केंद्र भी सचिन पायलेट” को पायलट जी कहते है ……!
मतलब उनकी चर्चा दिल्ली तक है , सचिन पायलेट सदैव छात्रो के हित में खड़े रहे है , शायद यही वजह है , की लोग उनको सच के लिए याद करते है ….!
अदम्य साहस, अद्वितीय पराक्रम और राष्ट्रभक्ति के जीवंत प्रतीक, मेवाड़ मुकुट वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप की जयंती पर उन्हें शत्-शत् नमन एवं आप सभी को हार्दिक शुभकामनाएं। 🙏
मातृभूमि की रक्षा और स्वाभिमान के लिए उनका त्याग, संघर्ष और वीरता हम सभी को सदैव देशसेवा और अपने कर्तव्यों के प्रति समर्पित रहने की प्रेरणा देते रहेंगे।🙏
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⚔️ महान योद्धा वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप जी अदम्य साहस, अद्भुत शौर्य और दृढ संकल्प के प्रतीक थे। आज उनके जयंती दिवस (तिथि अनुसार) पर उन्हे कोटि-कोटि वंदन।🙏🏻🇮🇳
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(करौली)गांव खेड़ा जमालपुर (गुजरों का पुरा) अत्यंत हृदयविदारक एवं दुःखद घटना 🥲
जैतारण, पाली के पास हुए सड़क हादसे में तीन लोगों के निधन का समाचार अत्यंत हृदयविदारक एवं दुःखद है।
इस दुखद दुर्घटना में जान गंवाने वाले सभी दिवंगतों को भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित करता हूँ।
ॐ शांति! 🙏
गुर्जर आरक्षण आंदोलन में शहीद हुए सभी वीरों को “बलिदान दिवस” पर नमन् करता हूँ। आप और आपके परिवार के त्याग व बलिदान को समाज हमेशा याद रखेगा।
आपकी वीरता, त्याग और बलिदान युगों युगों तक हमें हमेशा सच्चाई , समर्पण और समाज संग सार्थक पथ पर चलने के लिये निरंतर प्रेरित करता रहेगा।
आप हमेशा हमारे हृदय और धमनियों में रहेंगे - आप से ही हम हैं - आप वीर गुर्जर की परिभाषा हो - आपको कोटि कोटि नमन।
~ विजय 'किरोड़ी सिंह' बैंसला
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शौर्य, स्वाभिमान एवं वीरता के प्रतीक महाराणा प्रताप जी की जयंती पर उन्हें कोटि-कोटि नमन।
महाराणा प्रताप का अदम्य साहस और त्याग आने वाली पीढ़ियों को सदैव प्रेरित करता रहेगा।
संघर्ष के प्रतीक और वंचितों की आवाज, भाजपा के वरिष्ठ नेता श्रद्धेय कर्नल किरोड़ी सिंह बैंसला जी की पुण्यतिथि पर उन्हें सादर नमन!
समाज के शोषित-वंचित वर्गों को उनके अधिकार दिलाने के लिए किया गया आपका संघर्ष सदैव प्रेरणा बनकर जीवित रहेगा।
संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा परीक्षा में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले राजस्थान के होनहार रावतभाटा निवासी डॉ. अनुज अग्निहोत्री को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं।
साथ ही, मैं इस परीक्षा में सफल रहे समस्त अभ्यर्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करता हूँ।
जब जिम्मेदारी पूरी, तो वेतन अधूरा क्यों?
महंगाई के इस दौर में घर चलाना कोई खेल नहीं है। अगर एक कर्मचारी प्रोबेशन पीरियड में बाकी सभी की तरह 100% काम कर रहा है, पूरी जिम्मेदारी निभा रहा है, तो फिर वेतन में कटौती किस आधार पर?
काम बराबर, तो वेतन भी बराबर हो।
महंगाई सबके लिए एक समान है।
प्रतिभा का सम्मान 'पूर्ण वेतन' से शुरू होता है।
सरकार और प्रशासन को इस नीति पर विचार करना चाहिए। न्याय तभी होगा जब मेहनत का पूरा फल मिलेगा।
#प्रोबेशन_में_पूर्ण_वेतन
✅पटवार और लाइब्रेरियन ✅को लेकर तो पॉजिटिव हलचल शुरू हो गई है ।।
सरकार 5% भी युवाओं का साथ दे दे तो कोई कार्य ऐसा नहीं है जो नहीं हो क्योकि युवाओं की अधिकांश मांगे जायज ही होती है और माँग पूरी होने से सरकार को ही फ़ायदा मिलता है लेकिन ये बाते विपक्ष में रहने पर ही अच्छे से समझ आती है ।।
युवाओं को मिल रही पीड़ा सत्ता पक्ष को ही नुकसान देती है ।।
अभी उम्मीद रखें पिछले तीन से कार्य पक्ष में होना शुरू हुआ है ।।
नोट- व्याख्याता को लेकर भी कोशिश जारी है