@HPCL please help to unblock my domestic gas consumer ID I am unable to book Gas whereas EKYC is completed. I visited distributor office multiple time but they denied and giving excuses. Behaviour of agency staff is very rude and unprofessional. Even no one is responding on call.
@HPCL I booked prepaid gas on April 23, 2026, but it hasn't been delivered yet. It's been almost 20 days. No one at the agency is responding. Does HP Gas only take advance payments, not deliver? Please resolve the issue immediately. Thank you! @HardeepSPuri
कटिहार रेलवे स्टेशन पर ग्रीन ऑर्गेनिक हाइड्रेटिंग फ़ूड तैयार करतीं ग़रीब महिलाएँ।
इनके इस काम की सराहना करते हुए सरकार को इन्हें महिला उद्यम निधि के तहत लोन देके फैक्ट्री खुलवानी चाहिए।
लखनऊ स्थित ICAR - केंद्रीय उपोष्ण बागवानी संस्थान (CISH) में आम के पुराने बागों के जीर्णोद्धार की आधुनिक तकनीक का अवलोकन किया। प्रूनिंग मशीन के माध्यम से पुराने और बड़े पेड़ों की कटाई-छंटाई करके उनका आकार छोटा किया जाता है, जिससे पेड़ों में फिर से बेहतर क्वालिटी के फल और अधिक उत्पादन मिलता है। साथ ही किसानों की लागत भी कम होती है।
.@RBI देखे इस वीडियो को!
पुणे के हडपसर 15 नंबर चौक पर दिनदहाड़े क्रेडिट कार्ड के कुछ बकाए के नाम पर प्राइवेट रिकवरी एजेंट्स एक ग्राहक को सड़क पर लात-घूंसे मार रहे हैं। उसकी पत्नी पति की रक्षा के लिए खुद को ढाल बना रही है, फिर भी ये गुंडे नहीं रुक रहे।
ये बैंक और उनकी रिकवरी एजेंसियाँ अब खुले आम गुंडागर्दी कर रही हैं! RBI के नियमों को ताक पर रखकर, 7 बजे के बाद भी, बल प्रयोग, धमकी और मारपीट करके लूट रहे हैं। ये लुटेरे कौन हैं? बैंक के ठेकेदार गुंडे!
मैं मांग करता हूँ:
•@PuneCityPolice तुरंत इन गुंडों पर FIR दर्ज करे और गिरफ्तार करे।
•संबंधित बैंक और रिकवरी एजेंसी पर #RBI भारी जुर्माना लगाए और लाइसेंस रद���द करे।
•गृह मंत्रालय और वित्त मंत्रालय इस माफिया गिरोह पर सख्त कार्रवाई करें।
ये आम आदमी का खून चूसने वाली संस्कृति बंद होनी चाहिए!
अगर आज हम चुप रहे तो कल कोई भी बैंक अपना गुंडा भेजकर आपके ��र में घुसकर मारपीट कर सकता है। @nsitharaman
#SudarshanNews #RBIAction #BankLoot #RecoveryMafia
बड़े-बड़े Food Brands ग्राहकों को खुलेआम धोखा दे रहे हैं 🚨
चीनी से भरे Juice 🥤 के packet पर Fresh Fruits की तस्वीरें दिखाते हैं, और पीछे छोटे अक्षरों में लिख देते हैं: “pictures are for marketing purposes only.”
❓ कब तक चलेगा ये खेल?
🏛️ आज संसद में मैंने सरकार से misleading branding और false advertisement पर कार्रवाई की माँग की।
@Vishwas1228 ट्रेन किसी का घर नहीं है,वह सार्वजनिक स्थान है और सभी को उसी अनुसार व्यवहार करना चाहिए। 8-9 बजे कोई सोने का टाइम नहीं है। लड़कियों ने जिस तरह शालीनता और सभ्यता का परिचय दिया वो शानदार है।
''पिछले 3 सालों में बैंकों ने सिर्फ़ ‘मिनिमम अकाउंट बैलेंस’ न रखने के लिए ₹19,000 करोड़ वसूला है। अमीरों से नहीं। बड़े कर्ज़ लेने वालों से नहीं। सिस्टम में सबसे गरीब अकाउंट्स से। उनका गुनाह? उनके पास काफ़ी पैसे नहीं थे।
कई मामलों में किसान के खाते में न्यूनतम राशि कम होने पर पेनल्टी लगाई गई। पेंशनर जब द��ा के लिए पैसे निकालते हैं तो उन पर भी जुर्माना लगाया जाता है। वहीं दिहाड़ी मजदूर के खाते में कुछ सौ रुपये कम होने पर भी पेनल्टी वसूली जाती है।
गरीब लोग बैंकों में पैसा सुरक्षा के लिए रखते हैं। गरीब होने के लिए चुपचाप जुर्माना नहीं लगाया जाना चाहिए। फाइनेंशियल इनक्लूजन को छोटी बचत की रक्षा करनी चाहिए, न कि छोटे बैलेंस को सज़ा देनी चाहिए।
आज संसद में मैंने मिनिमम बैलेंस पेनल्टी खत्म करने का प्रस्ताव रखा ताकि बैंकिंग सिस्टम लोगों से उनकी गरीबी के लिए पैसे लेना बंद कर दे।''
दिल्ली : राज्यसभा में आप सांसद राघव चड्ढा का बड़ा बयान
#FinancialInclusion #BankingReform #RBI @raghav_chadha @AamAadmiParty #MinimumBalance
कुछ मामलों में अदालतें सच में शानदार न्याय देती हैं जब नौकरशाही का सिस्टम न्याय देने में असफल हो जाता है
भावनगर के एक गांव के रहने वाले गणेश बरैया बचपन से जीन्स में डिफेक्ट की वजह से बौनेपन के शिकार थे यहां तक की बचपन में सर्कस वाले उनको खरीदने भी आए थे और उनके मां-बाप पर दबाव डालें की इस बोन��� बच्चों को हमें बेच दीजिए
लेकिन मां बाप ने अपने बौने बच्चे को पढ़ाया गणेश भी अपनी प्राकृतिक विकलांगता को भूलकर अपनी पढ़ाई लिखाई में लगे रहे
12वीं उन्होंने 92% अंक के साथ पास किया उसके बाद जब उन्होंने नीट का एग्जाम दिया तो वह नीट बेहद शानदार अंकों से क्वालीफाई हुए लेकिन जब वह काउंसलिंग में गए तब उन्ह��ं NTA ने यह कहकर एडमिशन नहीं दिया कि वह मात्र 4 फुट के हैं मरीज की जांच करने में या ऑपरेशन करने में उनकी लंबाई बाधा बन सकती है
गणेश ने हिम्मत नहीं हारी वह गुजरात हाई कोर्ट गए
गुजरात हाई कोर्ट ने भी NTA के पक्ष में फैसला दिया और कहा कि डॉक्टर का पेशा में बौनेपन बाधा बन सकती है मरीज का गलत परीक्षण हो सकता है क्योंकि एक सामान्य लंबाई होनी आवश्यक है
फिर भी गणेश ने नहीं हिम्मत नहीं हारी और वह सुप्री��� कोर्ट गए
सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें न्याय दिया लेकिन क्योंकि उसे वर्ष एडमिशन पूरे हो चुके थे तो सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि अगले वर्ष NTA भावनगर गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज में एक सीट खाली रखेगा उस एक सीट पर कोई और एडमिशन नहीं होगी और वह सीट गणेश बारिया को एलॉट कर दी गई
और अगले वर्ष मेडिकल शैक्षणिक सत्र में गणेश ने भावनगर गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज में एडमिशन लिया और अच्छे नंबरों से एमबीबीएस पास किया
