकवाइये..