ये जितने वकील दिख रहे है इनकी सबकी जोड़ के एक दिन की फीस 40-50 करोड़ है, ये सब लोग CJP के आंदोलन के लिए इजाजत मांगने सुप्रीम कोर्ट पहुंचे है, अब आप अंदाजा लगा सकते हो इनको पैसा कहा से आ रहा है पर्दे के पीछे का खेल कौन खेल रहा है।
174 इजरायली यात्रियों व चालक दल के सदस्यों की जान बचाने वाले भारतीय पायलट मच्छार को सर्वोच्च वीरता सम्मान देगा इजरायल।
इजरायल के राष्ट्रपति इसाक हैरजोग ने इसकी घोषणा की है।
आंतकवाद का एक ही मजहब है
क्या कोई शक है??
"सो मत जाना, सो मत जाना,
"सो मत जाना, तुमने हम सबकी जान बचाई है!"
सऊदी अरब के ताबुक एयरपोर्ट पर जब फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 के पहिए जमीन से टकराए, तो विमान के भीतर चीख-पुकार नहीं, बल्कि राहत के आंसू और तालियों की गड़गड़ाहट गूंज उठी।
आसमान में मौत को मात देकर लौटे सहमे हुए यात्रियों के बीच से एक शख्स लहूलुहान हो चुके पायलट की तरफ देखकर चिल्ला रहा था.
“सो मत जाना, तुमने हम सबकी जान बचाई है!"
ये आवाज उस जांबाज भारतीय कैप्टन स्मित मच्छर के लिए थी, जिन्होंने खुद गंभीर रूप से जख्मी होने के बावजूद अपनी आखिरी सांस तक 180 बेगुनाह जिंदगियों की ढाल बनकर मुकाबला किया.
30 सितंबर 2026 की यह घटना विमानन इतिहास की सबसे खौफनाक और साथ ही सबसे बहादुरी भरी कहानियों में से एक बन चुकी है।
आइए जानते हैं हवा में 34,000 फीट की ऊंचाई पर हुए इस रोंगटे खड़े कर देने वाले खूनी खेल की पूरी स्टोरी।
बुधवार की सुबह फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 ने दुबई इंटरनेशनल एयरपोर्ट (DXB) से इजरायल के तेल अवीव के लिए उड़ान भरी। विमान में 180 के करीब यात्री सवार थे, जिनमें से अधिकांश इजरायली नागरिक थे।
शुरुआत में सब कुछ बिल्कुल ठीक था। विमान हवा में 34,000 फीट की ऊंचाई पर क्रूज कर रहा था, तभी अचानक कॉकपिट के भीतर वो हुआ जिसकी कल्पना किसी ने नहीं की थी।
विमान के फर्स्ट ऑफिसर यानी ओमान के नागरिक को-पायलट ने अचानक अपनी सीट से उठकर भारतीय कैप्टन स्मित मच्छर पर चाकू से जानलेवा हमला कर दिया।
हमलावर का मकसद कैप्टन की हत्या करना, विमान के सिस्टम को पूरी तरह हैक करके पूरे प्लेन को आत्मघाती तरीके से क्रैश कर देना था।
हमला इतना अप्रत्याशित था कि कैप्टन स्मित को संभलने का मौका भी नहीं मिला। उनके शरीर पर चाकू के कई गहरे वार किए गए, फर्श खून से सन गया।
लेकिन, यहीं शुरू हुई भारतीय पायलट की फौलादी बहादुरी की कहानी..
गंभीर रूप से घायल होने और शरीर से तेजी से खून बहने के बाद भी भारतीय पायलट ने हिम्मत नहीं हारी। उन्होंने पूरी ताकत से हमलावर को कंट्रोल व्हील से दूर धकेला और खुद को कॉकपिट में बंद रखा ताकि हमलावर बाहर पैसेंजर केबिन तक न पहुंच सके।
कॉकपिट में चल रही इस खूनी हाथापाई के दौरान विमान का संतुलन बिगड़ गया, और विमान सिर्फ 30 सेकंड के भीतर 14,000 से 17,000 फीट नीचे की तरफ गिर गया।
विमान के नीचे गिरते ही पैसेंजर केबिन में हड़कंप मच गया, ऑक्सीजन मास्क नीचे लटक गए और लोग अपनी जान की भीख मांगने लगे।
ऐसे भयानक हादसे के बावजूद, घायल भारतीय कैप्टन ने सूझबूझ से काम लेते हुए अंतरराष्ट्रीय हाईजैकिंग अलर्ट कोड Squawk 7500 को एक्टिवेट कर दिया, जिससे पूरी दुनिया को हवा में हो रही इस साजिश की खबर मिल गई।
कॉकपिट के भीतर से आ रही चीखें और खून देखकर केबिन क्रू और कुछ जांबाज इजरायली यात्री अपनी सीटों से उठकर आगे बढ़े। उन्होंने किसी तरह कॉकपिट का दरवाजा खोला, अंदर घुसे और हमलावर ओमानी पायलट को दबोच कर सीटों से बांध दिया।
किस्मत अच्छी थी कि इसी फ्लाइट में दो अन्य पायलट एक ब्रिटिश और एक यूरोपीय पैसेंजर के तौर पर यात्रा कर रहे थे।
संकट को भांपते हुए उन्होंने तुरंत कॉकपिट की कमान संभाली, गिरते हुए विमान को हवा में संभाला और उसे पड़ोसी देश सऊदी अरब के ताबुक एयरपोर्ट की तरफ मोड़ दिया।
सऊदी अरब की सुरक्षा एजेंसियों ने विमान लैंड होते ही आरोपी ओमानी पायलट को गिरफ्तार कर लिया है। इजरायली सुरक्षा एजेंसियां इसे एक बड़ा जिहादी आतंकी हमला मानकर जांच कर रही हैं।
भारतीय कैप्टन स्मित मच्छर को ताबुक के एक स्थानीय अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हालांकि उनके शरीर पर गहरे जख्म हैं, लेकिन डॉक्टरों के अनुसार उनकी हालत अब स्थिर और खतरे से बाहर है।
इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू और राष्ट्रपति इसहाक हर्जोग ने विमान के यात्रियों और इस जांबाज क्रू को आधिकारिक तौर पर "महानायक" बताते हुए उनकी बहादुरी को सलाम किया है।
आज 180 परिवार अगर तबाही से बच सके हैं, तो उसकी सबसे बड़ी वजह वो घायल भारतीय पायलट था जिसने खून से लथपथ होने के बाद भी विमान का कंट्रोल मौत के हाथों में नहीं जाने दिया।
सलाम है इस जांबाज भारतीय सपूत को! 🇮🇳 भारत माता की जय
ये इजराइली लोग मनाली की सड़क पर
कैप्टन स्मित का पोस्टर लेकर घूम रहे हैं।
“TRUE HERO” लिखकर
भारतीयों को मिठाई बाँट रहे हैं
और “Thank you India” बोल रहे हैं।
इन्हें देखकर दिल सच में खुश हो गया। ❤️
🇮🇳❤️🇮🇱
रूस के राष्ट्रपति श्री व्लादिमीर पुतिन द्वारा वैश्विक शांति के लिए प्रधानमंत्री श्री @narendramodi जी के प्रयासों की सराहना करना हर भारतीय को गौरवान्वित करने वाला क्षण है। पूरी दुनिया को शांति और अहिंसा का संदेश देने वाले महात्मा गांधी जी की जयंती के दिन आया यह बयान बताता है कि मोदी जी के नेतृत्व में भारत आज वैश्विक शांति की सबसे भरोसेमंद आवाज बन चुका है।
युद्ध, तनाव व अस्थिरता के इस दौर में मोदी जी ने पूरे विश्व को संदेश दिया है कि समाधान युद्धभूमि पर नहीं, संवाद और कूटनीति से निकलता है। वैश्विक संघर्ष हों या कोई आपदा, मोदी जी के नेतृत्व में भारत हर बार मदद के लिए सबसे पहले सामने आया है और इसीलिए 'वसुधैव कुटुंबकम्' की हमारी परंपरा को वैश्विक मंच पर आज एक नई पहचान मिली है।
यही कारण है कि आज विश्व के किसी भी संकट पर भारत का मंतव्य मायने रखता है और मोदी जी की बात को पूरी दुनिया ध्यान से सुनती है।
नाम याद रखना 👇
CAPTAIN SMITH MACHCHHAR 🇮🇳✈️
चाकू से हमला हुआ, शरीर घायल हुआ…
लेकिन हौसला नहीं टूटा
घायल हालत में भी सिग्नल भेजा, विमान संभाला
और यात्रियों को सुरक्षित पहुंचाया।
खुद दर्द सहा, सैकड़ों जिंदगियां बचाईं
ये 1 मिनट का वीडियो आपके रोंगटे खड़े कर देगा