अभी वह मेडिकल ऑफिसर की सेवा दे रहे हैं हालांकि सुप्रीम कोर्ट ने यह आदेश दिया है कि जहां-जहां गणेश बरैया की पोस्टिंग होगी वहां वहां सरकार को ऐसे उचित इंतजाम करने होंगे ताकि उन्हें मरीजों की जांच करने में कोई असुविधा न हो
गणेश की जिंदगी हम सबके लिए प्रेरणा के समान है जो हम किसी तकलीफ में हिम्मत हार जाते हैं
अच्छा ही हुआ कि चले गए..यहां रहते तो इंसाफ़ की उम्मीद लगाए रहते जो उन्हें कभी मिलता नहीं..उनके बेटे के क़ातिल तो नोएडा के बड़े बड़े अधिकारी और उनके बिल्डर मित्र हैं.. अधिकारियों के रिश्तेदार भी बड़े लोग हैं... युवराज को इंसाफ नहीं मिलेगा ये बात अब समाज और परिवार को स्वीकार कर लेना चाहिए 🙏 #NoJusticeForAnyone यही कड़वा सच है इस देश का... दिल्ली में साहिल को मारने वाले को भी सज़ा नहीं होगी...न कानपुर के शिवम मिश्रा को होगी..न नोएडा के अधिकारियों,बिल्डरों को होगी.... #AllIsWell @adgzonemeerut
🚨 एक बेटा अपनी मां के इलाज के लिए हर साल ₹50,000 प्रीमियम भरता रहा भरोसा था कि जरूरत पर साथ मिलेगा।
मां बीमार हुई तो वह स्टार हेल्थ एंड एलाइड इंश्योरेंस के लखनऊ ऑफिस पहुंचा।
घंटों इंतजार कराया गया।
फिर क्लेम से इनकार।
��पर से एजेंट का जवाब “हमसे पूछकर पॉलिसी थोड़ी ली थी।”
सवाल सीधा है कि 👇
प्रीमियम समय पर चाहिए , लेकिन क्लेम के समय बहाने क्यों?
क्या बीमा कंपनियां सिर्फ पैसा इकट्ठा करने के लिए हैं?
क्या पॉलिसी धारक का हक मांगना अपराध है?
अगर नियमों के नाम पर क्लेम रोके जाएंगे,
तो यह सुरक्षा नहीं, सीधी लूट है।
हर ग्राहक को लिखित कारण, पारदर्शिता और जवाबदेही मिलनी चाहिए।
वरना “हेल्थ इंश्योरेंस” भरोसा नह��ं , सिर्फ कागज़ी वादा बनकर रह जाएगा।
TMH मुंबई की फार्मेसी में कैंसर की उच्च गुणवत्ता की दवाईयां काफ़ी कम कीमत पर उपलब्ध रहती है ।
देश के हर राज्य में कैंसर के मरीज हैं ।
राज्यों के मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री को पहल कर कोशिश करनी चाहिए की वो TMH मुंबई से समन्वय स्थापित कर अपने अपने राज्यों में TMH फार्मेसी खुलवाएँ ।
कृपया अपने राज्यों के मंत्रियों को टैग कर पूछें की वो कब ये पहल करेंगे ।
@JharkhandCMO@IrfanAnsariMLA
Why India needs an ‘Inflation Linked Salary Revision Act’, I argue in Parliament.
Between FY18 and FY26, real wages for salaried Indians fell by 16% because pay hike did not keep pace with rising inflation. That is why in Parliament I raised that a mandatory wage indexation formula is the need of the hour.
Government employees get protection through Dearness Allowance and periodic Pay Commissions. But 85% of India’s formal workforce has zero statutory inflation protection. They are at the mercy of employer discretion and their own negotiation power to get a pay hike.
Other economies already protect workers through automatic indexation.
�� The US has COLA with automatic revisions
• Germany revises wages every 18–24 months
• Japan follows the annual Shunto system
• Belgium mandates automatic quarterly indexation
India needs statutory inflation protection, a minimum wage increase linked to inflation.
Inflation should not be India’s silent pay cut
If voters can HIRE a neta, they should be able to FIRE the neta too.
If Indian voters have the Right to Elect, they should have the ‘RIGHT TO RECALL’ too.
Right to Recall is a mechanism that empowers voters to de-elect an elected representative, before their term ends, if they fail to discharge their duties. If we can impeach the President, the Vice President and judges, and move a no confidence motion against an elected government mid term, then why should voters be forced to tolerate a non performing MP or MLA for five full years.
Five years is too long. There is no profession where you underperform for five years with zero consequences.
More than 24 democracies in the world such as the United States, Switzerland etc. provide arecall or voter initiated removal mechanisms in some form. If Indian voters have the right to elect, they should have the right to recall too.
However, there should be safeguards to prevent misuse:
Threshold - At least 35 to 40 percent voters should back a recall trigger through a verified petition before any recall vote is held
Cooling period - A minimum 18 month lock in after election so the representative has time to deliver and cannot be targeted immediately after winning
Clear grounds- Recall only for proven misconduct, fraud, corruption or serious neglect of duty, not everyday political disagreements
Final test- Recall succeeds only if more than 50 percent voters support removal in the recall vote
This is citizen empowerment. It will push parties to field performers, reduce corruption, and bring democracy back to accountability.
Voters have the right to vote someone into office and they should have the right to vote them out of office too.
यदि AC को 25°C पर रखें तो ट्रेन में कंबल की आवश्यकता ही नहीं होगी
लेकिन कंबल महंगा होता है, कंबल की धुलाई महंगी होती है और कमीशन ज्यादा मिलता है
इसलिए ट्रेन में AC को 18°C पर रखते हैं
यह भ्रष्ट नौकरशाहों की साजिश है।
@narendramodi@PMOIndia@AshwiniVaishnaw@RailMinIndia
Nalco देश को एल्युमिनियम देती है
लेकिन फैक्ट्ररी के पास के गांव को जहर दे रही है ।
क्योंकि रेड मंड पॉन्ड में लाखों लीटर कास्टिक सोडा मिला हुआ वेस्ट पानी है जिसके उत्सव रिसावो से धरातल और नंदी का पानी जहर हो चुका है ।
कंपनी क्लेम करती है CSR के जरिया आस - पास के गांवों को सुधरेगा लेकिन नवरत्न उद्यम ने नरक मना दिया है ।
कोई अंधा है तो कोई बहरा है लेकिन किसी को कोई फर्क नहीं पड़ेत��� क्योंकि गांव वाले इतनी गरीब है कि गांव छोड़कर ��ूसरे गांव में भी नहीं बस सकते 😭
सरकार को 5 साल से दरखास्त दे रहे है कि हमें दूसरे गांव में बसाया जाए ।
ये अशोक यादव हैं, जो बिहार के सिवान जिला के लक्ष्मीपुर गांव के निवासी हैं ! परिवार में दो बच्चे हैं बीमारी में पत्नी छोड़कर चली गई है!
देखकर साफ पता चल रहा है इन्हें गंभीर बीमारी है लेकिन क्या बीमारी है इसकी जांच कराने के भ��� पैसे नहीं है! भीख मांगकर बच्चों का पेट पाल रहे हैं!
बिहार सरकार से तो उम्मीद नहीं है बस अंतिम उम्मीद सोनू सूद ही है! गरीबों के मसीहा @SonuSood आप ही देवदूत बन जाइए!
इस पोस्ट को ज्यादा से ज्यादा शेयर करिए आपका एक रिपोस्ट इनकी जिंदगी संवार सकता है! Sonu Sood तक पोस्ट पहुंचाना है!
Airlines are quick to charge us for a few grams of extra baggage, but when they delay or cancel flights without notice, passengers are left stranded with zero compensation.
Rules for customers, excuses for airlines. Completely unfair.
I raised this issue in parliament